Latest / Baba ji Vijay Vats / 15 Mar 26 - सुभाष चंद्र बोस की मौत का सच!! गुमनामी बाबा का रहस्य और नागासाकी धमाके का अनकहा इतिहास
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- 0:17दत्ता तेरे प्रसाद बाबाजी पूनम आपने सब के बारे?
- 0:34में बात की। सुभाष चंद्र बोस के बारे में।
- 0:44आपने कभी विस्तार से नहीं बताया है।
- 0:51सुभाष चंद्र बोस मसीहाते हैं। आज़ादी के मसीहावर कोई?
- 1:00था। और सुभाष चंद्र बोस यह मेरी एक
- 1:11दुख। तीरक है।
- 1:16लेकिन इस दुख तीरक। को दत्तात्रे।
- 1:21तुमने आज इस पे हाथ। कोई बात नहीं।
- 1:31सुभाष चंद्र बोस आजादी के मसीहा इन दो व्यक्तियों को।
- 1:42मैं आजादी के मसीहा मानता हूँ। सुभाष चंद्र बोस।
- 1:49और सरदार भविष्य आधा काम सारे भारतवर्ष।
- 2:00ने किया। और आधा।
- 2:01काम इन दोनों ने किया। ये जो तालियां पीटते फिरते हैं।
- 2:12यह व्हाट्सएप। की फेसबुक की जेनरेशन ले दी हमें
- 2:18आजादी बिना। खड़क बिना ढाल महात्मा।
- 2:22गाँधी ने कभी भी नहीं कहा ये आजादी मैंने लिख दिया।
- 2:26अगर। कहीं भी लिखा हो, किसी कदाप में
- 2:29लिखा हो इतिहास। में व्हाट्सएप पर तो।
- 2:34कोई भी दो। कौड़ी का व्यक्ति कमेंट कर सकता
- 2:38है। लेकिन इतिहास में कभी गाँधी ने
- 2:43कहा हो। कि मुझे महात्मा कह।
- 2:46दो। मुझे राष्ट्रपिता की उपाधि दे दो
- 2:58या। मुझे किसी भी खिताब से सुशोभित।
- 3:01कर दो या आजादी? मैंने बिना शस्त्र उठाये ले दी।
- 3:11कभी ने कहा अगर। कहीं लिखा हो तो?
- 3:15पहले मेरी आखिरी चार। जूतियां मारना फिर?
- 3:20मुझे इतिहास की वो किताब देना। जो किसी आरएसएस के।
- 3:24व्यक्ति ने ना लिखी हो। किसी पुराने खिलाड़ी।
- 3:30ने लिखी हो जो उस वक्त आजादी के। आंदोलन में शुमार।
- 3:35था। सुभाष चंद्र बोस को इसलिए मैंने।
- 3:47आजादी का मसीहा, कहा ऐसा दिलावर व्यक्ति।
- 3:57मैंने जीवन में नहीं देखा। या फिर उसके बाद?
- 4:03ऐसा दिलावर व्यक्ति अब। जाकर मैंने ईरान में।
- 4:06देखा, यातुल्ला। अली खान बने कुछ बहादुरी सद्दाम
- 4:19हुसैन में। भी देखिए राजा जब राज़ करता है।
- 4:27तो उससे। कुछ गलतियाँ हो जाती हैं।
- 4:30इसलिए महात्मा गाँधी ने। राजपाट से इनकार कर दिया।
- 4:34तुम्हें शायद इसका कारण न फटा हो। तुम्हें मैं बदला दूँ जब सबरकर का
- 4:44पैगाम। गाँधी के पास आया।
- 4:47अब देश आजाद हो गया, तुम ही क्यों नहीं गद्दी संभाल लेते?
- 4:51बैरिस्टर बढ़िया लंदन के कॉलेज में पढ़े।
- 4:56मेरे से ज्यादा अमीरी के हालात में पले।
- 5:04तो तुमने इतना कुछ किया है, तुम ही क्यों नहीं बैठ जाते?
- 5:14गाँधी ने कहा। उसका जवाब आपको कहीं।
- 5:18इतिहास में नहीं मिलेगा। खुद गाँधी के मुख से सुनिए।
- 5:24राजपाठ को करने में। कभी कभी।
- 5:29कहीं कहीं हिंसा का। सहारा लेना।
- 5:31होता है, बगैर हिंसा के राज़ का किया जाता है।
- 5:42और मैं परम। अहिंसक हूँ।
- 5:48और मेरी इच्छा। भी नहीं है मैंने निष्काम कर्म।
- 5:50किया है। मैंने सेवा की है।
- 5:54भक्ति भाव से सेवा की है। उनका जवाब थोड़ा सा उल्टा भी था
- 6:07उसके। बारे में तुम्हें नहीं।
- 6:08बताऊँगा तो राजकाज। समाल्य में कभी कभी हिंसा हो।
- 6:18जाती है क्या? करे राजा ने बहुत।
- 6:20कुछ करना होता है। और मैं परम अहिंसक हूँ।
- 6:27मैंने सब त्याग दिया। अहिंसा नहीं त्यागी।
- 6:31मैंने शरीर त्याग दिया। अहिंसा नहीं त्यागी और सुभाष
- 6:39चंद्र बोस। तो परमवीर थे।
- 6:45इन दो। व्यक्तियों का ऋण भारत माता कभी
- 6:52नहीं चुका पाया। विनायक।
- 6:57दामोदर सावरकर का कोई ऋण मातृभूमि है नहीं।
- 7:11नमामि सदा वत्सले। मातृभूमि हे माते तुम्हें?
- 7:21स्नेहपूर्वक मुझे स्नेह देने वाली माते, मैं तुम्हें अनंत कोटी शय।
- 7:27प्रणाम करता हूँ। नमामि सदा वत्सल्य मातृभूमि।
- 7:36यह। मंत्र बिल्कुल उसी तरह।
- 7:38है जैसे कोई जीते जी। अपने पिता को।
- 7:42बिमारी की हालत। में पानी का।
- 7:47और फिर मरने के बाद उसकी फोटो। के ऊपर फूल चढ़ा।
- 7:51और उस मालों को रोज़। बदले बस ये ऐसा।
- 7:54है। मैं श्रद्धा का हक करता हूँ जीस
- 8:02संस्थान में। भारत को आजाद बेड़ियों से मुक्त?
- 8:09करने के लिए एक। चिड़िया की भी शहादत।
- 8:12न दिखो। फिर वह बिल्कुल।
- 8:15ऐसा है जैसे। भारत माता की तस्वीर।
- 8:18के ऊपर फूल। अर्पण कर देना।
- 8:21और शब्द। बोलना नमामि सदा वत्सले मातृभूम
- 8:24में। यह सुभाष चंद्र बोस।
- 8:32सरदार भक्त सिंह जैसा व्यक्ति कह सकता है वह दिलीप वह नफ़ुंसक नहीं
- 8:43थे उनके। हृदय में वीरता भरी पड़ी थी।
- 8:51क्षमा कीजिएगा मन।
- 9:07या थोड़ी साइंटिफिक कैलकुलेशन? देता हूँ तुम्हें मन के साथ शरीर
- 9:15का संबंध होता है। अगर मन नपुंसक।
- 9:19हो? तो शरीर भी नपुंसक।
- 9:22हो जाता है। मन नामर्तों से व्यवहार करता हो
- 9:30तो शरीर। भी नपुंसक हो जाता।
- 9:32है मन और शरीर। दोनों एक ही।
- 9:37वस्तु का हिस्सा है एक सूक्ष्म है, एक अस्तुल है, जिसका मन
- 9:56असमर्थ होता। है कोई तरक्की करने में?
- 10:02वह नामर्द हो जाता है। उसका शरीर भी नमक हो?
- 10:06जाता है। यह साइंटिफिक व्याख्या है।
- 10:13इसलिए तुम पाओगे इन लोगों की कोई। उलाद नहीं होती।
- 10:19और अगर ये शादी भी करा। लेते हो उलाद नहीं होती।
- 10:25क्योंकि इन्होंने सिर्फ अन्याय के विरुद्ध झुकना सिखाया है।
- 10:32शस्त्र भी तो क्या उठाए? लाठी।
- 10:37वो भी पतली सी। जिससे कुत्ता भी न बांधे।
- 10:44नमामि सदा वत्सले मातृभूमि मैं। भारती को मेरा कोठिष्णु।
- 10:55हर्दा। से यह आवाज़ आई।
- 11:00वह और बात। है।
- 11:03मनस का नपुंसक हो जाना। मनस।
- 11:08का किसी के चरणों। में विषय जाना।
- 11:11यह और बात है। इसलिए तुम कहते हो, उसने तो शादी
- 11:17नहीं की उसके बच्चे कैसे? मैंने कहा, साबरकर ने तो शादी की
- 11:23थी लक्ष्मण। के साथ।
- 11:28और वह तो आजाद भी था। 47 के बाद वो आजाद।
- 11:34उसके कहाँ बचा? हुआ।
- 11:41इनमें सीमन बनता है वो तो वो तो साइंटिफिक प्रोसेसिंग है नेचर
- 11:47लेकिन उस सीमन में जीवन की। उत्पत्ति नहीं होती जिसे हम।
- 11:52कहते है इसमें एक बात। मैं आज सैंटी।
- 12:01फीकल बहादुरी और। कायरता से संबंधित बता।
- 12:06रहा हूँ। कल कहानी भी सुनाई थी अफगानिस्तान
- 12:11में मोसूल। अब्बास।
- 12:13और कहता तुमने कोई तरक्की की कहता ने तरक्की।
- 12:17की। तो फिर तुम्हें उधारी भी नहीं।
- 12:22मिलेंगे, वापस कौन करेगा? मन से नामर्थ।
- 12:30तो शरीर से नामर्थ, इसलिए मैं सदा।
- 12:34ही कहता हूँ मेरे पास फॉर है। प्रत्येक व्यक्ति जो मेरे पास आ
- 12:43जाते है लोग। और शर्त लगा के कहते।
- 12:47हैं। हमारे लड़का ही किसी ने मुझसे आज
- 12:51तक शिकायत करने की। तोहमत मेरे पे नहीं लगी।
- 12:57क्या आपने कहा था लड़का होगा? हो गई लड़के।
- 13:11शायद जो आत्मगाथा आप। सुन रहे हो रोहित?
- 13:17की वो आपको हतप्रभ हो भरे। एक स्त्री मुझे कहे कि मेरी लड़की
- 13:26पहले है 6 साल। साल।
- 13:29और मुझे लड़का चाहिए। अगर दूसरी लड़की होगी तो मुश्किल।
- 13:32हो जाएगी और मैं। उसे कहता हूँ तुम।
- 13:38ठीक हो। जाओ लड़का ही होगा, लड़का ही होता
- 13:43है। एक वर्ष।
- 13:46तक ठहरना पड़ा। उन्हें मैंने कहा।
- 13:48ठहरों आगे। खैर, जो?
- 13:54कृष्ण के पास था। वो मेरे पास हुए।
- 14:03कृष्ण की लड़की हुई। 16।
- 14:071108 रनों से 10। बच्चे हुए और लड़के बैठा हुए 10
- 14:12के 10 लड़के। सभी उनमें से 10।
- 14:16तो मान्यता प्राप्त। थी।
- 14:19आठ। शादी करके।
- 14:23लेके आए थे। खुद अपनी इच्छा से।
- 14:25और बाकी समाज से नरका। सुर्के बंधन से छुड़ाई गई।
- 14:31वो राजकुमारियां? थीं, जो उसने उठा ली।
- 14:33थी जैसे एपिस्टन कांड में हुआ। ये मर्द है लेकिन।
- 14:46उपजाऊ मर्द नहीं है। ये बंजर मर्द है।
- 14:51इस परिभाषा को ठीक से शब्द लेने इनमे।
- 14:55वेरे की उत्पत्ति होती है। लेकिन सपरम उत्पन्न नहीं होती।
- 15:01ऐसे ही स्त्रियां भी होती हैं। जिन्हें डेट भी आती है, महामारी
- 15:06भी आती है लेकिन अंडाणु है। वो बांझ।
- 15:10होती है बस। उन्हें स्त्री के रूप।
- 15:15में ना मद नहीं ना स्त्री। का है ना?
- 15:301941 में देखिए पुरानी याद है थोड़ा सा आंकड़ा कमीचों।
- 15:40पे जाऊं तो क्षमा कर देना। तीसरे जन्म की यादों को तोड़ना
- 15:47बहुत मुश्किल होता है। इतना आसान होता है।
- 15:51और खास तौर से ये पीएलआर करने वाले तो।
- 15:56मूर्ख आनंद है ये मूर्खों की औलाद है।
- 15:59पिछले जन्म में ये जा ही नहीं। सकती।
- 16:02इसी। जन्म के पिछले अध्याय में जा सकते
- 16:05हैं। इसी जन्म।
- 16:10में तुमने जो कर्म। किया वो तो तुम्हें याद होता ही
- 16:13है, लेकिन तुम भूल जाते हो। फिर तुम्हें याद कराना।
- 16:18पड़ता है। बस इतना ही ये पास्ट लाइफ
- 16:22रिग्रेशन बारे कर सकते हैं। अपने ही इस जन्म।
- 16:25की पिछली स्मृतियों में ले जाते हैं तुमको जो तुम भूल।
- 16:29चूके हो यह? एक ठगी है।
- 16:34यह एक व्यापार है। यह एक दूसरों से।
- 16:37धोखा है पिछला। जन्म इतनी मोटी दीवारों से।
- 16:44बजरकी द्वारों से स्टील फलादी दीवार दो।
- 16:50जन्मों के बीच का। अंतराल डंका हुआ है।
- 16:54किसे कोई नहीं? तोड़ सकता कोई।
- 16:57वीर ऐसा नहीं है धरती। पे जो।
- 17:00उस दीवार को तोड़ दे वह तुम तोड़ सकते।
- 17:03हो उसकी चाबी, सर्फ़ तुम्हारे पास है।
- 17:10उसमें तुम्हारी कीमती जेवरात। पड़े प्रकृति बड़ी संभाल के रखती
- 17:15है तुम्हारी। स्मृतियों को।
- 17:18और तुम उसे खोद सकते हो उसकी। विधियों हैं।
- 17:23बहुत से लोगों को। मैंने ये विधियों करवाई।
- 17:27है। लेकिन कम से कम।
- 17:31उनको तो नहीं। जो छोटी सी बात पर।
- 17:34भगवान बन बैठते है। ये कमेंट करने।
- 17:37वाले भगवान ही तो होते है। आपको ज्ञात है।
- 17:451947। के बाद।
- 17:48देश ने कितने प्राइम मिनिस्टर? देखे किसी।
- 17:54ने हिंदू मुसलमान किया। तुम जानकर हैरान 1947।
- 18:02के बाद देश। में कितने प्राइम मिनिस्टर?
- 18:07थे क्या? किसी ने हिंदू मुसलमान किया?
- 18:13अब आओ इसकी साइंटिफिक। परतों में चलते हैं।
- 18:20जिनके। पास देश के लिए।
- 18:22करने को काम। होता है।
- 18:25वो कभी हिंदू मुसलमान नहीं करते। वो देश को जिनके।
- 18:29पास बिल्डिंग निर्माण करनी होती है वो पिछली।
- 18:34यादों को कभी दोहराया करते हैं। सिर्फ वो ही व्यक्ति।
- 18:40करेगा फालतू की बातें। इनमें कुछ मिलेगा भी जिनको करने
- 18:50को। कोई काम नहीं होता झूठ।
- 18:55बोल के आए हैं। पता है।
- 18:59ऐसी ये दुनिया टिकेगी नहीं, ऐसी कांग्रेस छोड़ेगी नहीं।
- 19:06अटल बिहारी वाजपेयी आए, शाइनिंग इंडिया का नारा दिया, लेकिन कहाँ?
- 19:13शाइनिंग इंडिया खुश हो। गया।
- 19:19फिर फिर डॉक्टर मनमोहन सिंह आए। गिरती हुई अर्थव्यवस्था को 2000।
- 19:27आठ में उन्होंने संभालना कितने प्राइम मिनिस्टर?
- 19:31आए और भला दुश्मनी जिंदा से। तो हो सकती है।
- 19:37मुद्दों से भी कभी। दुश्मनी होती है।
- 19:40मनमोहन सिंह प्रधानमंत्री थे उन्हें जहाँ अन्य प्रधानमंत्रियों
- 19:49को दफन। किया गया।
- 19:51वहाँ क्यों नहीं आग? दी गई उनको बाहरी।
- 19:55क्षेत्र में। क्यों आग दी गई?
- 20:03ऐसा व्यक्ति मैंने ज़िन्दगी में पहली बार देखा है।
- 20:06जो मुर्दे के। साथ विद्रोह करे।
- 20:17जीसको करने को कोई काम नहीं होता जिसने विकास नहीं करना और विकास
- 20:23करना उसके वश की बात। नहीं है।
- 20:30वहीं इन फालतू शब्दों को। निरर्थक शब्दों को दोहराएगा।
- 20:37आज के जो हाकिम हैं। वो इसी श्रेणी में आते हैं।
- 20:44हम वापस लोक से। सबसे ज्यादा डरते।
- 20:48थे अंग्रेज सुभाष चंद्र। बोस।
- 20:53गाँधी का अपना नजरिया। था।
- 20:56गाँधी का नजरिया था कि एक। तरफ गर्म दर, एक तरफ नरम दर।
- 21:06गाँधी कहते हैं, मैं मर जाऊंगा। ये लो भूख हड़ताल।
- 21:10खाने नहीं अब उनके जान को मुसीबत। पड़ गई है।
- 21:16सुभाष? कहते हैं, मैं तुम्हें मरूँगा
- 21:20गाँधी कहते हैं, मैं। खुद मर जाऊंगा।
- 21:23दो पार्टियों के बीच में सावित। बचा न कोई ये दुविधा में आ गया।
- 21:28ये कैसा ही हिंदुस्तान है 1945 में।
- 21:39ब्रिटिश। बड़ा कमजोर।
- 21:40हो गया था। उनके पास खर्चने को धन नहीं था।
- 21:46बुद्धों के बाद? प्रत्येक देश की।
- 21:48यही हालात हुए करते हैं। इस समय मैंने कहा भी था।
- 21:55मिस्टर डोनाल्ड ट्रंप। तुम्हारी खुद की।
- 22:03ही फौज? खुद।
- 22:06के ही तुम्हारे बॉडीगार्ड। उनसे सावधान रहना, बस।
- 22:09मेरे कहने का मतलब मिस्टर बेंजामिन या नितिन्याहू और मिस्टर
- 22:24नरेंद्र मोदी। तुम्हारी गणना तो कहीं आनी भी
- 22:28नहीं चाहिए। तुम तो वो फूल हो जो खेलने से
- 22:36पहले ही। मोर्चा?
- 22:45क्योंकि खेलने के लिए भी कुछ। मर्दाना हालात से हैं।
- 22:50तुम्हारे पास वो सर्कमस्टैंसेस हैं।
- 22:55डीएनए सब रख रखा है शायद तुम्हें पता न हो।
- 23:02हेडगे वार। भी पहले कांग्रेस के।
- 23:07मेंबर थे। सुभाष चंद्र बोस भी कांग्रेस के।
- 23:13भगत सिंह भी कांग्रेस में थे ये सभी कांग्रेस में।
- 23:22थे। लेकिन फिर अलग क्यों हो गए?
- 23:29अलग हो गए सिर्फ। विचारों के कारण।
- 23:33मतभेद, मनभेद दिन में कभी नहीं होता।
- 23:37अगर मनभेद हो जाता। तो हिंदुस्तान।
- 23:39कभी आजाद ना होता मतभेद थे। सुभाष चंद्र बोस, भगत सिंह।
- 23:47ये। कहते थे बिना शस्त्र।
- 23:49उठाये। हाँ, साबरकर भी था बिल्कुल
- 23:54बिल्कुल बिना शस्त्र उठाये बिना हिंसा के आज़ादी में मिलेंगे।
- 24:04गाँधी कहते थे। शस्त्र विहीन क्रांति।
- 24:09इतनी बड़ी फौज से? जो दो तिहाई या तीन चौथाई?
- 24:14विश्व पर जिनका कब्जा है उनके पास।
- 24:17इतनी हथियार और इतनी फौज? है कि हम।
- 24:20उनसे एक बंदूक के। बल के।
- 24:23ऊपर जीत नहीं सकते। और कारण बिल्कुल स्पष्ट था।
- 24:30ज़रा सोचो तो हमारे। पास एक बंदूक हो।
- 24:34हिंदुस्तान के आर्मी सब तुम लड़। पाओगे यह तो अंधे।
- 24:39को भी दिखता है। इतना सा तो दिमाग।
- 24:44काम करता है, लेकिन प्रेरणा थी खून में उबाल।
- 24:49था। मतभेद था, मनभेद नहीं था।
- 24:57सुभाष चंद्र बोस भी कांग्रेस में थे।
- 24:59हेड गवार भी कांग्रेस में थे और यहाँ तक कि मुहम्मद।
- 25:04अली जिन्ना। भी कांग्रेस में थे।
- 25:08सबर के कितू पाछो वो किसी गणित में।
- 25:11आता नहीं। यद्यपि उसने देश।
- 25:19के लिए प्रयास। से जुरूप।
- 25:23किया है। जब गाँधी दक्षिण अफ्रीका में थे।
- 25:28तो मैं। किसी सत्य से मुँह।
- 25:29कर रही हूँ था। 1900 1906 में।
- 25:37लेकिन वो ही हिंसा। का सहारा लेकर।
- 25:40उन्हें एक व्यक्ति को यहाँ मार दिया जो अंग्रेजों।
- 25:48का अधिकारी था एक व्यक्ति को। वहाँ।
- 25:52मार दिया लंदन में। और देखो ये लोग खुद नहीं मारते,
- 25:59ईडी भेज देते। हैं आईटी भेज।
- 26:02देते हैं। आज ढंग बदल गए।
- 26:06दूसरों के जरिये मरवाते हैं। खुद में तो हिम्मत है नहीं।
- 26:12खुद का चेहरा सामने। आए।
- 26:15इतने। कायर हैं ये बर्दाश्त नहीं कर
- 26:17सकते। दूसरों को तैयार करेंगे उनके।
- 26:21दिमागों में। जहर घोल घोल कर।
- 26:24इसलिए मैं तुमसे कहता। हूँ आरएसएस।
- 26:26की शाखाओं का बहिष्कार। करो बच्चों।
- 26:30अगर तुम बहिष्कार नहीं। करोगे तो?
- 26:32एक बार एपिस्टिन फाइल्स। को देख लो छोटी छोटी बच्चियां
- 26:39क्या हसर? करते हैं ये दरिंदे और अगर मैं
- 26:42कहता। हूँ।
- 26:43के 25,00,00,000 से। ज्यादा लिमिट नहीं होनी।
- 26:46चाहिए तो। आज सारे इस संसार।
- 26:48को समझ। आ गई मुझे विदेशों।
- 26:50से बहुत मैसेजस। आ रही है मृ से शुद्ध है।
- 26:58बाबा? क्रांतिकारी सूत्र हैं।
- 27:02असल में एपिस्टीन। कांड हुआ ही तो?
- 27:04केन के पास। पैसा नाजायज से नाजायज?
- 27:08मात्रा में बढ़ गया। तो फिर ये ऐसे।
- 27:12कांडों में पता है। धन से खरीद लेंगे।
- 27:19धन से खरीद। लेंगे।
- 27:21चुनाव आयोग धन से कृत लेंगे न्यायपालिका धन।
- 27:26से कृत लेंगे सारा। तंत्र आज भी मेरे।
- 27:32पास बहुत से मैसेजस। आते हैं बाबा आपने बड़ा
- 27:35क्रांतिकारी। विश्लेषण किया है।
- 27:40के 25,00,00,000 से। ज्यादा किसी के पास।
- 27:44पैसा नहीं होना चाहिए। बस अपनी पूरी जिंदगी ठीक से अच्छे
- 27:50से गुजारते। हैं आज प्रथम बार।
- 27:55कह रहा हूँ। प्रथम बार हजारों वीडियो बोलने के
- 27:59बाद। इस वीडियो को पूरा सुनना।
- 28:03बड़ा इंटरेस्टिंग सब्जेक्ट। आएगा आगे?
- 28:08पूछ ही लिया। है मेरी दुखती रक।
- 28:10व हस्त टप दिया है। तो आज मुझे पूरा बोल लेना था।
- 28:25हिंसा का फल क्या हुआ? दो व्यक्ति मार दिए, अंग्रेजों ने
- 28:29पकड़ लिया 1910 में वहाँ से पकड़। के यहाँ ले आए।
- 28:38अंग्रेजों का रास्ता, मुकदमा। चलाया गया 50 साल की सजा।
- 28:42अपराधी को होनी चाहिए। कि नहीं होनी चाहिए?
- 28:48गाँधी का मार्ग अपनी जगह पे बिलकुल ठीक था।
- 28:53अगर शस्त्र होता अगर। इतनी ताकत होती तो शायद।
- 28:58हम हिंसा भी कर लेते। लेकिन आज ताकत।
- 29:03नहीं है तो यहाँ दूसरा फार्मूला काम करेगा बस खुद मर जाऊंगा।
- 29:08मैं। तीसरा होता है सरेंडर वह सरेंडर।
- 29:15तो कभी मत करना। या तो मार देना या मर जाना।
- 29:24बस दो ही काम। आयतुल्लाह अली।
- 29:27खमने की तरह समर्पण। और तीसरा मार्ग।
- 29:35नपुंसक लोग चुनाव करते। हैं वो क्या है सर?
- 29:41जनरल न्याजी ने सरेंडर। किया पाकिस्तान के मार्शल हमारे
- 29:52यहाँ के। मार्शल मानेक शाह फील्ड मार्शल।
- 29:58उन्होंने कहा सरेंडर जनरल न्याजी सरेंडर उन्होंने सरेंडर कर दिया।
- 30:08ये तो हिंदुस्तान की धरती में अहिंसा की खुशबू है हमारे ऋषियों
- 30:16की आज। मैंने कहा लाखों सालों तक ये
- 30:19निकलती रहेंगी। इसलिए यह धरती पावन।
- 30:22है। तो इस रूप में तो इसे नमन करना
- 30:25ठीक बनता। है।
- 30:32नमस्ते सदा पतशले मातृभूमि में इस रूप में नमन का कृत्य बनता है।
- 30:38यह हमारे महापुरुषों के। चरण चिन्ह यहाँ पड़े।
- 30:45दूसरा की कारण है। निश्चित रूप से सावरकर।
- 30:52प्रथम वक्त में आग। थी हिंसा का।
- 30:58सहारा लिया पकड़ लिए। गए।
- 31:00फिर उसके बाद। समर्पण मांगने की कोई जरूरत नहीं।
- 31:06बस या मर जाओ या मार दो फिर मर जाना चाहिए समर्पण तीसरा रास्ता
- 31:15है। तुम इसे लाख।
- 31:17कह लो कूटनीति। लेकिन कूटनीति समझाने के।
- 31:22प्रयास कायरों के होते। हैं सरेंडर कूटनीति नहीं है
- 31:29जलन्याजी ने कूटनीति क्या? खाक खेली।
- 31:35अपनी सारी फौजों को कह। दिया शटडाउन।
- 31:45और जनन्या जी ने कहा, हम। समर्पण करते है यह।
- 31:51कोई कूटनीति का रणनीति नहीं। सरेंडर तो कभी भी मत करना अगर तुम
- 32:02मेरी रीढ़ की हड्डी है। अगर रीढ़ की हड्डी।
- 32:07नहीं है। तो मर जाना।
- 32:08या मार देना। ये दो ही तरीके।
- 32:11है ये ही। कृष्ण ने कहा था।
- 32:15हे अर्जुन, अगर तू मर गया। तो भी स्वर्ग के सुख।
- 32:20प्राप्त करेगा क्योंकि क्षेत्र। स्वधर्मे ने धर्म।
- 32:24से पर धर्मो व्यावाह। और अगर तुने?
- 32:30इनको। मार दिया तो यहाँ राजपाट?
- 32:32होगे। कहा कहा।
- 32:35तू समर्पण कर दे गीता में। एक भी शब्द।
- 32:46क्षत्रिय के लिए नहीं कहा गया कि तू समर्पण?
- 32:49करती। भक्ति भाव।
- 32:51में कहा गया कि। तू समर्पण करते।
- 32:53वो बात अलग है। वो तीसरी श्रेणी भक्ति की श्रेणी
- 32:59आती है परमात्मा। को प्राप्त करने के लिए।
- 33:04उसमें किसी युद्ध का वृतांत नहीं। वो कहती सर्वधर्माण
- 33:09प्रतिज्ञमामीकम शरणं वृक्ष। आम तोम सर्वपव्य।
- 33:14भव मोक्ष स्वामी मासूचा। वो समर्पण किसी और तरह का कहता
- 33:20है। और वो समर्पण शरीर का नहीं।
- 33:23होती। वो समर्पण।
- 33:25चित्त का होता? है।
- 33:31तो इसलिए। सरेंडर तो कभी मत करना।
- 33:35और यह? कोई कूटनीति राजनीति नहीं है।
- 33:41यह भगोड़ा पंथी। है।
- 33:49मेन स्ट्रीम मीडिया। मैं इसे बहुत ही मीडिया नहीं
- 33:52कहूंगा। मेन स्ट्रीम।
- 33:55मीडिया आज कायर हो गया है बिक गया।
- 34:01इसलिए वह कुछ भी हो रहे। है नहीं, मैं इतनी बेइज्जती नहीं।
- 34:07ये भी हमारे ही। भारत के जन्मे हुए लोग।
- 34:11हैं इसी माटी की धुर। इनके शरीरों पर।
- 34:15हुई है। और ये अगर उस तत्व चला जाऊं।
- 34:22वहाँ पर मेरे बच्चे। ही है।
- 34:27आदम को खुदा मत बोल। आदम खुदा, लेकिन खुदा से आदम।
- 34:35जुदा नहीं। किसी न किसी तल पर ये मेरे बच्चे
- 34:42हैं। लेकिन मैं इन्हें समझा रहा हूँ।
- 34:51बिलकुल ऐसे ही ये जो मीडिया वाले बिक गए, उन वैश्यों की तरह जो
- 34:57कोठे पे अपना शरीर बेचते थे। मेरी बच्चियाँ?
- 35:07मैं क्या कहूं झूठ? बोलने को हुई मश।
- 35:12होती क्यों? क्योंकि लड़ने की ताकत नहीं।
- 35:19जिनमें लड़ने की। ताकत होती है, फौलादी रीढ़ की
- 35:24हड्डी होती है, वो तो अड़ जाती है।
- 35:29गाँधी की तरह जांच। बन्जम के समय।
- 35:31जाके खड़े हो जाते हैं। नंगे।
- 35:36जार्ज पंचम। हंस के कहते हैं मिस्टर गाँधी
- 35:40व्हेर अरे यू लुकस। और देखिए जो व्यक्ति जार्ज।
- 35:46पंचम के सामने खड़ा होने की हिम्मत?
- 35:48नहीं कर सकता और वह व्यक्ति जो जार्ज।
- 35:57पंचम के सामने जवाब? देता है।
- 36:02के जार्ज पंचम। सर मेरे।
- 36:05क्या अपने तो सारे हिंदुस्तान के लोगों के वस्त्र पहन रखे हैं?
- 36:11एंड दीज़ आर सुफ्फिसिएंट जितना मैंने पहन रखा है जी काफी है।
- 36:18और जितना तुमने पहन रखा है वो भी काफी है।
- 36:21लेकिन लुटा हुआ है, मैंने अपनी मेहनत से कमाया है।
- 36:28गाँधी बैरिस्टर से दक्षिण अफ्रीका में बड़ी शानदार बैरिस्टरशिप चल
- 36:33रही थी। उनकी दो दो दीवान थे।
- 36:39उनके पिता। दीवान, उनके दादा उत्तमचंद।
- 36:42दीवान उनके पिता। करमचंद दीवान कोई भिक्षापत्र।
- 36:50नहीं उठा लिया था। स्वर्ग में पले थे।
- 36:57लॉर्ड से पालन पोषण किया था पुतलीबाई ने।
- 37:04और तुम्हें शायद जानकर हैरान हैं वो गाँधी के पिता करम सिंह ने भी
- 37:12चार। शादियों की थी।
- 37:17तरक्की? नहीं हुई तो चार शादियाँ तीसरी।
- 37:23शादी में एक बेटी हुई थी। तो फिर?
- 37:28चार शादियाँ, तुम कह देते हो क्या?
- 37:35मोहम्मद नहीं, चार। शादियाँ 10 शादियाँ की हाँ,
- 37:40बिल्कुल। और सात बच्चे पैदा।
- 37:45हुए हैं। तीन बेटे, चार।
- 37:49बेटियां? छः के छः मर के बचपन में।
- 37:54उसके संग और। फातिमा बची एक अकेली और।
- 38:00फातिमे का वंश ही चल रहा है। जिसमें अलीक हमने।
- 38:09वे। फातिमे का वंश है।
- 38:12बच्चे सभी उसके सामने मर गए थे। बाकी पर एक और आपको बता दूँ।
- 38:18फातिमा भी मोहम्मद की मृत्यु के। कुछ देर।
- 38:23बाद ही मर गई कुछ महीनों बाद ही। 1941 में अंग्रेज डरते।
- 38:39थे सुभाष चंद्र वो जब बोलते थे गरजते थे, ऐसा ही प्रतेक थे।
- 38:50लेकिन पटेल समन्वयवादी थी। सुभाष चंद्र बोस क्रांति।
- 38:55कर रहे थे उससे। डरते थे उन्हें अपने।
- 39:00ही घर में नजरबंद कर दिया। कोलकाता में।
- 39:09जहाँ तक मुझे याद। आता है।
- 39:17शायद। यह तीन मंजिला इमारत।
- 39:20थी मैं गया हूँ वहाँ बहुत बार गया हूँ।
- 39:26लेकिन आप सीखा पुरानी यादें हैं। कहीं गलती खा जाओ।
- 39:29तो क्षमा करते हैं। तो बहुत।
- 39:39अच्छी तरह से। पालन पोषण हुआ है फिर इन्होंने एक
- 39:46रात। डेढ़ 2:00 बजे के।
- 39:50करीब इन्होंने। कहा ऐसे तो आजादी की जंग कैसे चली
- 39:55जाएगी सड़? सड़ के मर जाएंगे।
- 39:58एक चाल चली खुद को पठान का। रूप।
- 40:01धारण करके वो सलवार डाली पठान वाली पठान वाले कपड़े।
- 40:05डाली वैसी ही पगड़ी। पहन ली।
- 40:11और रात को डेढ़ 2:00 बजे के करीब घर छोड़।
- 40:13दिया उनके भतीजे ने। कार के द्वारा उन्हें।
- 40:19ट्रेन तक पहुंचा है। वहाँ से शायद वो।
- 40:22पेशावर गढ़ वहाँ से ट्रेन के। द्वारा पेशावर से होती है वो।
- 40:28जर्मनी में जर्मनी में जकरू ने एमिली सिंह की।
- 40:36नाम की एक लड़की। से शादी?
- 40:38की। उनसे उन्हें एक लड़की।
- 40:43प्राप्त है। अनीता बोस 1945 में उनका जन्म हो।
- 40:58अब वो। दिलचस्प घटना जो।
- 41:01शायद आपके लिए आज। भी रहस्यमयी है।
- 41:08छः। अगस्त और 9 अगस्त को।
- 41:11ओपेन हैमर ने लिटिल ट्वाय नाम के दो अनुपम हिरोशिमा, नागासाकी।
- 41:20पर दाग गए। 1943 में।
- 41:27सुभाषचंद्र बोस ने जर्मनी छोड़ के जपन चल गए थे।
- 41:34और दुर्भाग्य से वो उस वक्त नगासा की में थे।
- 41:42वो उन अनुभवों के लपेट में आ गए ना विमान दुर्घटना का।
- 41:52ना उनका कतल किया गया ना गुमनामी। बाबा थे गुमनामी बाबा तो रामदयाल
- 41:59नाम के उनके। एक आजाद।
- 42:03हिंद फौज से इंटरनेशनल। मिलिट्री कहा जाता है।
- 42:13जैसी इंडियन नेशनल कांग्रेस है। वैसे इंडियन नेशनल।
- 42:19या एक। फौज भी थी रामदयाल के पास।
- 42:28वो सारी चिट्ठियां पत्र, कागज़। वगैरह।
- 42:32उसका सदस्य था आईएनए। का इंडियन नेशनल आर्मी वह गुमनामी
- 42:40बाबा के नाम से था। नाम उसका रामदयाल था और सुभाष
- 42:45चंद्र बोस का करीबी। था।
- 42:51वह यूपी के भीतर फैज़ाबाद। में किसी मकान में।
- 42:58रहता था उसे आखिरी। पल में ही गुजर गया वह सुभाष
- 43:03चंद्र बोस ने। 6 अगस्त और 9 अगस्त।
- 43:09को 1945 में ही ये तीनों। कहानियों और 18 अगस्त।
- 43:14को उसकी मृत्यु दुर्घटना में दिखाई जाती है।
- 43:19अगर सुभाष चंद्र बोस की मृत्यु। लिटिल ट्वाय में दखल दी जाती।
- 43:26है तो हिंदुस्तान। में आग जल जाती है।
- 43:32ओपेन हैमर। समाज अर्थ उसे पता था।
- 43:40कि नागासाकी में। सब पता होता है इनको क्योंकि
- 43:46जापान और जर्मनी। तब दोस्त।
- 43:48थे और जर्मनी से। जापान आ गए 43।
- 43:56और 43 से लेकर। वो रेडियो से संबोधित करते रहे
- 44:00अपनी आईएनए को। भाषण उनके अतिथि।
- 44:09अपनी सेना को संबोधित। करते थे शुरू शुरू में थोड़े से
- 44:12लोग थे। विनायक दामोदर संवरकर ने यहाँ एक।
- 44:17बहुत बड़ा पाप कर दिया। हिंदुओं से कहा हिंदू।
- 44:23वैसे से खरीद ली गई जो। पनीरी है।
- 44:29वो ऐसे ही बोला। करती है तुम अंग्रेजों।
- 44:35की फौज में भर्ती हो जाओ तुम सुभाष चंद्र बोस की आजाद।
- 44:40हिंद फौज में आजाद हिंद फौज तो? उसको कह देते हैं।
- 44:43यह तो उनका मंतव्य। था।
- 44:45असल में उसका नाम। था।
- 44:47आईएएन इंडियन नेशनल आर्मी भारत की आजादी?
- 44:53उनका मंतव्य। था इसलिए उनको आजाद।
- 44:57हिंद फौज कहा जाता। है।
- 45:00उनका नाम था। इंडियन नेशनल आर्मी।
- 45:05तो उसको वो खिताब करते रेडियो थे उस वक्त।
- 45:09रेडियो पर उनका भाषण होता है। और जापान से ब्रॉडकास्ट होता है।
- 45:15जापान ने ये असुविधा की थी। हिटलर उनका।
- 45:19दोस्त भी था और शिष्य। भी था समझो सुभाष।
- 45:25चंद्र बोस के भीतर। की आंख हीटर को छिलकी बस दोनों।
- 45:33के भीतर के अंतर्मन। मिलते ही लगे और सुभाष चंद्र बोस।
- 45:38हिटलर के पास बैठकर दोस्ताना? बातें किया करते थे।
- 45:45आदान प्रदान विचारों का किया। करते थे।
- 45:49इसलिए विचारों में क्रांति थोड़ी सी अधिक हो गई थी।
- 45:54तो लिटिल टॉय के। कारण?
- 45:57ऐटम बम में उनकी मृत्यु। हुई।
- 46:039 अगस्त छः अगस्त, 2 बम कराया और 18।
- 46:07अगस्त को उनकी मृत्यु। डिक्लेर कर दी गई।
- 46:11विमान के हादसे में न कोई विमान का मलबा मिला।
- 46:18न। कोई उसमें गए हुए।
- 46:19लोग मिले, कुछ अवशेष नहीं मिला, सिर्फ घोषणा थी और घोषणा का कारण
- 46:26तुमको मैंने बता दिया। क्योंकि मुझको।
- 46:3110 अगस्त को यह। सूचना मिल गई थी कि सुभाषचंद्र
- 46:36बोस। लिटिल टॉय के एटम बान में।
- 46:42मारे गए तब उनकी बेटी अनीता बोस करीब 3 साल के थे।
- 46:51जब सुभाष चंद्र बोस की मृत्यु। हुई।
- 46:54विमान दुर्घटना में इनकी मृत्यु नहीं हुई।
- 46:56गुमनामी बाबा के बने थे रामजयाल? के बच्चे थे, जिसके पास सभी लेटर
- 47:04वगैरह। सौंप के गए थे।
- 47:07यहाँ से जाते वक्त फैज़ाबाद में रहते थे ये सारी कहानी।
- 47:14तुमने लाख संस्थाएँ बैठाई लेकिन परिणाम क्या निकला?
- 47:20सब परिणाम गलत आये तुम्हारे। आज।
- 47:24मैंने तुम्हें अकीकत तो बताई कि मुझे दूसरे लिटिल टॉय के बाद अगले
- 47:31ही दिन बता दिया। गया कि सुभाष।
- 47:33चंद्र बोस। इस।
- 47:35एटोमिक बम के धमाके में मारे गए तो 18 अगस्त को।
- 47:40जब ये खबर प्रसारित। हुई तो मैं समझ।
- 47:42गया के झूठ है। और।
- 47:48मैं कारण भी जानता था। अगर यह।
- 47:53खबर प्रसारित न करते अंग्रेज तो हिंदुस्तान में आग लग जाती है।
- 48:03क्योंकि वो किसी भी। कीमत पर सुभाष चंद्र बोस का निधन
- 48:09बर्दाश्त नहीं कर सकता। इतना प्यारा व्यक्तित्व।
- 48:14था उस व्यक्ति का किसी भी कीमत पर पश्चिम बंगाल के शेर।
- 48:30को। मेरा नाम है।
- 48:37इसलिए यह खबर। प्रसाद से नहीं की गई।
- 48:41कि फिर तो अमेरिका के ऊपर सारा। दायित्व आ जाए।
- 48:45अब दायित्व किसी के ऊपर छोड़े ही ना।
- 48:49कुछ दिन ये बात लीक नहीं होने दी। और फिर 18।
- 48:52अगस्त को दिखला दिया। गया कि जा रहे।
- 48:56थे विमान दुर्घटना? कहाँ जा रहे?
- 48:58थे भाई? कोई मलबा मिला।
- 49:02हाँ, लिटिल। बॉय कह लो लिटिल टॉय कह लो दूसरे।
- 49:05का नाम फैटमैन कहते हैं खेर चलो कोई बात नहीं जो नगा साथी पे दिया
- 49:13गया। उसको फैटमैन कहते हैं।
- 49:16पहले को लिटिल बॉय कहते हैं। उसके बाद 15।
- 49:21अगस्त 1945 को जापान ने जर्मनी ने सरेंडर कर दिया।
- 49:29यह सबसे बुरा था। लेकिन सुभाष चंद्र बोस तो।
- 49:40इस। फैटमैन।
- 49:41की चपेट में आ। चूके थे।
- 49:45वह नागा सर। जो विमान के पुर्जे मिले वहाँ से
- 49:53वह उस विमान के थे ही नहीं जो दुर्घटनाग्रस्त।
- 49:56बताया गया ताइवान में ताइपे। की उस।
- 49:59भूमिका वह युद्ध में घने ही विमान क्रैश।
- 50:03होते हैं। उनका मलबा उठाके वहाँ बिखेर दिया
- 50:07गया। बस।
- 50:09उसे बता दिया गया। कि यह ताइपे में यह ताइवान में
- 50:15यह। क्रैश हुआ जबकि वो पुर्जे उस।
- 50:17जहाज के थे जो। नौ सेना के विमान।
- 50:22में आग लग गई थी नहीं। वो नहीं थे।
- 50:24उसके पुर्जे मैं ये बात सुन रही आपसे?
- 50:28कहता हूँ ये इंटरेस्टिंग। हो जाएगी कहाँ?
- 50:31आज प्रथम बार मैं। आपके।
- 50:34सामने ये सत्य पेश कर रहा हूँ अगर ये बता दिया जाता।
- 50:42कि उस। ऐटम बॉम्ब में।
- 50:45जिसे फैक्ट में कह लो। या लिटिल भाई का है, कोई बात नहीं
- 50:52ऐट मंथ। उसमें सुभासचंद्र बोस,
- 50:56दुर्भाग्यवश। जर्मनी से चले गए थे 43 और रोज़
- 51:02ब्रॉडकास्ट करते थे। और मेरे ख्याल।
- 51:06में शायद ओपेन हाइमर को पत्र। के सुभाष चंद्र बोस।
- 51:11यहाँ हैं। क्योंकि रोज़ ब्रॉडकास्टिंग।
- 51:14करते थे अपनी सेना? से आगे आने को।
- 51:19मुखातिक थे रोज़। उनका हौसला बढ़ाते थे।
- 51:26तो उनको मालूम था। के सुभाषचंद्र बोस ही यहीं हैं।
- 51:34क्यों कराया गया नगासाकी? पे और हिरोशिमा पे।
- 51:41शायद। सुभाषचंद्र बोस को मारने।
- 51:43के लिए। यह प्री प्लांन्ड।
- 51:45अन्यथा कोई और शहर भी चुना जा। सकता था।
- 51:482,00,000 से ज्यादा। लोग मारे गए।
- 51:50पल भर में पलक। झपते थे यह लिटिल टॉय और फैटमैन
- 51:56का कमाल था। 2,00,000।
- 51:59जो था वहीं पिघल। गया।
- 52:04इसलिए एटोमिक बम से। डरते हैं तुम कैसे हो यह डोनाल्ड
- 52:13ट्रंप? एटोमिक बम करा देगा?
- 52:15आसान बात बस। गिराने वाला 2 मिनट।
- 52:21बाद। और जिसके ऊपर गिरेगा।
- 52:25अब 2 मिनट पहले का शोर हो जाएगा। और इन नामर्दों में इतना बल।
- 52:32कहाँ मानसिक बल नहीं। है इनके आगे समर्पण मत।
- 52:37करो। इनके आगे जो।
- 52:39अड़ गया वह इनका बाप? जो झुक गया।
- 52:47उसको तो ये पुत्र। बना लेंगे अच्छी तरह से।
- 52:51मोदी जी, ध्यान रखना। जो झोंकता है उसे।
- 52:58झुकाता? है अमेरिका?
- 53:01और जो स्टील की तरह अड़ जाता है। कहाँ जार्ज पंचम बोल?
- 53:05पाया। इस चीज़ को अच्छी तरह से समझती
- 53:10है। इन लोगों में हड्डी नहीं होती,
- 53:14कोमल हड्डियों होती हैं, सामान्य टिश्यूस भी नहीं होते।
- 53:19बड़े कमज़ोर टिश्यू होते हैं। ये राज़ करने वालों के उससे
- 53:25ज्यादा। ऋतिक हटी थी।
- 53:27हिटलर के पास। थे इसीलिए स्टील की तरह जाके खड़े
- 53:35हुए थे। उनकी हकीकत को जानते थे।
- 53:40और जॉर्ज पंचम ने। ऐसा।
- 53:43दिमाग पर बोझ लिया। उस बात का की चारपाई पकड़ उसके
- 53:48बाद जार्ज पंचम। मर कर।
- 53:52ही उसका पीछा छूटा। गाँधी के शब्द उसके ह्रदय को।
- 53:57चीर गए मेरी बात। तुमने तो सारे हिंदुस्तान के
- 54:06कपड़े पहन। रखे हैं तुम मेरे।
- 54:10कपड़ों की बात करती हो ये तो? सफीशियंट इतनी ठंडी में बिल्कुल
- 54:20सर्दी में लंदन में कुछ ज्यादा। सर्दी होती है।
- 54:30तुमने पूछा, पुत्र दत्तात्रेय? के सुभाष चंद्र बोस के बारे में
- 54:35तुमने कभी बोला नहीं? आखिरी अध्याय आज।
- 54:38मैंने बोल दिया। यह मेरे भी।
- 54:40हृदय में कहीं ना। कहीं छुपा हुआ था, मैं हसता था।
- 54:48जब ये कहते थे। वो कमीशन बैठाती है, आशा कमीशन
- 54:51बैठाती है, फलाना कमीशन उठाती है, मैं जानता था ये नहीं खंगाल।
- 54:56पाएंगे क्योंकि। आइटम बम्ब में तो कौन पिघल गया,
- 55:00ये उसका पता ही नहीं। वो तो थुलथले थुलथले से पिगले
- 55:06पिगले से मोमबत्ती की तरह जैसे मोमबत्ती पिघल जाती है क्या?
- 55:11पहचानोगे इसका क्या शेप? था, इतनी हिट पैदा होती।
- 55:17है तुम क्या समझते हो? ऐटम बॉम्ब करा देगा।
- 55:25ईरान। करा सकता है ईरान?
- 55:28में वो स्टील की रीड की हड्डी है। अमेरिका नहीं करा सकता।
- 55:35वो नपुंसक है, न मर देयजड़ा वो नाच?
- 55:39के दिखा सकता है। इसलिए मैंने इन तीनों को
- 55:46नेतन्याहू को बेंजामिन, डोनाल्ड ट्रंप को, नरेंद्र मोदी को तीनो
- 55:52तीनो। यकसा है एक।
- 55:54से ही नहीं है किसी में रीड। की हड्डी नहीं है।
- 56:01अरे बिछा भी तो किसकी आगे वो एपस्टीन की छोटी छोटी बच्चियों की
- 56:10टाँगे? खा जाता है इतना।
- 56:13पाप करके कोई व्यक्ति ईश्वर की इस सृष्टि में जीत पाएगा?
- 56:20तुम उसके कर्म तो देखो कृष्ण जानते हैं इसलिए कहते हैं अर्जुन
- 56:27से तू फिकर मत कर, ये जीत नहीं पाएंगे।
- 56:35क्यों? क्योंकि उन्होंने।
- 56:36पाप बहुत किया अर्जुन। भारत इन्हों लक्षा लक्ष्य?
- 56:40ग्रे में तुम्हें मारने। की योजना थी।
- 56:44हाँ भारत इन्होंने तुमसे जुए। में इंद्रप्रस्थ से जीत।
- 56:49लिया। हालांकि वो एक दाव शकुनी के
- 56:53द्वारा खेला गया था गलत था। तुम जीत गए थे वहाँ।
- 56:57लेकिन उसने दा को। उल्टा करती है।
- 57:01कहाँ हस्तापुर तो मरा होता। कहाँ इंद्रप्रस्थ उनका हो गया?
- 57:06फिर तुम्हें? 13 साल का बनवास?
- 57:07दिया। तुमने 12 वर्ष तो काटे?
- 57:11एक वर्ष। तुमने जैसे काटा मुझे।
- 57:13पता है मैं बराबर। में तुम्हारी निगाह बांध था।
- 57:22और फिर वो 13 साल के बाद सूर्य का और चंद्रमा का उन्हें झगड़ा खड़ा
- 57:29कर दिया है साल। पूरा नहीं हुआ।
- 57:30अभी 1 दिन बाकी है। हमने तो रीकॉग्नाइज़ कर ली है।
- 57:35इसलिए चलो 13 साल की। ओके, तब बस अब कुछ नहीं।
- 57:40इतना। पाप करके कोई व्यक्ति जीत जाएगा
- 57:44हे अर्जुन ये संभावना। ही नहीं है।
- 57:47मेरी सृष्टि में पाप ठहरता नहीं पार्थ तू लड़ और तू युद्ध कर?
- 57:55उसके प्रणाम मैं फोगु। ओके, मैं जानता हूँ न।
- 58:00हन्न ते हन्न माने शरीर। यही बात कृष्ण कहते हैं पार्थ से
- 58:07अर्पित। इतने बात करके छोटी।
- 58:10छोटी बच्चियों की टाँगें खाके। ये व्यक्ति कभी जीत जाएंगे, सवाल
- 58:15ही नहीं पैदा होता, ये कई जन्मों तक दुख भोगेंगे।
- 58:20हजारों हजारों। जन्मों तक ये दुख बहुएं तुम इस
- 58:24जन्म की बात मत। करो अक्सर लोग।
- 58:30जिंदगी की भीख मांगते नजर आते हैं।
- 58:33मेरा अखर, शब्द सुन अक्सर। लोग जिंदगी की भीख।
- 58:39मांगते नजर आते हैं। उस दिन कमाल होगा जीस दिन ये।
- 58:45मृत्यु की भीख मांगते। हुए नजर।
- 58:47आएँगे ये कहेंगे। हे अल्लाह हे।
- 58:53परमपिता परमात्मा मुझे मौत। दे दे।
- 59:02मुझे मौत। दे।
- 59:06दे ये कहेंगे हमने तो। अरे, हाई थोड़ी।
- 59:10माँ के थी। कैद माँ के थी।
- 59:21तेरी जुल्फों से। जुदाई तो नहीं मांगी?
- 59:32तेरी जुल्फों से जुदाई। तो नहीं मांगी थी?
- 59:42कैद मांगी। थी।
- 59:45रिहाई तो नहीं मांगी थी। तेरे झुलसे।
- 59:55तुमने जीवन की भीख। मांगते।
- 59:57लोग देखे होंगे आज। तक।
- 1:00:00मैंने मौत की भीख। मांगते हुए लोग देखे।
- 1:00:04हैं। मैंने देखे।
- 1:00:09मेरे पास बहुत से ऐसे केस आ जाते हैं।
- 1:00:12मैं नाम। नहीं लूँगा मेरे ही।
- 1:00:13शहर की एक बहुत मशहूर कांग्रेसी। नेता था उसकी घरवाली मरने में
- 1:00:21नहीं आती थी। सुबह शाम दोपहर पीड़ा, पीड़ा,
- 1:00:25पीड़ा, डिक्लोफिनिक इंजेक्शन। लगते हैं।
- 1:00:29ड्रैम डोर के इंजेक्शन लगते बोत नहीं चढ़ती।
- 1:00:31लेकिन पीड़ा थी के खत्म होने का नाम दे दो।
- 1:00:36मेरे पास आए। मैंने कहा मेरे पास इनका कोई
- 1:00:43कृपा। इनके बाप ही तरह।
- 1:00:49किस? श्रेणी में डालू इस।
- 1:00:51पाप अपनी ही बच्चियों को गर्भ। में मार देना।
- 1:00:59यहाँ बाहर आई बच्चियों को पालन पोषण करके दो।
- 1:01:03साल की डेढ़ साल की चार। साल की 5 साल।
- 1:01:06की बच्चों की भूनकर। तेल के कड़ाहु में।
- 1:01:10यही तो नर्क बनाया था। तुमने कुंभ भी बात नर्क तेल के
- 1:01:15कड़ाहु में बच्चियों को भूनकर उनके लेग पीस खाये गए और।
- 1:01:21तुम्हें बताऊँ ये दुनिया का ध्यान बदलने।
- 1:01:24के लिए। कहीं अमेरिका आके।
- 1:01:27डोनाल्ड ट्रंप का गर्दन न दबा दे। उल्लू के पट्ठे तुने ये किया था?
- 1:01:36बच्ची तो तुम्हारी भी? है।
- 1:01:41क्या किया है तुमने? बिल क्लिंटन बिल गेट्स?
- 1:01:48तुम ज़िन्दगी में मृत्यु। की भीख मांगोगे मृत्यु।
- 1:01:54की भीख ज़िन्दगी की भीख नहीं देखे होंगे लोग तुमने ज़िन्दगी की भीख
- 1:02:00मांगते हो? लेकिन तुम्हें पता चलेगा कि तुम
- 1:02:05मृत्यु की भीख मांगते। हो उस पर वर्दीगार और वह तुम्हें।
- 1:02:10मृत्यु भी नहीं देगा। धन्यवाद।
- 1:02:23इन्हें मारना मत। दे वेलकम इट सुसाइड।
- 1:02:27वांटेड। क्योंकि मृत्यु इन्हें आएगी नहीं
- 1:02:35मृत्यु की भीख ये मांगेंगे परमात्मा।
- 1:02:37इतना तरस तो नहीं? करता छोटी छोटी बच्चियों के लेग
- 1:02:41पीस खोज। फिर ये खुद को ही।
- 1:02:45गोली मार लेंगे या कोई ना? कोई ऐसा उपाय खोज लेंगे?
- 1:02:49कोई सायनाइड खा जाएगा। कोई हिटलर?
- 1:02:54की तरह कनपटी पर रख कर मर जाएगा। कोई कोई फॉर्मूला आजमा लेगा।
- 1:03:04लेकिन मृत्यु अने सहज नहीं आयेगी। परमात्मा का पुरस्कार होता।
- 1:03:09है मृत्यु जब पूर्ण। डेवलपमेंट में हो जाती है व्यक्ति
- 1:03:14के शरीर को। तो परमात्मा पुरस्कार रूप में उसे
- 1:03:17मृत्यु देता। है।
- 1:03:18यह भी एक। पुरस्कार है।