Latest / Khushei Ki Duniya / Love Storiyan❤️
Transcript
- 0:00है। गाइस युअर होस्ट कम दोस्त शी इस
- 0:01बेक अगेन विथ अनँद्अर लव स्टोरी फॉर ऑल ऑफ़ यू गाइस आई होप यू ऑल
- 0:04गाइस मिस्ड मी एंड आज जो कहानियों में सारी जितनी भी कहानियों आई
- 0:09डोन्ट नो कितनी इसमें कवर हो पाएंगी?
- 0:10बट जितनी भी कहानियों मैं सुनाऊंगी वो सारी मेरे लिसनर्स की
- 0:13है तो अपने कानों में ये प्लक्स लगाइए, दुनिया से थोड़े से दूर हो
- 0:16जाइए एंड लेट मी स्टार्ट दी स्टोरी तो पहली कहानी मुझे भेजी
- 0:20है मेरी एक बड़ी प्यारी सी लिसनर ने एंड नेम्स है हमारी आज की
- 0:25कहानी के माही और ऋषि तो चलो। माही और ऋषि दोनों क्लासमेट थे और
- 0:32काफी लाइक थर्ड फॉर्थ क्लास से ये लोग एक ही क्लास में थे, लेकिन
- 0:36दोस्त कभी नहीं बने थे। खास फिर नाइन्थ क्लास में जाकर
- 0:39माही और ऋषि में दोस्ती हुई और फिर धीरे धीरे वो दोस्ती काफी
- 0:44अच्छी दोस्ती हो गई। एंड देन 1 दिन ऋषि ने माही से कहा
- 0:47की तू इंस्टा डाउंलोड कर लेना लाइक हम यहाँ के बाद भी वहाँ बात
- 0:51कर सकते है तो माई ने भी कहा ठीक है।
- 0:54फिर धीरे धीरे उनकी और बहुत सारी बाते होने लगी क्नॉइस और फिर माही
- 0:59को कहीं ना कहीं ऋषि स्टार्टिंग से बहुत पसंद था और अब जब उससे
- 1:03बातें होने लगी तो वो उसके बारे में और बहुत सारी बातें जानी
- 1:06जिससे की उसे लगा की नहीं यार ये यही है।
- 1:09शायद मेरा प्यार एंड देन सब कुछ सही था लेकिन क्नॉइस?
- 1:14स्टोरी में ट्विस्ट तब आया जब माही को पता चला की ऑलरेडी ऋषि के
- 1:18एक गर्लफ्रेंड थी। वो सिर्फ माही को अपना एक बहुत
- 1:20अच्छा दोस्त मानता था। माहि भी वॅन साइडेड लवर बन के रह
- 1:25गई। अपनी लाइफ में उसे लगा की यार
- 1:27शायद ऋषि मुझे कभी उस तरह से ना देख पाए।
- 1:30जीस तरह से मैंने उसे हमेशा से जाना है।
- 1:33जोधा वो यही था लेकिन फिर उनके क्लास में जब वो टेंथ में आए तो
- 1:37एक न्यू अडमिशन आया एंड वो था राजेश राजेश माहि को लाइक करता था
- 1:43और वो काफी टाइम उसके पीछे पड़ा रहा की तू प्लीज़ मेरे साथ हो जा
- 1:48और तू मेरी गर्लफ्रेंड बन जा, ये वो।
- 1:50लेकिन माही तो अपनी वॅन साइडेड लवर थी।
- 1:53वो ऑलरेडी ऋषि से उसने सोचा की ठीक है माँ ना की ऋषि की
- 1:56गर्लफ्रेंड है पर जो भी है अब तो यही है।
- 2:01खैर तो वो लड़का भी उसका काफी पीछा करने लगा और क्लास में उसने
- 2:04सबको ये बोल दिया की माही तो मेरी गर्लफ्रेंड है।
- 2:07माही को ये बात खास पता नहीं थी और क्नॉइस।
- 2:10जो था वो यही चल रहा था लेकिन इस बात का ऋषि को बहुत बुरा लगा की
- 2:13जब हम बेस्ट फ्रेन्ड थे, तब भी तुने मुझे नहीं बताया।
- 2:16माहि ने उसे काफी एक्सप्लेन किया, लेकिन ऋषि ने उसकी एक भी नहीं
- 2:20सुनी। उसे लगा की उस लड़के ने ही सच
- 2:22बोला था। हालांकि इस पॉइंट पर आई थिंक उसे
- 2:25बिलीव अपनी दोस्त पर करना चाहिए था, ना की राजेश पर।
- 2:28पर खैर जो भी था तो अब ऐसे ही था बट जब उसे पता चला ऋषि को की
- 2:34नहीं, राजेश ने ये सब झूठ बोला था और माही की तरफ से कभी कुछ था ही
- 2:38नहीं तो उसने फिर माही से सॉरी बोला की मुझे करना चाहिए था तुझ
- 2:42पे भरोसा पर सॉरी। माही ने तो उसे ऑलरेडी माफ़ कर
- 2:46दिया क्योंकि वो तो उससे प्यार करती थी ना बट?
- 2:49यार, कभी कभी ऐसा होता है कि हम प्यार में ना अंधे हो जाते हैं तो
- 2:51हमें पता ही नहीं चलता क्या सही है?
- 2:53क्या गलत है। आई गेस माही को इस पॉइंट पर अपना
- 2:56एक अपना स्टैंड लेना चाहिए था। उसे बोलना चाहिए था कि जब तुम
- 2:59मेरे दोस्त थे तो मुझ पर भरोसा तो करते पर खैर रियलिटी है।
- 3:04आखिर तो ऋषि ने फिर ऋषि और माही फिर से बहुत अच्छे दोस्त बने,
- 3:09लेकिन इसी दौरान ऋषि का ब्रेक अप हो गया।
- 3:11ब्रेक अप हो गया तो माही ने फिर से उसे कहा की पहली बार माहि ने
- 3:16यहाँ पर उसे कन्फ्यूज भी किया की आई हॅव लाइक लाइक वी एवर मेट तो
- 3:22मैं तुझे बहुत प्यार करती हूँ क्नॉइस।
- 3:24बट ऋषि ने उसे मना कर दिया की नहीं आई थिंक हमारी दोस्ती भी
- 3:27खराब हो जाएगी इस समय तो हम दोस्त ही रहते हैं।
- 3:30माही का दिल एक बार फिर टूट गया, लेकिन उसे आदत थी इस टूटे दिल को
- 3:34अपने साथ रखने की तो ठीक था। फिर माही ने उसके टफेस्ट टाइम में
- 3:39उसका खूब साथ दिया। उसे हर तरह से समझाया कि सो गुड
- 3:43हैपन। और ऐसे ही 3 साल गुजर गए।
- 3:46उनके ट्वेल्फ्थ का आखिरी दिन था और तब ऋषि ने भी माही से कहा कि
- 3:51इस पूरे टाइम में मुझे ये जरूर पता चला कि शायद वो लड़की मुझसे
- 3:54प्यार नहीं करती थी लेकिन तेरा प्यार तो सच्चा था ना और इसीलिए
- 3:59मुझे भी तुझसे धीरे धीरे प्यार होने लगा और आज जब हम एक दूसरे से
- 4:02लाइक। तू किसी कॉलेज में जाएगी।
- 4:04मैं किसी कॉलेज में तब जाके समझ में आ रहा है की शायद प्यार तो
- 4:08मैं तुझसे करने लगा और ये दिन माही की लाइफ का बेस्ट दिन था तो
- 4:13माही की कहानी इतनी ही है अभी भी दे अरे इन ए रिलेशनशिप और उसका
- 4:17कहना है की उसके पेरेंट्स नहीं मानेंगे क्नॉइस।
- 4:19तो मैं कोई ऐसे झूठी सलाह नहीं दूंगी की नहीं मानेंगे या नहीं
- 4:23मान जाएंगे। ऐसा कुछ नहीं है, रियल लाइफ है पर
- 4:26ऐसा भी नहीं है की यहाँ पे कहानियों सच नहीं होती तो ट्राई
- 4:29युअर लेवल बेस्ट समझो एक दूसरे को अच्छे से समझना, फिर अपने घरवालों
- 4:34को भी बताना, क्योंकि घरवालों से धोखा कर कर रखना।
- 4:37इस नॉट समथिंग आई कैन सजेस्ट यू। तो हाँ, ये थी मेरी प्यारी सी
- 4:41लॉसनर की कहानी एंड आई होप की उनकी कहानी ही नहीं ये रियलिटी हो
- 4:45जाए और 1 दिन वो मुझे अपनी शादी में इन्वैट कर ले तो फ्री गाना
- 4:49यार समझो फिर चलो ये एक लिसनर की कहानी थी और मैं तुम्हें किसी
- 4:53दूसरे लिसनर की कहानी सुनाती हूँ। वैसे कानों में तो ईयरप्लक्स लग
- 4:58ही रहे ना अब तक है ना? तो चलो दूसरी कहानी सुनाती है ये
- 5:01सारी रियल स्टोरीज़ है ब्य दी वे तो जो हमारी आज की दूसरी कहानी है
- 5:05वो है नक्ष और मान्य की यार। ये काफी अच्छी लव स्टोरी है।
- 5:09लाइक पहली वाली भी बहुत अच्छी थी और ये वाली भी बहुत अच्छी है और
- 5:12अक्चवल में ऐसी कहानियों ही सुनकर मुझे लगता है कि नहीं यार क्नॉइस।
- 5:15रियल लाइफ में भी प्यार होता है। ऐसी तो बात नहीं है की सिर्फ मेरी
- 5:18कहानियों में एग्ज़िस्ट करें पर हाँ सुनाती तो हूँ ना मैं तुम्हें
- 5:22तो बोले तो तुम भी करोगे ना? चलो कहानी सुनाती हूँ तुम्हें
- 5:27नक्श और मान्या की मान्या एक काफी एक्स्ट्रोवर्ट सी, दोस्तों के
- 5:32सामने और इंट्रोवर्ट सी खुद के लिए ऐसी ही लड़की थी वो।
- 5:35एक काम सिंपल सी लड़की और मेडिको। वहीं दूसरी ओर नक्श बिल्कुल
- 5:39ऑपोजिट था। उसे कोई फरक नहीं था।
- 5:42स्टडीज़ से एक्स्ट्रोबाइट था पर अपनी प्रोब्लम्स दूसरों से शेयर
- 5:46नहीं करता था और बिजनेसमैन भी था। मान्य पहली बार और वैसे अभी
- 5:51नवरात्रि का टाइम चल रहा है तो ये कहानी भी नवरात्रि की है।
- 5:54तो शेयर करते है ना? ओके?
- 5:57तो नवरात्रि में पहली बार मान्या ने नक्ष को देखा नवरात्रि 2022
- 6:02में और जब नक्ष की आँखें देखी, मान्या ने तो उससे बहुत
- 6:06अट्रैक्टिव उसकी आँखें उसका मन किया की बस नक्ष को देखे ही जाए
- 6:11और उसी दिन मान्या का क्रश बन गया नक्ष अगली बार।
- 6:15नवरात्रि खत्म होने ही वाली थी और उसने खूब ढूंढा सोशल मीडिया पे
- 6:19नक्श को खूब उसे मिल भी गई। उसकी आई डी।
- 6:22लेकिन हिम्मत नहीं हुई। आगे से टेक्स्ट करने की कुछ दिन
- 6:25गुजरे। फिर मान्य ने अपनी पढ़ाई के चक्कर
- 6:27में सोशल मीडिया डिलीट कर दिया और उसने सोचा की कभी शायद मुझ में
- 6:32इतनी हिम्मत हो जाये की मैं नक्श को एक मैसेज तो कर दू।
- 6:34बट उतनी हिम्मत कभी उसमें हुई नहीं।
- 6:37फिर 2023 की गणेश चतुर्थी आयी। मानिया का बर्थडे भी उसी के
- 6:41अराउंड था। उसने जान बूझ कर अपनी मम्मी को
- 6:44फोर्स करके कहा की चलो मम्मी गणेश पंडाल में चलते है और उसने पता
- 6:49नहीं क्यों उसे था की अगर नवरात्र में मिल सकते है क्नॉइस।
- 6:52तो क्या पता गणेश चतुर्थी में भी मिल जाए हूँ नोज़ देखो प्यार तो
- 6:56प्यार होता है और वो तुम्हे कब कहाँ बुला ले, तुम्हे भी नहीं पता
- 7:00तो वो लोग गए। उस पंडाल में काफी अच्छे दर्शन
- 7:03वगैरह किए, लेकिन मान्य को नक्ष नहीं दिखा।
- 7:06थोड़ा सा बुरा लगा पर चलता है। फिर अगली साल नवरात्रि आई।
- 7:11और नवरात्रि में उसने पहले ही डिसाइड कर लिया कि इस बार तो हम
- 7:15नवरात्रि में गरबा खेलने जाएंगे और नौ के 9 दिन जाएंगे।
- 7:19क्या पता नक्श एक बार तो मिल ही जाना चाहिए है कि नहीं?
- 7:23अब नवरात्रि के पास है। वैसे ना मैं कभी गरबा खेलने नहीं
- 7:26गयी तो आई डोन्ट नो। बट मैंने सुना है कि नवरात्रि के
- 7:29पासेस मिलना तो कोल्डप्ले की टिकट से भी ज्यादा महंगा है।
- 7:32मतलब मिलते ही नहीं है। लोगों को तो मान्य का मन जरूर था
- 7:36पर पासेस तो मिल ही नहीं रहे थे तो अब क्या करती?
- 7:39लेकिन तभी सामने से कोई लड़का आया और उसने कहा कि लो ये पासेस तुम
- 7:44रख लो एंड वो लड़का नक्ष था। अब मान्य क्या करती गरबा खेल के?
- 7:49क्योंकि उसे खेलना तो नक्श के साथ ही था ना बट अब क्या करें बेचारी
- 7:53मान्य अब हर दिन आती पर एक भी दिन नक्श उसे दिखा नहीं।
- 7:57फिर उसने सोचा अष्टमी वाले दिन आज साड़ी पहन के जाती हूँ।
- 8:00आज तो शायद नक्श मुझे दिख ही जाएगा लेकिन उसे फिर उस बाद नक्श
- 8:04नहीं दिखा। दिल थोड़ा सा जरूर टूटा लेकिन ठीक
- 8:08है, अब क्या कर सकते हैं? लेकिन इस बार के दिल टूटने से उसे
- 8:12इतनी हिम्मत मिल गई की उसने घर जाकर इंस्टा खोला और नक्श को एक
- 8:16रिक्वेस्ट सेंड कर दी। अब जो होगा माता रानी, देखेंगे ये
- 8:21सोचा उसने लेकिन सरप्राइज़ सरप्राइज़।
- 8:25नक्ष ने उसकी रिक्वेस्ट एक्सेप्ट कर ली।
- 8:27फिर बस उनकी बातें शुरू हुई एंड देन उनकी फ्रेन्ड्शिप हो गई।
- 8:32बहुत अच्छी फ्रेन्ड्शिप हो गई। फिर एक दूसरे के बारे में नक्ष को
- 8:35लगता था। नक्ष ने बताया कि मुझे लगा कि यार
- 8:38तुम बहुत ज्यादा यू नो गुस्से में रहने वाली लड़कियों का बहुत
- 8:41अटिट्यूड है। तुम में स्माइल बहुत कम करती हो,
- 8:43लेकिन मान्य ने कहा मैं हर किसी के साथ कंफर्टब्ल नहीं हो पाती,
- 8:47बस इसलिए शायद तुम्हें लगा होगा। ऐसा तो पहली बार इन्होंने डिसाइड
- 8:51किया मिलने का अब कोई कैफ़े जाता है तो कोई मूवी देखने, लेकिन
- 8:56इन्होंने डिसाइड किया कि हम तो मंदिर जाएंगे भाई, क्योंकि भगवान
- 9:00का बहुत बड़ा हाथ कभी उन्हें मिलाने में तो क्यों ना जाए?
- 9:03मंदिर क्नॉइस इन दोनों ने डिसाइड किया लेकिन नक्श थोड़े से लेट हो
- 9:08गए और माँ ने आप वेइट् करती रही। उसे थोड़ा बुरा भी लगा कि यार वो
- 9:12आएगा भी या नहीं? बट नहीं आया तो नक्श।
- 9:17और वो लोग मिले, काफी बातें हुई। नक्ष था काफी ब्रॉड माइंडेड इंसान
- 9:22और वो अगर हैंडशेक भी करता तो मान्य थोड़ी सी अनकम्फर्टेबल
- 9:26होती। लेकिन हमेशा से नक्ष ने उसकी
- 9:28कंफर्टब्ल को ज्यादा प्राइऑरटी दी थी।
- 9:31उसे पता था की कहीं ना कहीं जब मान्य भी उसे कंफर्टब्ल हो जाएगी
- 9:35तो? ये सब कुछ नॉर्मल होगा और वैसे
- 9:37नॉर्मल तो था भी, फिर 1 दिन उसने हिम्मत की और नक्ष को बता दिया कि
- 9:42मैं तुम्हें डे वॅन से बहुत पसंद करती हूँ लेकिन नक्ष ने कहा कि
- 9:48सॉरी पर मैं तुम्हें पैसे पसंद नहीं करता।
- 9:52मान्य तुम बहुत अच्छी इंसान हो पर।
- 9:55ऐसे नहीं, सॉरी ठीक है, पर मान्या ने कहा स्टिल वी अरे फेन्स, इट्स
- 9:59ओके, अगर तुम एक्सेप्ट नहीं बिगड़ती हो तो इट्स ओके, दोस्ती
- 10:03तो वैसे ही रहेंगी। एंड ने कहा हाँ हाँ दोस्त तो हम
- 10:06आज भी है। फिर अगली बार जब वो मिले तो
- 10:08मान्या ने उनींटेन्तिओनल्ल्य उसे कुछ ऐसा बोल दिया जिससे वो हर्ट
- 10:12हो गया। उसके बाद।
- 10:14नक्ष ने मानिया को बोल दिया की अब तुम बातें बंद कर दी दोस्ती खत्म
- 10:20कर दी मानिया को समझ में ही नहीं आया की आखिर प्रॉब्लम क्या थी आई
- 10:24मीन बताना तो चाहिए था ना मानिया ने बहुत ट्राई किया पर शायद होता
- 10:28है ना यार हर इंसान की कोई दुखती रग होती है तो उसे भी नहीं पता।
- 10:31हो सकता है उसने उनींटेन्शनली ही पर कुछ बहुत ही गलत बोल दिया हो।
- 10:36नक्श ने सारी दोस्ती खत्म कर दी। बाते बंद कर दी।
- 10:38सब कुछ ओवर सा हो गया। इनके बीच अब इस पॉइंट पर मान्य को
- 10:42लगने लगा की उसने शायद नक्श को खो दिया और अब शायद नक्श उसे कभी भी
- 10:46नहीं मिलेगा। क्नॉइस फिर भी मान्य कोशिश करती
- 10:49रही। उसने काफी सारे मैसेजस किए नक्श
- 10:51को 1 दिन बहुत लम्बा चौड़ाई मैसेज किया और उसे बताया की वो उसके लिए
- 10:55कितने मायने रखता है और 24 दिन तक हर रोज़ उसने यही कोशिश की।
- 10:59हर रोज़ उसने टेक्स्ट किया नक्श को लेकिन अब तक कोई भी रिप्लाय
- 11:04नहीं था पर मान्य ने सोच लिया था की हार तो नहीं मानूंगी।
- 11:07फिर फाइनली 1 दिन नक्ष ने उसके मैसेज का रिप्लाय किया और फिर
- 11:12नक्ष ने उसे बताया की वो एक बहुत ही बुरे रिलेशनशिप में से निकला
- 11:15था और कहीं ना कहीं उसे यही सब डर था की अब शायद वो उतनी यू नो
- 11:21शिद्दत से प्यार ना कर पाए। किसी और को और मानिया को सब कुछ
- 11:24एक्सेप्ट था। उसने कहा की इट्स ओके?
- 11:26तुम अपना वक्त लो पर मुझे पता है कि मेरा वक्त तो अब सिर्फ
- 11:30तुम्हारे लिए ही है तो तुम अपना वक्त लो।
- 11:33इट्स ओके, धीरे धीरे मान्य भी उसको यू नो।
- 11:37उस हर एक चीज़ पर विश्वास वापस उसका लौटाने लगी।
- 11:40जीस चीज़ से हमेशा नक्श ने सोचा था कि अब शायद मैं प्यार भर भरोसा
- 11:44ना कर पाऊं, किसी पर ट्रस्ट ना कर पाऊं।
- 11:46मान ने धीरे धीरे उसका ट्रस्ट जीता और फिर उसका प्यार भी एंड
- 11:50नाउ दे अरे हैप्पी इन लव एंड टूगेदर तो ये कहानी थी मेरी
- 11:55प्यारी से लिसनर की एंड आई जस्ट होप की इनकी लव स्टोरी ना बहुत
- 11:59अच्छे से पूरी हो जाए और ये भी शादी कर ले और ये भी मुझे शादी
- 12:02में बुला ले। अब यार तुम लोग बोलोगे।
- 12:06की भाई मैं तुम्हारी की शादी करा तो यार ऐट दी एंड ऑफ़ दी डे यू
- 12:09शुड गेट मैरिड राइट एवर से मैं तो कभी कभी सोचती हूँ ना की शादी
- 12:13क्यूँ ही करनी है और फिर मैं सोचती हूँ की खैर कौनसा यार अपने
- 12:17हाथ की चीज़ है ठीक है होगी जब देख लेंगे।
- 12:21तो ये कहानी थी मेरी दो लिसनर्स की।
- 12:23मैं अगली पॉडकास्ट भी अभी रिकॉर्ड करती हूँ जिसमे और कुछ रियल
- 12:27स्टोरीज़ तो मैं बताती हूँ तो टिल आई ऍम टेक किरण बाई बाई एंड कुछ
- 12:30टाइम के लिए अभी प्लीज़ थोड़ी सी स्टोरीज़ कम भेजना बिकॉज़ मेरे
- 12:33पास बहुत सारी स्टोरीज़ पहले अप हो गई है तो पहले मैं उन्हें
- 12:36निपटा लूँ। उसके बाद।
- 12:39इनमे से अभी मेरी स्टोरीज़ काफी एंड में आयी क्योंकि पहले मैं
- 12:41तुम्हे रियल स्टोरी सुना देती हूँ।
- 12:43ठीक है तो आज की हमारी तीसरी कहानी है रुचिकरण और ध्रुव की तो
- 12:50रुची। ये भी मेरी एक फॉलोवर की कहानी है
- 12:52तो एलेवेंथ क्लास में रुचि मिली थी करन से और पता नहीं किसी कैफे
- 12:57में शायद। उनकी दोस्ती हुई वहीं उसी कैफ़े
- 13:00में और फिर एक दूसरे से बाते करने लगे।
- 13:04अब होता है ना यार जीस स्कूल में हम होते है ना, हमें वहाँ का
- 13:06इंसान नहीं पसंद आता लेकिन दूसरे स्कूल का हमें बड़ा जल्दी पसंद
- 13:10आता है। सुरुचि को भी कारण पसंद आने लगा।
- 13:13वो बाते करने लगे और बहुत बाते करने लगे।
- 13:161 दिन करन ने रुचि से कहा की आई रियली लाइक यू सो चलना रिलेशनशिप
- 13:21में आ जाते है। अब एलेवेंथ क्लास में कोई क्या ही
- 13:24सोचे? ज्यादा तो रुचि ने भी कह दिया की
- 13:27वैसे भी आई ऑल्सो लाइक यू? तो फिर सब कुछ अच्छा रहा लेकिन
- 13:31शायद करन के लिए रुचि वास् जस्ट एन ऑब्सेशन उसे वो पसंद थी या
- 13:36नहीं ये तो नहीं पता पर उसे हासिल करनी थी रुची ऐट सम कॉस्ट।
- 13:40या तो उसने अपने दोस्तों से शर्त लगाई थी या खुद से की इस लड़की को
- 13:44पटाके बता तो मानो और उसने पटा भी ली रुची पटाली इस नॉट ए राइट वर्ड
- 13:50उसने कैसे ना कैसे उसे ये बिलीव करा दिया?
- 13:53की ही ऑल्सो लाइक्ड हर? एंड शी ऑल्सो लाइक्ड हिं तो अब
- 13:57रूचि के लिए ये ना रिलेशनशिप बहुत टॉक्सिक होने लगी।
- 14:00उसे समझ में आने लगा की कहीं ना कहीं करन दिद्न्त लाइक हर ऑर लव्ड
- 14:04हर इट वास् जस्ट दट स्मॉल ऑब्सेशन जो उसे था की भाई ये लड़की काश
- 14:09मुझे मिल जाए मिली तो कदर खत्म हो गई सारी की सारी।
- 14:13अब ट्वेल्फ्थ बोर्ड्स वगैरह आए सब कुछ हुआ पर छोटी छोटी बातों पे
- 14:17उसका गुस्सा हो जाना रुचि पर रुचि को ये सब समझ में आ रहा था पर वो
- 14:21अपने दिल को फिर भी समझा रही थी की नहीं ही लाइक, मी ही स्टिल
- 14:24लाइक मी? क्योंकि कहीं ना कहीं रुची सच में
- 14:27उसे पसंद करने लगी थी। फिर 1 दिन वो मिली ध्रुव से किसी
- 14:31बस में कहीं जा रही थी। एंड उसके बगल में एक सीट खाली थी
- 14:35तो ध्रुव ने उससे पूछा की अगर ये सीट खाली है तो मैं यहाँ बैठ सकता
- 14:38हूँ? प्लीज़ और पहले तो रुचि ने उसे एक
- 14:41अजीब सा लुक दिया बिकॉज़ वो नहीं चाहती थी कोई भी लड़का उसके बगल
- 14:44में बैठ मुझे लग रहा था की कही कोई बकवास ना करे बगल में बैठ कर
- 14:48बट फिर उसने देखा की वो लग तो नहीं रहा था वैसा तो उसने कहा ठीक
- 14:51है। बैठ जाओ तो आ बैठ गया एंड रुचि
- 14:56करन के बारे में सोचकर उसके आँखों में से आंसू आने लगे कि उसने अपने
- 15:00आपको किस रिलेशनशिप में ला दिया था जहाँ उसकी रिस्पेक्ट नहीं थी,
- 15:04वो कदर भी नहीं करता था। उसके स्टिल वो रिलेशनशिप में थी।
- 15:08कहीं ना कहीं उसके अंदर से भी वो प्यार तो खत्म था लेकिन एक
- 15:11उम्मीद। ये शायद करन सुधर जाए।
- 15:14हालांकि उसका दिल जानता था की ऐसा कुछ भी नहीं होगा।
- 15:16बट स्टिल होता है तो ये सब हो रहा था एंड उसके आँखों से आंसू आने
- 15:22लगे तो ध्रुव ने कहा की आई ऍम सॉरी, अगर तुम तुम्हें कुछ अजीब
- 15:26लग रहा है तो मैं खड़ा हो जाता हूँ, बट शी सैड अरे नहीं, इट्स
- 15:29नॉट बिकॉज़ ऑफ़ यू तो। ध्रुव ने कहा, तो वैसे तुम्हे एक
- 15:33बात बताता हूँ। रुचि ने कहा, मुझे तुम्हारी किसी
- 15:36भी बात में इन्ट्रेस्ट नहीं है। बट ही सैड जस्ट लिसेन टु मी फॉर ए
- 15:39वाइल तो फिर भी ध्रुव ने कंटिन्यू किया एंड उसने कहा तुम्हे पता है
- 15:42ये बस अभी हम 2 घंटे तक का जफ़र है उसके बाद तुम अपने रास्ते में
- 15:46अपने रास्ते तो मैं एक स्ट्रेंजर हूँ।
- 15:49और मेरा मानना तो है कि तुम मुझे बता दो, तुम्हारा जो भी प्रॉब्लम
- 15:52है हमारा मैं सॉल्व नहीं कर पाऊंगा, बट हो सकता है बताकर
- 15:56तुम्हें खुशी मिले, तुम्हारा दिल हल्का हो जाए।
- 15:59रुचि ने भी सोचा बात तो सही थी, ये मुझे जॅज करेगा तो भी क्या
- 16:02फायदा? मैं से मिलने वाली हूँ एंड उसने
- 16:05ये सब सोच कर। बता दिया को की।
- 16:08ऐसे करके से वो एलेवेंथ क्लास में मिली।
- 16:10उसके बाद उनकी फ्रेन्ड्शिप हुई। रिलेशनशिप पर अब वो सिर्फ एक
- 16:14ऑब्सेसिव इंसान बन के रह गया था। एक अजीबो गरीब इंसान जो रिलेशनशिप
- 16:19में होकर भी नहीं था, जो रुचि को बहुत बुरा लग रहा था एंड से सिर्फ
- 16:24सिंपल सी एक। निकल जाओ इस रिलेशनशिप से बिकॉज़
- 16:27ये रिलेशनशिप ऑलरेडी डेड है और रुची को भी शायद उसे पता था बट
- 16:32उसे कोई इंसान चाहिए था उसे ये बताने के लिए की तुम्हारे लिए अब
- 16:36ये रिलेशनशिप सिर्फ एक यू नो खतरा बन चुकी है।
- 16:40ये तुम्हारे लिए सही नहीं है और द्रव का ये बोलते ही रुची ने भी
- 16:43अपने दिल को समझा लिया की सही ही कह रहा है ये।
- 16:46और उसने करन को बोल दिया। जैसे ही बस का सफर खत्म हुआ,
- 16:50ध्रुव अपने रास्ते चला गया। सच में और रुचि अपने लेकिन कहते
- 16:54हैं की जो हमारे लिए बना है वो तो हमें मिलेगा ही जो की मैं तुम से
- 16:58हर कहानी में कहती हूँ तो वो भी मिली ध्रुव से।
- 17:01फिर से एक बार और ध्रुव ने उसे देखकर हाय नहीं कहा बिकॉज़।
- 17:05वो नहीं चाहता था की रुचि को वो दिन वापस याद आए।
- 17:08जीस दिन उसने करन के बारे में को सब कुछ बताया था और उसे ऑकवार्ड
- 17:11फील हो। ठीक है ना?
- 17:12इस बार रुचि खुद उस उसके बगल में जाकर बैठ गई और उसे बोली की थैंक
- 17:17यू तुमने मुझे उस चीज़ से हील कर दिया जो शायद तुमने मुझे वो चोट
- 17:23दी भी नहीं थी। सो थैंक यू।
- 17:25एंड पहली बार उसने ऑफिशियली उससे कहा हाई आई ऍम रुचि एंड यू अरे तो
- 17:30ध्रुव ने कहा हाई आई ऍम ध्रुव एंड।
- 17:32फिर उनकी बातें हुई और फाइनली इस बार रुचि को अपना सच्चा वाला
- 17:36प्यार मिला। सो आई जस्ट होप की तुम्हारा प्यार
- 17:39ऐसे ही बरकरार रहे और ऐसे ही ना। सच में जो रियल स्टोरीज़ में ऐसा
- 17:44होता है तो लगता है की यार सही है यार प्यार फिर कोई चीज़ तो होती
- 17:48है अब तुम्हें ना मिले तो ये मत सोचना की नहीं होती क्योंकि तुम
- 17:53मेरी तरह हो सकते हो अनलकी हो प्यार में पर चलो फिर मैं मिलती
- 17:56हूँ तुमसे अगले।