Latest / Khushei Ki Duniya / “Feeling Lost for No Reason? Here’s What’s Really Happening | Stress, Anxiety & Real Talk With Shruti”
Transcript
- 0:00आज का एपिसोड थोड़ा डिफरेंट होने वाला है।
- 0:03आज हम किसी प्रोफेशनल के बारे में नहीं एक जर्नी के बारे में बात
- 0:06करेंगे। मेरे साथ आज श्रुति है जिन्होंने
- 0:09लाइफ में एक ऐसा फेस देखा जहाँ उन्हें लगा की शायद कोई उन्हें
- 0:13समझ नहीं पा रहा है। शायद तुम्हें भी ऐसा कभी लगा हो।
- 0:17लेकिन वही फेस उनकी स्ट्रेंथ बन गया तो आई वेलकम यू तो खुशी की
- 0:22दुनिया श्रुति। ही सो मच खुशी बहुत अच्छा लग रहा
- 0:26है यहाँ पे बात करके तुम्हारे साथ मैं अपने बारे में कुछ बताती हूँ
- 0:31तो मैं मेरे तीन प्यारे प्यारे बच्चे हैं।
- 0:35मेरी दो लड़कियां हैं। 15 और 11 साल की और मेरा एक 7 साल
- 0:40का बेटा है। आई ऍम सुपर ब्लेस्ड विथ दट।
- 0:43पर मेरे तीन बच्चे मैंने खोए भी है, तीन लॉसेस हुए है मेरे और वो
- 0:51एक चैपटर है मेरी लाइफ का जो सबसे टफ रहा है मेरी लाइफ में।
- 0:57बहुत टाइम लग गया समझने के लिए कि मुझे रियली हेल्प चाहिए थी।
- 1:03तो लाइक आपको कब पता चला कि ठीक है यार मैं डिप्रेशन में हूँ आपने
- 1:07कब जाके मान लिया कि नाउ आई ऍम इन डिप्रेशन?
- 1:12यही फेस में कि मेरा बेटा होने के बाद भी जब।
- 1:17मुझे ऐसा लगा कि अब हो गया सब मेरा यू नो मेरा मिसकरेज के बाद
- 1:22भी मुझे बच्चा हुआ। फिर मेरे ट्रेन्स के बाद भी मुझे
- 1:25एक बच्चा हो गया तो अब लोगों को भी वही था कि अब इसका सब सेट हो
- 1:29गई है ना ये अब इसका सब हो चुका है तो अब तो।
- 1:34फिर मुझे समझ में नहीं आया था की जब 20192020 पैनडेमिक के टाइम भी
- 1:38इतने अलग स्ट्रेसेस चालू थे इतना लेकिन मुझे पैनिक अटैक्स आते थे
- 1:43मुझे ऐसे में बैठे बैठे रोना चालू कर देती थी।
- 1:46कुछ समझ में ही नहीं आता था तब फाइनली 2022 में।
- 1:52आके 11 साल बाद मैं बोल सकती हूँ तब मेरी कंपनी वो टाइम पे ऑफर
- 1:57करती थी कॉंप्लिमेंटरी थेरेपी सेशन्स तो मैं ऐसे ट्रायल के लिए
- 2:01मैं गई कि चलो ट्राई मारते हैं थेरेपी लिटरल्ली वेरी वेरी
- 2:05नेगेटिव अटिट्यूड। और मेरी थेरेपिस्ट वास् सो शॉक्ड।
- 2:09जब मैंने उसको बोला की मैंने इस बारे में कभी कोई हेल्प नहीं ली
- 2:12है, तब मुझे वो वैलिडेशन मिलने के बाद मैंने फिर ये किया की अच्छा
- 2:18ये जो मुझे ऐसा लग रहा है ये सब मैं तो अपने आपको स्टुपिड ही
- 2:22बोलती थी की यार क्या हो गया तेरे को पागल हो गई है क्या?
- 2:24तेरे पास इतनी अच्छी फैम्ली है तेरे पास जॉब है, मेरे पास घर है
- 2:28सब कुछ सेट है फिर भी तेरे को रोना ही है किस चीज़ और मुझे समझ
- 2:31में नहीं आता मैं रो क्यों रही थी?
- 2:36तो तब वो जब थेरेपी से ट्रान्स्फर्मेशन मेरा शुरू हुआ जब
- 2:39मैंने लिखना शुरू किया जब वो एक्सरसाइज़ेस में।
- 2:42मुझे याद है थेरेपी सेशन में मैंने लिखा था आई किल्ड मैं
- 2:45बेबीज़ और वहाँ से जो मेरा ट्रान्स्फर्मेशन हुआ की वीथिन 6
- 2:51टु 7 मंथ्स मैंने लिखा की आई डीड एव्रीथिंग टु प्रोटेक्ट मैं
- 2:55बेबीज़ तब मेरे अंदर का वो सब जो ऐसा इतने साल से मैंने।
- 3:02अंदर रखा था वो इसे मैंने वेंट आउट करना शुरू किया की कितना अंदर
- 3:06पकड़ के रखा था मैं हर चीज़ में अपने आपको वही टाइम पे ब्लामे कर
- 3:10दी। सेल्फ डेनियल पे चले गया की मेरी
- 3:12गलती है हम हर चीज़ में यही करते है ना की खुद को लेके बैठ जाते है
- 3:16की मेरी गलती है। सोसाइटी ने भी आपका कोई हेल्प
- 3:18नहीं किया। सोसाइटी का क्या रोल था?
- 3:22सोसाइटी तो देखो मैंने उनको तीन केटगॉरीज़ में डिवाइड किया है, एक
- 3:25तो होते है उह जो यू नो मोटिवेशन जो भेजते है ना लंबे लंबे
- 3:32मोटिवेशन और यूट्यूब के वीडियो भेजने वाले जो जो यूज़फुल नहीं
- 3:37होते है ये कैटेगरी। ये मूव ऑन एक ऐसे वॅन लाइनर्स जो
- 3:41थ्रो करते है की अरे हो जाएगा ठीक हो जाएगा।
- 3:44जस्ट मूव ऑन कैर्री ऑन बी स्ट्रांग रॉक सॉलिड मॉम।
- 3:49मुझे क्या क्या टैग्स मिले थे अपने बच्चों के सामने कभी मत रोना
- 3:53यू हॅव टु बी रॉक सॉलिड यू कैननॉट क्राई इन फ्रंट ऑफ़ चिल्ड्रेन?
- 3:57तो ये ये एक कैटेगरी वाले हो गए और एक जो तीसरे होते हैं वो होते
- 4:01हैं जो शटडाउन कर लेते हैं, जो बात ही बंद कर देते हैं क्योंकि
- 4:04उनको लगता है की हम कुछ भी बोलेंगे तो हर्ट कर देंगे।
- 4:08तो एक जो ब्रीफ्ड मदर होती है ना, उनको ये तीनों भी नहीं चाहिए।
- 4:13क्योंकि। सपोर्ट किसने किया?
- 4:15आपको की आपको थेरेपी लेडी चाहिए? आपने खुद डिसैड किया की ठीक है आप
- 4:19क्योंकि आपने बोला था की आप 10 इयर्स तक इस चीज़ के सेल्फ डेनियल
- 4:23में थे की मैं डिप्रेशन में नहीं हूँ।
- 4:24मुझे हेल्प की जरूरत ही नहीं है तो आपने फिर ये डिसैड किया की ठीक
- 4:28है? फाइनली आपने किसी और के कहने पे
- 4:30या खुद के की हाँ मैं करूँगी। मुझे नहीं।
- 4:34नहीं, मैं मैंने जैसे कहा, मेरी कंपनी के वेलबींग के बहुत सारे
- 4:39सेशन्स होते थे तो मैं अटेंड कर रही थी, कुछ मेडिटेशन के लिए की
- 4:42थोड़ा शांत हो जाओ। तब पैनडेमिक चालू था तो मेडिटेशन
- 4:45अच्छा लगता था की चलो उस उस गोल से मैंने वो अटेंड करना शुरू किया
- 4:49था। तब उन लोगों ने बोला की हमारी
- 4:51अपनी कंपनी ये ऑफर करती है और एयठ कॉंप्लिमेंटरी सेशन्स हैं तो
- 4:55एम्पलॉईस तो तब। बहुत मैंने ऑलमोस्ट मैंने वो
- 5:00कंपनी जॉइन की थी। 2021 में मैंने 22 में फाइनली
- 5:03मैंने कहा बार बार बार बार सुन के इतने में भी मेरे को फ्री में भी
- 5:07मेरे को एक डाउट आ रहा था की मैं जाऊं नहीं जाऊं।
- 5:10मैंने तीन बार उनके हॉट लाइन को कॉल किया और फिर हैंग अप कर दिया।
- 5:14तो मैं बोलूं क्या उनको की मेरे पास सब कुछ है?
- 5:16अब्बू और ये 5 साल पहले हुआ था और एक और मुझे अभी अभी कुछ तो हो रहा
- 5:21है। मुझे समझ नहीं रहा था तो वो एक
- 5:23ऐसे फाइनली वो फॉर्थ टाइम मैंने बोला चलो ट्राई मारते है क्या
- 5:28होता है ऐसे वो ट्राई मारने के, इससे मैंने वो फाइनली किया तो
- 5:34वैसे हुआ है वो मतलब विथ। नो मतलब ऐसे की चलो अभी हेल्प
- 5:40चाहिए तो करते है कुछ इट वास् वेरी नेगेटिव इंटिट्यूड।
- 5:44सोसाइटी ने इतना हमारे दिमाग को वो कर दिया है की नहीं, आप अपने
- 5:48मेन्टल हेल्त को ले ही नहीं सकते हो।
- 5:49सीरियसली आप 5 साल तक इस चीज़ के डराइल में थे की सब तो है मेरे
- 5:53पास। और ये लोगों का जनरलली भी होता है
- 5:55की हमें लगता है की सब तो है, फिर मैं दुखी क्यों?
- 5:58कोई तो रीसन होगा ना? हर एक का रीसन होता है बस अंदर
- 6:01बिल्ड अप होता रहता है। आपका पांच या 6 साल तक वो बिल्ड
- 6:03अप हुआ। आप इतने ज्यादा सोचो सोसाइटी आपके
- 6:06दिमाग में वो प्रेशर था की फ्री में कोई चीज़ मिल रही है?
- 6:09आप उसको भी कर रहे हो की नहीं? मुझे नहीं चाहिए।
- 6:11क्योंकि लोगों का फिर ये होगा। अरे यार ये थेरेपी ले रही है।
- 6:14हमारे दिमाग में वो चीज़ डाली जाती है, खासकर इंडिया में तो
- 6:17बहुत ही की नहीं नहीं नहीं डिप्रेशन कुछ नहीं होता है ये तो
- 6:20मतलब एक फेस होता है निकल जाएगा जैसे आपने बोला लोग आपको सपोर्ट
- 6:23क्या कर रहे है? मोटिवेशन देके बट सम्टाइम्ज़ कहते
- 6:26है ना की हमें बस एक सुनने वाला चाहिए होता है कोई हक करके बोलने
- 6:29वाला चाहिए होता है की भाई इट्स ओके इट हैप्पन्स।
- 6:32बट नहीं करते है लोग वो जो आपके केस में हुआ, बट आई ऍम ग्लैड की,
- 6:35आपकी कंपनी ने आपकी इतनी हेल्प कर दी एंड फाइनली समवेयर आपको लगा कि
- 6:39चलो लेते है तो आपकी हेल्प हुई उस चीज़ से और फिर उसके बाद थ्रूआउट
- 6:44दट जर्नी। उसके बाद आपको कैसा लगा कि फाइनली
- 6:46चलो ठीक है? अब मेरे कंप्लीट हो गए थेरेपी
- 6:48सेशन्स अब फिर आपको कैसा लगा अंदर से?
- 6:53रियलाइज हुआ की जब मैंने फिर ओपेन दी अपनी स्टोरी के बारे में मेरी
- 6:57टीम मेंबर्स को इवन थेरेपी के जैसे तुम स्टिग्मा बोल रहे हो ना?
- 7:01तो मैं जब थेरेपी के लिए सेशन्स में जाती थी तो मैं स्टार्टिंग
- 7:04में वही ओह टीम आई हॅव ए बैंक अपॉइंटमेंट ओह हैलो टीम आई हॅव ए
- 7:08कार अपॉइंटमेंट। क्योंकि मुझे खुद इतना हेसिटेशन
- 7:11था की मैं थेरेपी के लिए जा रही हूँ कैसे बोलूं?
- 7:16बाद में जब मैंने मुझे रियलाइज हुआ की मैं क्यों छुपा रही हूँ और
- 7:19मैंने ओपेंली बात करना शुरू किया तब मुझे सामने से या या मुझे डीएम
- 7:24एस आते थे लोगों के की तू इतना ओपेंली कैसे बात करती है?
- 7:29यू नो आई ऍम अमेज़्ड। वहाँ से वो एक मेरा लाइफ मिशन
- 7:32जैसा शुरू हुआ की नहीं। मैं ओपेंली बात करूँगी इस बारे
- 7:36में मैं नॉर्मलाइज़ करूँगी, मेन्टल हेल्त को क्योंकि जब हमारी
- 7:40फिजिकल हेल्त की बात होती है ना खुशी आज मुझे बुखार है, मैं आज।
- 7:45रिकॉर्ड नहीं कर सकती बड़ी इसिली हम बात कर सकते हैं वो बट मेंटल
- 7:50हेल्त की बात होती है तो वही जो स्टिग्मा होता है ना की वो थेरेपी
- 7:53ले रही है पागल हो गई है क्या वो पागल?
- 7:56एग्ज़ैक्ट्ली। हिट होता है, कुछ हद तक आई, थिंक
- 7:59मूवीज़ में भी हमको। इन्फ्लुयेन्स किया है की ग्रोइंग
- 8:02अप जब हमने मूवीज़ देखे है तो वो एक मॉकिंग हो जाता है व्हेन इट
- 8:08कम्ज़ टु लाइक कोई अगर मेन्टल हेल्त की अगर वो अगल में बात कर
- 8:14रहा है की पागल हो गए है क्या मतलब हम एक दम कैसुअली बोलते है
- 8:17क्या पागल हो गया है क्या तो? आई थिंक वो वो सारा स्टिग्मा
- 8:22हमारे अंदर है तो इसके लिए मुझे मुझे खुद भी बोला गया था जब मैं
- 8:26थेरेपी ले रही थी की जब इंडिया आएगी तो बताना नहीं की थेरेपी ले
- 8:28रही है तो? यहाँ पे बहुत ऐसा है ना की आपको
- 8:32डिप्रेशन है ना आपको बिमारी है तो आप उसके बारे में ओपेंली इवन
- 8:37इंडिया में आई थिंक मैंने कहीं स्टैट्स पढ़े थे की।
- 8:39इन एवेरी फाइव इंडिविजुअल्स तीन लोगों को डिप्रेशन है।
- 8:43बट नोबडी इस टॉकिंग अबाउट दट। क्योंकि उन्हें लगता है की लोग
- 8:46हमें बोलेंगे ये तो पागल हो गया है बट अब धीरे धीरे में तो ये
- 8:50चीज़ कामन होती जा रही है की नहीं दे टॉक अबाउट थेइर, फीलिंग्स दे
- 8:53टॉक अबाउट मेन्टल हेल्त की नहीं भाई इसको एड्रेस करना चाहिए।
- 8:57क्योंकि पिछले जेनरेशन में हमने देखा ना की हमेशा लोग ज्यादातर
- 9:00कोई गुस्से में है, कोई कुछ है क्यों?
- 9:01क्योंकि वो बिल्ड अप होता की नहीं यार बता ना नहीं है कोई पहले तो
- 9:06बहुत ही कुछ चीज़े होती रहती थी की कोई आदमी अपनी बीवी को पिट भी
- 9:09रहा है ना और उसको भी वो बता नहीं सकती क्यों?
- 9:11क्योंकि सोसाइटी सोसाइटी मैं हमेशा सबको यही बोलती हूँ की
- 9:15सोसाइटी कौन है? हम है सोसाइटी अगर मैं आप आप मुझे
- 9:19बता रही हो मैं आपके बारे में अगर सोचूंगी ना अरे यार श्रुति व्हाट
- 9:22अरे यू टॉकिंग अबाउट दी इम्प्रेशन जैसा कुछ नहीं होता है तो मैं मैं
- 9:25हूँ ना सोसाइटी अगर मैं ही आपको सपोर्ट करूँगी की नहीं यार ठीक है
- 9:29हो जाती है चीज़े अब आप खुश होना लाइफ में अगर आप अब तक उस बिल्डप
- 9:33में रहती ना? तो आप कहीं ना कहीं दुखी रहती ना
- 9:35आपके बच्चे सही से रह पाते ना आप उनको अच्छे से पालन पोषण कर पाते
- 9:39ना आप अपने फैली फैम्ली में खुश रह पाते?
- 9:42बट यही होता है की अब आपने वो चीज़ एड्रेस करि अब आप उस चीज़
- 9:45में खुश हो आप अपने लाइफ में भी आप खुश हो आई गेस की?
- 9:48हाँ ठीक है आई ऍम ए ड्रेस्ड इट। अब आप लोगों की लाइफ ठीक कर रहे
- 9:51हो। सोचो उस एक एक्सपीरियंस से।
- 9:55एग्ज़ैक्ट्ली आई थिंक वही मेरा मोटो हो गया और वो सही बात बोली
- 9:58तुमने की वो वो अंदर ही अंदर रखना हमारा डिफ़ॉल्ट नेचर हो जाता है।
- 10:03मैं तो एक सिंपल एग्ज़ैम्पल देती हूँ की हम रोज़ ब्रश करते है,
- 10:06राइट नो मैटर व्हाट रोज़ ब्रश करेंगे हम दो बार ब्रश करते है,
- 10:10क्यों करते है? क्योंकि हमारा फिजिकल क्लेन्सिंग
- 10:12करना होता है, हमको बात नहीं, बट व्हाट अबाउट इंटरलेंसिंग क्यों
- 10:17नहीं करते वो अंदर अंदर सारी नेगेटिविटी एक तो हम अब्सॉर्ब
- 10:21करते रहते हैं टॉक्सिसिटी और उसको अंदर अचार डालते हैं, उसका अच्छे
- 10:26से बैठ के स्टोर करते हैं पर। क्या होता है?
- 10:29फिर उसका वो इतना गंदा अंदर टॉक्सिक बन जाता है।
- 10:34फिर वो अलग अलग फॉर्म्स में बाहर आता है।
- 10:36हमको वो रिलीज़ करने का डेली क्लेन्सिंग भी जरूरी है।
- 10:40अपने मैएंड का सारी नेगेटिविटी रिलीज़ करो एंड देर अरे सो मेनी
- 10:44डिफरेंट फॉर्म्स योगा है मेडिटेशन है।
- 10:46अपना खुद का चूस करो या वेंटिंग आउट, मेरा तो फेवरिट होता है वेंट
- 10:49आउट एक बड़ी पकड़ो अपना और मैं उसको ऐसे एक गंदा टर्म देती हूँ
- 10:55मेन्टल वोमिट की वो पूरा कर दो यू नो एक लिसनर चाहिए तुमको बस कोई
- 11:01अड्वाइज़ करने वाला नहीं वो सिर्फ सुनने वाला की इसमें।
- 11:06कोई ये नहीं चाहिए की ऐसा कर वैसा कर मुझे ये करना है मुझे और बस आई
- 11:13फील की। मेरे दो किलो कम हो गए वो जरूरी
- 11:18होता है वो बस निकालना, अपने सिस्टम से वो क्लीन्स करना और कभी
- 11:22कभी दट इस ऑल इस नीडेड। तो?
- 11:25एग्ज़ैक्ट्ली वो तो होनी चाहिए। इसी लिए मैं हमेशा सबको बोलती हूँ
- 11:29की भाई एक बनाओ, बट दोस्त ऐसा बनाओ ना की आप उसको बिना ये सोचे
- 11:33की ये मुझे जज तो नहीं करेगा आप उसे जाके कुछ भी बोल दो की भाई
- 11:37थिस इस हौ इट इस। तू मुझे जॅज करेगा ना तब भी हम एक
- 11:40बार सोच कर ले, क्या करेगा तू मेरा इतना अच्छा दोस्त है कर ले
- 11:43जॅज बट हम वेंट आउट कर देते है ना?
- 11:45मेरा भी फेवरिट है वो के ठीक है यार, आज मैं उसे बता देती हूँ एंड
- 11:48ट्रस्ट मी मेरी 70% प्रॉब्लम खत्म हो जाती है जब मैं किसी और को बता
- 11:52देती हूँ की भाई ऐसा ऐसा ऐसा ऐसा हुआ है एंड दट्स हौ?
- 11:55एग्ज़ैक्ट्ली और उससे और भी क्या होता है?
- 11:59उससे क्या होता है स्पेशल अगर तुम्हारे पास एक ऐसा कोई बंदा है
- 12:03जिसके पास तुम जस्ट वो वेंट आउट करलो तो कभी कभी वो गुस्सा जिसके
- 12:08ऊपर है जैसे आप सोचो, मेरे बच्चों के ऊपर या मेरे हज़्बंड के ऊपर
- 12:11मुझे कभी गुस्सा आया और मैं उनपे डायरेक्ट निकाल लूँ, वो गुस्सा तो
- 12:14बहुत ही ज़्यादा, कभी कभी गंदे वे में आता है।
- 12:18तो अगर किसी और पे वो निकाल दूँ तो जब मैं उनसे बात कर रही हूँ,
- 12:21आई ऍम मोर कम्पोज़्ड के बात करती हूँ फिर की थोड़े भले ही वो
- 12:27गुस्सा और फ्रस्ट्रेशन होगा लेकिन थोड़े अच्छे शब्द आएँगे, रिस्पांस
- 12:31होगा। वो राथर थान हट से हम कुछ भी बोल
- 12:35देते है व्हिच वी कैननॉट टेक इट बेक।
- 12:37तो वो बहुत जरूरी होता है। टु फाइन्ड दट।
- 12:40एक ही चाहिए लिटरल्ली लेकिन फिर उनके सब में अगर तुमको वो फिल्टर
- 12:46लगाना पड़े की इसको ये नहीं बता सकते उसको वो नहीं तो फिर वो बहुत
- 12:50सारे नंबर, क्वालिटी और क्वांटिटी जैसा हो जाता है।
- 12:53की एक? सही बंदा भी हो एक सही पर्सन भी
- 12:56हो तुम्हारी लाइफ में जहाँ पे तुम वो वेंट आउट कर सको दट इस एनफ।
- 13:01आदि मेन्टल हेल्त वहीं खत्म हो जाती है की हाँ यार बता दिया।
- 13:06लेकिन मेन्टल हेल्त का ये भी होता है ना थेरेपी, हम कुछ होने।
- 13:10उसके बाद ही थेरेपी लेते हैं। दट।
- 13:12इस ऑल्सो अनफॉर्चुनेट मैं तो उसके ऊपर एक अलग रिसर्च कर रही हूँ
- 13:17जैसे होती है हमारी फिजिकल हेल्त की हम मैन्युअल फिजिकल के लिए
- 13:20जाते हैं। कुछ बिमारी ना भी हो तो हम डॉक्टर
- 13:22के पास जाके चेक अप करा लेते हैं। प्रिवेंटिव मेन्टल ऐसा कुछ होता
- 13:26है की तुम्हारे को कुछ हुआ होना चाहिए तब तुमको वो मतलब पूछेंगे
- 13:31कि अच्छा अब एड्रेस करने आए हो? तुम?
- 13:33अब ये प्रॉब्लम है बट कुछ ना कुछ हमारे दिमाग में हमेशा चालू रहता
- 13:37है एग्ज़ैम पॉइंट वो भी बिल्ड अप होता है धीरे धीरे तो अगर वो एक
- 13:425% ऑलरेडी बिल्ड अप हो गया उधर ही खत्म कर देंगे।
- 13:45उसको एड्रेस कर लेंगे तो अच्छा होगा ना राथर थान वो बड़के फिर
- 13:51उसको वापस हम रिफ्लेक्ट करेंगे। की अरे ये अच्छे से हुआ था, वैसे
- 13:54हुआ था, फिर एड्रेस करेंगे? बट लेटस सी बट आई एग्री विथ यू की
- 13:59जैन जी जैन अरफा जेन्बेटा अरे रियली टॉकिंग अबाउट इट एंड आई ऍम
- 14:04वेरी हैप्पी एंड। आई ऍम हैप्पी।
- 14:08बहुत ओपेन मैं अपनी बेटी को देखती हूँ, इतने ओपेंली बात करती है
- 14:12हमारी काउन्सलर ने ऐसे कहा वैसे कहा आई ऍम टॉकिंग टु हर और आई ऍम
- 14:16वेरी प्राउड कि आगे की जेनरेशन इस स्पीकिंग ओपेंली इट्स वेरी
- 14:20नेसेसरी हम जो मिलेनियल और जो नेक एंड बियॉन्ड है, हम हम वी अरे
- 14:26कैचिंग अप एंड वही गोल है। चलो अब आपसे मेरा लास्ट सवाल है,
- 14:33बट बड़ा इम्पोर्टेन्ट है आई गेस सबको यही जानना है आपसे की अगर
- 14:36कोई ये सेम फील कर रहा है जैसे आपको टाइम लगा डिप्रेशन यू नो
- 14:40एड्रेस करने में तो अगर ऐसा कोई है फ़िलहाल जो हमें सुन रहा है
- 14:44जैसे लगता ही नहीं है की वो डिप्रेशन में है।
- 14:46बट कहीं न कहीं तो यार इन डिप्रेशन जिसका पहला साइन ये होता
- 14:49है की हम खुश नहीं है, भले ही सब चीज़े ठीक होते है, सब टिक बॉक्स
- 14:52होता है की नहीं फैम्ली भी अच्छी है।
- 14:54मार्क्स भी मान लो अच्छे आ रहे है और सब कुछ सही है।
- 14:56बट फिर भी वही फॅक्टर होता है की यार खुश नहीं है तो वो खुशी एक
- 15:00होता है की यार इससे पता चल रहा है की यू अरे समवेयर डिप्रेस्ड तो
- 15:03अगर जैसे ऐसा है तो आप उनको क्या कहना चाहोगे?
- 15:06बिकॉज़ यू हॅव बीन थ्रू दट। अब आप उससे निकल भी गई हो दट।
- 15:09इस दी बेस्ट पार्ट एंड आई ऍम वेरी हैप्पी फॉर यू।
- 15:11तो आप उनको क्या कहना चाहोगी की यार ठीक है व्हाट डू यू थिंक?
- 15:15अब उन्हें क्या करना चाहिए? अपने आप को ऑब्ज़रव करो जब कुछ
- 15:21अनइज़ी लग रहा है तो एक। पॉज़ लो ब्य डिफ़ॉल्ट होता है हम
- 15:27एस्केप करते है। जस्ट पॉज़ इन दट मोमेंट और अपने
- 15:31आपको जस्ट फील करो की ये क्या चल रहा है अपने आप से बात करो, कहीं
- 15:35चाहिए तो कहीं लिखो ताकि वो ना एक ब्रेन डंप आ जाए।
- 15:39जो भी चाहिए अभी आजकल तो। भले ही उससे थेरेपी ना मांगो, आई
- 15:44वुड नॉट रेकमेंड ऐट ऑल बट रंट करो जस्ट टु इवन सी की दिमाग में चल
- 15:51क्या रहा है इफ यू वांट दट वे, बट आई वुड से पॉज़ इन दट मोमेंट जब
- 15:57कुछ लग रहा है की ये ठीक नहीं लग रहा है उनेयसी लग रहा है।
- 16:01और अपने आप को ऑब्ज़रव करो की क्या थॉट्स आ रहे हैं।
- 16:03क्या ये मेरे को बोलना चाह रहे हैं?
- 16:06एंड आई थिंक दट इस व्हेर यू विल ऐडेंटिफै की हाँ, मैं इस बारे में
- 16:09सोच रही हूँ क्योंकि हमारा इन्स्टंट ये होता है की फटाक से
- 16:13जाओ। बाथरूम में रोना बंद करो, पहले तो
- 16:16और मेकअप लगाओ और बाहर भी। फला फेस मास्क लगा के की मुझे तो
- 16:22कुछ नहीं हुआ है तो वो नहीं करना है।
- 16:25अपने आपको वो टाइम देना है एंड आई थिंक दट इस दट इस मैं मैं ये करना
- 16:34बहुत जरूरी है अपने लिए और। मेरा एक फेवरिट फ्रेस है सेल्फ
- 16:39केयर। इस नॉट बीइंग सेल्फिश।
- 16:41ये अपना ख्याल रखना बहुत जरूरी है टु बीए बेटर पर्सन फॉर एव्रीवन इस
- 16:47तो ये रखोगे दूसरों किसी का ख्याल नहीं रख सकते और हम हमेशा सेल्फ
- 16:53केयर सेल्फ लव को सेल्फिश बोलते हैं व्हिच इस वेरी रॉंग।
- 16:58और जैसे एयरप्लेन में भी बोलते है।
- 16:59मैं ये एग्ज़ैम्पल हर जगह देती हूँ की एयरप्लेन का सेफ्टी
- 17:02प्रोसीज़र क्या बोलता है कि अपना मास्क पहले लगाओ, बाद में दूसरे
- 17:06की मदद करो बहुत सही है बहुत मैं आजकल पर थिस इस दी बेस्ट अड्वाइस
- 17:11अपना ख्याल रखना बहुत जरूरी है तो वी अरे बेटर फॉर एव्रीवन एंड
- 17:16सराउंड। नहीं, मेरे हिसाब से भी यही होना
- 17:19चाहिए की पहले खुद एक्सेप्ट करो की यार ठीक है मतलब एक्सेप्ट
- 17:24थिंग्स, क्योंकि जब तक आप खुद एक्सेप्ट नहीं करोगे ना, आप दूसरे
- 17:26को बता ही नहीं पाओगे। पहले अगर मैं डिप्रेशन में हूँ ना
- 17:29हाँ ठीक है यार मैं हूँ क्योंकि हम सेल्फ डेनियल में ही रहते है।
- 17:31मोस्ट ऑफ़ दी टाइम की नहीं, नहीं मुझे मुझे क्या होगा?
- 17:34फिर लोग बोलेंगे पागल है नहीं यार इफ यू अरे फीलिंग समथिंग लाइक की
- 17:37यार। नहीं कुछ तो प्रॉब्लम है, मैं खुश
- 17:40नहीं हूँ तो पहले खुद इस बात को बोलो की हाँ ठीक है, मैं खुश नहीं
- 17:43हूँ तब जाके दूसरों को तुम ज्यादा बेहतर समझा पाओगे की मैं खुश नहीं
- 17:47हूँ भाई अब मुझे थेरेपी चाहिए या मुझे मेरी कुछ देखो भाई की कुछ तो
- 17:52प्रॉब्लम है। माइट बी फिर जो भी उसका आगे का
- 17:54प्रोसीज़र थेरेपी लो, टॉक टु युअर साइकोलॉजिस्ट, टॉक टु एनीवन फिर
- 17:58देखो एंड सच बता रही हूँ। आई गेस मैं हमेशा सबको यही कहती
- 18:01हूँ कि यार तुम ना जिंदगी में आए हो ना तो खुश रहो, किसी को नहीं
- 18:05पता। किसी की जिंदगी कितनी बड़ी है?
- 18:07कहते हैं लोग की करो जिंदगी बहुत बड़ी होती है।
- 18:09यू नेवर नो तो जस्ट बी हैप्पी एवेरी डे आई थिंक मेरी लाइफ का
- 18:14गोल एक है कि इंसान खुश रहना चाहिए।
- 18:16ऐट एनी कॉज थोड़ा बहुत सेल्फिश हो रहे हो ना हो जाओ कोई बड़ी बात
- 18:20नहीं है। बट यू शुड बी हैप्पी ऐट दी एंड ऑफ
- 18:22दी डे कि हाँ यार मैं खुश हूँ अपनी लाइफ से, मेरा तो वही गोल
- 18:26होता है जनरलली कि हाँ। तुम्हारी एनर्जी इतनी अच्छी है
- 18:32इतने पॉज़िटिव विब्स में हम इतने दूर हैं, लेकिन।
- 18:36एंड फील दट। पॉज़िटिव विबेस सो आई ऍम आई ऍम
- 18:39वेरी हैप्पी की ये कंटिन्यू करते रहो ये काम ऑर यू नो टूगेदर वेरी
- 18:44वेल यू नो मेक ए मेक ए डिफरेंस। बिलकुल दी आई ऍम सो हैप्पी दट।
- 18:49आज आप यहाँ पे आया आपने अपना इतना एमोशनल जर्नी जो होता है ना की हम
- 18:53कभी कभी बस। आपने बताया आपने इतनी चीज़ शेयर
- 18:57की इतने सारे लोगों के साथ जस्ट विथ दट मोटिव की किसी की हेल्प हो
- 19:00जाएगी और मैं तो यही चाहती हूँ की भाई एक इंसान की बगैर हम हेल्प कर
- 19:04पा रहे है तो दट्स मोर थान एनफ की किसी एक को भी ये चीज़ समझ में आई
- 19:07की आप इतने बड़े हो कर भी आपने वो चीज़ को एक्सेप्ट करने में इतना
- 19:11टाइम लगा दिया तो तुम लोगों को वो इसीलिए बता रही है क्नॉइस की भाई
- 19:14तुम जितना जल्दी हो सके उस चीज़ को एड्रेस करो, उस चीज़ को
- 19:17एक्सेप्ट करो एंड यू शुड बी हैप्पी ऐट दी एंड ऑफ़ दी डे तो
- 19:20मैं तो आपके लिए भी आई ऍम लाइक सीरियसली फर्स्ट ऑफ़ ऑल आई ऍम
- 19:23सॉरी व्हाटएवर यू हाड गॉन थ्रू बट शायद कहीं ना कहीं कहते है ना की
- 19:27हर चीज़ का एक रीसन होता है। तो शायद आपकी लाइफ का वही रीसन था
- 19:31की जिसकी वजह से आप इस तरफ मुड़ गए।
- 19:33अब आप कितने लोगों की लाइफ में हेल्प कर रहे हो?
- 19:36आई थिंक उससे बेस्ट कुछ नहीं होता है की आप एक की भी लाइफ बचा पा
- 19:39रहे हो। इसको भी खुश कर पा रहे हो ना तो
- 19:41मतलब दट्स मोर थान एनफ हमारी लाइफ का मोटिव ही वो होता है की यार
- 19:44मेरी वजह से कोई एक इंसान आई ऍम मोर थान हैप्पी यही होना भी चाहिए
- 19:48तो थैंक यू की आप यहाँ पे आए आपने अपना पूरा जर्नी एकदम यू नो
- 19:52नैचुरली एकदम ऐसा नहीं की हमने कोई स्क्रिप्ट से बात की वी जस्ट
- 19:57टॉक्ड लाइक हाँ ठीक है अब तुम सुनो तो मैं समझ आया की दी क्या
- 20:01बताना चाह रही थी उनके लाइफ से कुछ चीज़े सीखो खुद गलतियाँ मत
- 20:04करो। लोगों ने जो गलतियाँ की उनसे सीख
- 20:06जाओ दट, वुड बी बेटर तो थैंक यू दी फॉर कमिंग टु आवर पॉडकास्ट एंड
- 20:11आप पहली मेरी कॉन्वर्सेशनल पॉडकास्ट की होप गेस्ट बनियों
- 20:16वेरी हैप्पी की चलो कोई मेरे जैसा इंसान मुझे मिला, थैंक यू फॉर
- 20:20कमिंग। थैंक यू सो मच खुशी, खुशी बातें
- 20:24रहो तुम्हारे लिए काम रो। थैंक यू दी यार कभी कभी ना हमें
- 20:31लाइफ तोड़ती है पर कुछ ना कुछ समझाने के लिए और शायद आज का
- 20:36एपिसोड अगर किसी एक इंसान तक भी पहुँच गया।
- 20:39जिसे इसकी जरूरत थी तो आई थिंक आई विल बी मोर थान हैप्पी ये हमारा
- 20:44फर्स्ट कॉन्वर्सेशनल पोडकास्ट था आई होप की, तुम्हें ये पसंद आया
- 20:47हो आई होप इससे तुम्हें कुछ सीखने को मिला हो की यार हम हमेशा कहते
- 20:52है की अरे मेरे साथ ही क्यों आये या बहुत सारी चीज़े।
- 20:56हम खुद को करते रहते है या फिर खुद की फीलिंग्स को एड्रेस ही
- 20:59नहीं करते है तो वो तुम खुद के साथ गलत करते हो और आज श्रुति दी
- 21:04को लाने का मेरा मेन मोटिव ही ये था की तुम्हें ये चीज़ समझ में आए
- 21:08की भाई जब तक तुम खुद अपनी प्रोब्लम्स को एड्रेस नहीं करोगे
- 21:11ना? यू कांट बी ऐट पीस।
- 21:13कई बार मैंने कई लोगों का सुना है जो मुझे कहते हैं की दीदी सब होते
- 21:17हुए भी सब चीज़ सही होते हुए भी हम दुखी क्यों है?
- 21:20कोई तो रीसन होगा ना रीसन होता है।
- 21:23दट। समवेयर समथिंग इस हर्टिंग यू कोई
- 21:26ऐसी चीज़, कोई ऐसा वाकया या कोई बचपन का ड्रामा या कोई भी चीज़
- 21:30क्नॉइस? और वो चीज़ जब तक तुम्हारे दिल से
- 21:33नहीं निकलेगी, तुम कहीं ना कहीं उस चीज़ को बिल्ड अप करते रहोगे
- 21:36जैसा श्री दीदी ने किया। फॉर पास्ट फाइव इयर्स वो बस
- 21:39निग्लेक्ट करती नहीं कि नहीं नहीं आई ऍम हैप्पी आई ऍम फाइन, मेरी सब
- 21:42चीज़ सही है तो मैं क्यों दुखी होंगी?
- 21:44बट होता है इंसान दुखी। तो जितना अपने फिजिकल फिटनेस को
- 21:48जितना अपने फिजिकल यू नो हेल्त को तवज्जो देते हो, उतना ही अपने
- 21:52मेन्टल हेल्त को भी दो और उन्होंने बहुत अच्छी बात बोली थी
- 21:55कि जब तुम खुश रहोगे ना तुम्हारे आस पास वाले लोग भी खुश रहेंगे।
- 21:59तुम खुद चिड़चिड़े रहोगे तो तुम भी माहौल ही खराब करोगे हर जगह का
- 22:03तो बस मेरा कहना इतना है बी हैप्पी।
- 22:07बट हाँ हाँ ऐट दी एंड ऑफ़ दी डे यू शुड बी हैप्पी तो अपनी कोई भी
- 22:11प्रॉब्लम है, उसे एड्रेस करो और थेरेपिस्ट पे जाने का मतलब ये कतई
- 22:15नहीं होता है की तुम पागल हो। वो पुरानी सोच थी, इस सोच को बदलो
- 22:20यही जेनरेशन गैप होता है की हाँ? तुम एक खुद के लिए बेहतर इंसान
- 22:24बनो, तभी तुम शायद सोसाइटी के लिए एक बहुत बेहतर इंसान बन पाओगे।
- 22:28आई होप की तुम्हें कुछ भी सीखने को मिला अगर तुम्हें इसमें कुछ
- 22:32लगे तो मुझे बता सकते हो ऐट के हेच यु अंडरस्कोर एस हेच इ आई
- 22:37अंडरस्कोर पे बाकी मिलूँगी तुमसे किसी और एपिसोड में किसी और नई
- 22:41गेस्ट के साथ। तब तक के लिए टेक केयर एंड बाई
- 22:44बाई ऑल्सो। मैंने सब लोगों को पहले भी बोला
- 22:48है की इफ यू हॅव एन इश्यू? तुम्हें लगता है की वो चीज़ तुमने
- 22:52कोप अप कर ली, लेकिन दुनिया में बहुत सारे लोग है जो चीज़ से
- 22:55स्ट्रगल कर रहे होंगे तो तुम मेरी ब्रॉडकास्ट पे यू अरे ऑलवेज वेलकम
- 22:59नो वीआइपी कल्चर नथ्थिंग? इट्स यू एंड मी एंड वी अरे गोइंग,
- 23:02टु हॅव नो स्क्रिप्ट ऐट ऑल, सिर्फ सिंपल रॉ एंड नेचुरल टॉक्स तो इफ
- 23:06यू हॅव समथिंग यू वांट टु शेयर विथ दी व्होल वर्ल्ड आई ऍम गिविंग
- 23:10यूए प्लेटफार्म आर खुशी की दुनिया तुम मुझे मेल कर सकती हो अपने उस
- 23:14मोटिव के साथ उसको सब्जेक्ट बनाके जो भी तुमने यू नो तुम्हे बताना
- 23:18है दुनिया का जो भी तुम्हारा मोटिव है।
- 23:20तुम मुझे भेजना, मेल पर मेल तुम्हें मेरी स्पॉटिफाइ के अबाउट
- 23:25इसमें मिल जाएगा या फिर या इंस्टा पे भी तुम उनसे पूछ सकते हो उसके
- 23:30बाद तुम मुझे मेल करो एंड वी विल सी अगर तुम्हारा टॉपिक कुछ अच्छा
- 23:34है कुछ ऐसा है जिससे लोग सीखेंगे दी डेफिनिट्ली वी विल हॅव ए टॉक
- 23:38चलो। तब तक के लिए मिलती हूँ किसी और
- 23:40एपिसोड में। टिल देन टेक यू एंड बाय बाय अच्छा
- 23:43ऑल्सो वॅन थिंग थिस वास् आवर फर्स्ट कन्वर्सेशनल 100 मैं पहले
- 23:47ही तुम लोगों को बताती हूँ की मैं लाइक यार स्क्रिप्ट वाली इंसान
- 23:50नहीं हूँ। श्रुति दीदी मेरी वाइफ से मैच कर
- 23:52गयी, उनको भी स्क्रिप्ट की कोई जरूरत नहीं पड़ी।
- 23:54बिकॉज़ यार स्क्रिप्ट से ना सिर्फ ऐसा लगता है की हम कोई
- 23:58डॉक्यूमेंट्री में है, बट नहीं वी अरे इन रियल लाइफ वी हॅव रियल
- 24:00सीटुएशन्स तो उनको कोप भी करना है तो हम नैचुरली ही कर पाएंगे तो बस
- 24:06ये काइंड ऑफ़ फर्स्ट था तो या बताना, प्लीज़ डोन्ट जॅज बाकी चलो
- 24:12बाई बाई इस बार पक्का फाइन है।