Latest / Khushei Ki Duniya / Arrange Wali Love Marriage❤️(full story)
Transcript
- 0:00सुनाएगा इस योर उसको हम दोस्त खुशी इस बैकगैमौन विथ अनँद्अर, लव
- 0:03स्टोरी ऐंड होप, यू आर डूइंग फाइन सब खुश हैं ऐंड अभी अगस्त आने
- 0:08वाला है और सारे बहुत सारे फेस्टिवल्स आने वाले हैं तो उनके
- 0:12लिए हैप्पी रक्षाबंधन है पीती जैन, डोंट नो और जो भी हैप्पी
- 0:16जन्माष्टमी ऑफ कोर्स ऐंड आइ ड्रॉप्स लोग खु़श है।
- 0:20अपनी जिंदगी में अगर आप अपने नेम से मेरी स्टोरीज़ में जाते हैं तो
- 0:24आप मुझे डीएम कर सकते है। इंस्टाग्राम पे खुशी से रिज़र्व
- 0:26इनपे केंचुए सच्चाई से वंके आप लोग मेरी स्टोरीज़ भी अपने इंस्टा
- 0:32पे करो ताकि मुझे लगे की हाँ यार आप लोग मेरी स्टोरी सुनते हो वहाँ
- 0:36पे आप रिव्युस भी शेयर कर सकते हैं ऐंड आज की जो हमारी कहानी है
- 0:40वो है मैत्री और अर्नव के नारे। ना मुझे इतना पसंद है अगर मैं
- 0:45चेंज कर पाती ना अपना नाम मैं तेरे रख लेती ट्रस्ट मेरे को इतना
- 0:48पसंद है चलो मैं आपको कहानी सुनाती हूँ मैं तेरी के लिए 1 दिन
- 0:53एक रिश्ता आता है अर्नव का रिश्ता अब आप सोच रहे हो की यार ये तो
- 0:57क्या हुआ? स्टार्टिंग के 10 सेकंड में ही
- 0:59मैत्री और नव का तो रिश्ता आ गया। स्टोरी में आगे क्या?
- 1:03बच्चे है ना? मैं बताती हूँ क्या बच्चा और
- 1:05इसलिए हूँ मैं यहाँ पे तो हुआ क्या की मैत्री के लिए जो का
- 1:10रिश्ता आया तो अरनब ने दूसरी साइट से मना कर दिया, लेकिन जब मैत्री
- 1:14ने अर्नब को देखा तो उसने तुम एक बार मैं हाँ कह दिया की हाँ, हाँ,
- 1:19मैं शादी के लिए तैयार हूँ लेकिन उधर के पापा भी रेडी थे और इधर
- 1:25मैत्री की पूरी फैमिली रेडी थी, लेकिन सिर्फ था जो रेडी नहीं था।
- 1:29अब वो अपने पापा को मना तो नहीं कर सकता था लेकिन उसने सोचा की
- 1:32अगर मैं मैत्री को सीधा मना कर दूँ तो तो 1 दिन उसने मैत्री को
- 1:36फ़ोन करके कहा की क्या हम बाहर कहीं मिल सकते हैं?
- 1:39तो उसने कहा बिल्कुल वो तो बताया नहीं मतलब उसकी शकल से प्यार हो
- 1:44गया था। एक बार में उसकी तस्वीर देखते
- 1:46हैं। पता नहीं क्यों तो ठीक है।
- 1:49उसने कहा ठीक है, जब मैत्री और नाव से मिलने गयी तो वो काफी खुश
- 1:53थी और अरनब पता नहीं क्यों उसे बोल नहीं पाया कि वो वहाँ पे उस
- 1:56रिश्ते को तोड़ने आया था। मैं उससे काफी सारे सवाल किया है
- 2:00कि तुम क्या करते हो, कैसे हो और तुम्हें पसंद क्या है?
- 2:05तुम्हारी ना पसंद क्या है? उसके जवाब देने से पहले वो खुद ही
- 2:08अपने बारे में ये सब बता रहे हैं। लेकिन कि उसे क्या पसंद था?
- 2:11मैत्री का फेवरिट हीरो कौन था? एंड ऑल अजीब है ना, बट ऐसे भी
- 2:17लड़कियां होती है मेरे जैसी जो बिन बताये कुछ भी वक्त देती है तो
- 2:22अरनब की हिम्मत नहीं हुई लेकिन जब वो घर आया तो उसने अपने आप को खूब
- 2:25डांटा की यार तो जब बोलना चाहिए था तो उसी काम के लिए तो गया था।
- 2:29मुझे शादी नहीं करनी है अभी तो मुझे मेरा करियर देखना है।
- 2:33लेकिन अब क्या करे? एक बार मैं तो उससे कहा नहीं गया
- 2:36तो उसने कुछ दिन बाद फिर से मैं तेरेको कहा की मैत्री मुझे तुमसे
- 2:40इस बार सच में कुछ जरूरी बात करनी है तो प्लीज़ मुझसे मिलने आओ, तो
- 2:44मैं तेरे तो फिर से राजी हो गई कि हो सकता है इस बार मुझे प्रोपोज़
- 2:47कर रहा हो। अब मैं तेरी वहाँ पे गयी ऐंड उसने
- 2:51पहले से उसके लिए कॉफी वगैरह मांगा रखी थी और एक केक मांगा रखा
- 2:55था। दूसरा व केक में तो नहीं है तो
- 2:57उसने उससे कहा यार ना एक में रंग तो नहीं आना क्योंकि मैं खाऊं और
- 3:01कही पता चला अब वरना अब नहीं जब ये सुना तो उसकी हँसी गायब हो गयी
- 3:08की यार मैं तेरे तो यहाँ पे प्रोपोज़ल सोच के आई थी उसे मना
- 3:11कैसे करूँ? समझ नहीं आया ना उसे, लेकिन क्या
- 3:15करे अरब फिर से नहीं बोल अब तीसरी बार अर्नब ने मैं तेरे को नहीं
- 3:21बुलाया। मैत्री ने अर्नब को बुलाया, चलो
- 3:25तो मैं एक जगह लेके चलती हूँ तो मैत्री अर्णव को लेके गयी।
- 3:30उसकी फ़ेवरेट जगह पे काफी शांति थी।
- 3:33बड़ी शान से जगह थी जहाँ पे आस पास सिर्फ पेड़ थे, साइड में पता नहीं
- 3:37कोई रिवर थी ऐंड काफी सुंदर जगह थी।
- 3:40शायद उसके बारे में ज्यादा लोगों को पता नहीं था क्योंकि भीड़ नहीं
- 3:43थी। अर्नब वास् लाइक यार ये कौन सी
- 3:46जगह है? धीरे धीरे ना वरना उससे बहुत ओपन
- 3:49हो गया लाइक। उसे अपनी बातें बताने लगा और जो
- 3:52सवाल मैत्री ने पहले दिन नाव से किये थे उसके जवाब भी देने लगा।
- 3:56उसे क्या पसंद था, क्या ना पसंद था वगैरह वगैरह।
- 4:00अब अर्नब सोचने लगा की यार मैं तो मैं तेरे को मना करने गया था।
- 4:04अब क्या हुआ की हर कुछ दिन बाद मैं तेरे अर्नव को एक नई जगह
- 4:07दिखाती। एक नई मैत्री से मिलता है।
- 4:10वो हर बार और मैत्री एक नए थे, जो धीरे धीरे शांत से बात उन्होंने
- 4:15लगा था जो धीरे धीरे अपने दिल की बातें बोलने लगा था और शायद।
- 4:20धीरे धीरे मैं तेरेको लाइट भी करने लगा था।
- 4:24इधर दोनों फैमिलीज तो खुश थी। भाई अरेंज मैरिज थी।
- 4:26अब अरेंज मैरिज लव मैरिज में कन्वर्ट हो जाएगी।
- 4:29ये थोड़ी बोला था होंगे धीरे धीरे अर्नव मैत्री से।
- 4:33पसंद करने लगा उसे। लेकिन अर्नव कि इससे पहले
- 4:38गर्लफ्रेंड थी जिसकी वजह से वो हर बार रिश्ते से मना कर रहा था
- 4:42लेकिन वो ना उसे छोड़कर जा चुकी थी और वो नहीं वो फिर भी उसका इंतजार
- 4:48कर रहा था। उसे लगा था कि वह वापस आएगी और वो
- 4:50वापस आये ही नहीं। जब 1 दिन में यात्रियों से लेकर
- 4:53एक जगह गयी और वहाँ जब उस लड़की ने अर्नव को देखा तो उसके पास के घर
- 4:57से गोली सॉरी अर्णव बहुत दिन हो गए।
- 5:00बट मैं मैं थोड़ी बिज़ी थे। अगेन आपको पता था की वो पहले किसी
- 5:04और लड़के से लाइक किसी और लड़की की गर्लफ्रेंड बन चुकी थी।
- 5:08एक बार उसने कहा नहीं यार ना मैंने उससे ब्रेकअप कर लिया और
- 5:11तुम्हारे जैसा नहीं था वो वो बहुत बिगाड़ था।
- 5:14मैं तो ये सब सुन रही थी और उसके हाथों से आंसू बहने लगे।
- 5:18मुझे इतना सब कुछ बताया पर ही नहीं की वो किसी को पसंद भी करता
- 5:23है। उसे बहुत बुरा ना बहुत रोई भी
- 5:27लेकिन क्या कर सकते हैं? मैत्री वहाँ से चली गई मैत्री तो
- 5:31वहाँ से रोक कर चली गयी, लेकिन अर्नव तो यही चाहता था ना तो उसे
- 5:36बुरा क्यों लग रहा था? वहाँ दूसरी ओर मैत्री उसका रो
- 5:40रोकर बुरा हाल था। उसने नव के कॉल्स लेना बंद कर
- 5:44दिया। उसे मिलना बंद कर दिया।
- 5:46मैं तेरे घर वाले भी अपना से पूछ रहे थे कि हुआ क्या है?
- 5:50वरना पे कोई जवाब नहीं था। समझ में नहीं आ रहा था उसे चाहता
- 5:55तो उस दूसरी लड़की अंजलि को था ना तो मैं तेरे जाने से उसे फरक क्या
- 5:59था, वो तो वैसे भी शुरुआत से ही शादी तोड़ना चाहता था।
- 6:02उसे भी समझ में नहीं आ रहा था। ना वो कुछ बोलता, किसी से वो भी
- 6:07अजीब सा होने लगा। की 1 दिन उसके बेस्ट फ्रेंड है।
- 6:10जब उसकी हालत देखी तो उसे समझाने गया अर्नव देखो अगर तू अंजलि से
- 6:16प्यार करता ना तो जब वो तुझे छोड़ कर गयी ना तो तू टूट जाता पर ऐसा
- 6:21कुछ हुआ नहीं तुझे बुरा लगा, मुझे अजीब लगा पर तू टूटा नहीं था
- 6:26लेकिन अब जब मैं जो छोड़कर गयी है तो देख अपनी हालत आई ने हमे तो
- 6:32टूटकर बिखर चुका है क्योंकि तू उसे प्यार करता है।
- 6:36अंजलि से तुझे प्यार नहीं था। शायद अंजलि वो थी जो तुझे सुनती
- 6:41थी या तेरी बाते सुनती थी इसलिए शायद बस एक लगाव था लेकिन प्यार
- 6:46नहीं था। प्यार तो तुझे महतारी से है, देख
- 6:49उसके ना होने से तेरी हालत क्या हो गयी है?
- 6:53जब अर्नव को ये बात समझ आयी। तुम मैत्री के पास दौड़ा दौड़ा गया
- 6:59और उसने मैत्री को बताया की। मैं तेरी देखो।
- 7:03मैं पहले दिन से चाहता था कि मेरी और तुम्हारी शादी ना हो।
- 7:06पापा ने हाँ कर दी इसलिए मना नहीं कर पाया।
- 7:08लेकिन तुम को जब स्टार्टिंग में दो बार बुलाया तो सिर्फ इनकार के
- 7:12लिए, लेकिन तुम से मिलने के बाद ना बोल ही नहीं पाया यार वो सिर्फ
- 7:18बहुत ही थी बहुत वरना एकता ही नहीं माना की गलती की, माना कि
- 7:25तुम्हें सच नहीं बताया माना बहुत बुरा हुआ हूँ और मैत्री?
- 7:31नहीं तुम्हारे बिना नहीं। उस दिन अंजलि के आने से मुझे ये
- 7:35जरूर पता चला की मुझे अंजलि नहीं, मुझे तुम चाहिये।
- 7:40अगर वो शायद उस दिन नहीं आती तो मुझे पता भी नहीं चलता कि मेरे
- 7:43दिन में अंजलि ने बेहतरी है। उसके जाने से टूटकर बिखरा नहीं था
- 7:47मैं और तुम्हारे जाने से नव नव ही नहीं रहा बदल गया मैं आज इस
- 7:53महेंद्र कमबैक इन मी लाइफ तुम तुम्हारी बातें जहाँ तुम इसे ले
- 7:59जाती थी ये हर दिन एक नई चीज़ बताया ना हर दिन एक नई चीज़
- 8:01तुम्हारे बारे में जानना सब में जिंदगीभर करना चाहता हूँ।
- 8:07बस तुम्हें दुख ही नहीं देखना चाहता तो मैं छोड़ना नहीं चाहता,
- 8:10मैं तेरे इस कमबैक। मैं इतना सुनते ही जा रही थी और
- 8:17हँस भी रही थी। कभी देखा है ऐसा इमोशन की?
- 8:20आप रो भी रहे हो और हँस भी रहे हो।
- 8:22ये जब होता है जब इंसान बहुत खुश होता है, बहुत से भी थोड़ा सा
- 8:26ज्यादा और मैं तरीका वही हुआ उसे तो वरना पहले दिन से ही पसंद था
- 8:30और अब खुशी इस बात की थी की अर्नब भी मैं तेरे को पसंद करने लगा था।
- 8:35मैं तेरे को कही ना कही ये बात पता थी की अपना उसे पसंद नहीं
- 8:38करता। इसी लिए दो मीटिंग के बाद हर बार
- 8:41वो उसे बुलाते हर बार एक नई जगह ले जाते हैं।
- 8:43उसके बारे में जानने की कोशिश करती लेकिन जब उसे ये पता चला कि
- 8:48अर्नब किसी और के साथ तब उसका दिल टूटा था ना, ये तो उसने अर्नब को
- 8:53उस दिन कहा था की मैं समझ गयी थी की कुछ बात तो है तुमने मुझे जब
- 8:57दो बार बुलाया लेकिन ये नहीं पता था, बट चालू करना, अब तो सब सही
- 9:03हो गया ना अब शादी कर सकते हैं और मैं तुम्हारे साथ हमेशा रह सकती
- 9:08हूँ और वो बहुत खुश हो गए। दोनों की फैमिली वाले तो वैसे ही
- 9:12राजी थे। अब ऐसे कभी कभी अरेंज मैरिज लव
- 9:15मैरिज में भी बदल जाती है। तो इसलिए भरोसा रखो गए यह प्यार
- 9:22है ना? किस्मत में तो मिलेगा कहीं नहीं
- 9:25जाएगा और जैसे कि अर्नव को गलती हुई, अंजलि से ये समझने की वो
- 9:30प्यार था। वैसे आप मत करना दिल किसी को तो
- 9:33सिर्फ एक को देना। तो चलिए आज कल इतना ही काफी ऐफ़ सी
- 9:39वैन स्टॉप आई विल टॉक टू अनेक स्टोरी अंटिल देन टेक केरन बाइ
- 9:43बाइ?