Latest / Khushei Ki Duniya / Saathiya❤️ Part 1
Transcript
- 0:00सो है गाइस युअर हूँ इस कम दोस्त का शी इस बेक अगेन विथ अनँद्अर लव
- 0:04स्टोरी फॉर ऑल ऑफ़ यू गाइस यार पता है मैं माइक चेंज करने वाली
- 0:08थी दो आई लव थिस माइक बट मैं सोच रही थी एक और बेहतर माइक ले लेते
- 0:12है तो तुम्हे और अच्छी आवाज़ आएगी।
- 0:14लेकिन पैसे की शोर्तज होते हुए तो मैंने मतलब मेरे पास मेरे
- 0:20सेविंग्स बट, फिर मैंने सोचा की अगले महीने लेंगे अगले महीने से
- 0:24मैं बहुत अच्छी वौइस् डेलिवर करने वाले मैं चलो अपने लगा लो दुनिया
- 0:32से थोड़े से दूर हो जाओ एंड लेट मी स्टार्ट दी स्टोरी थोड़ा सा
- 0:35हमारा रिकॉर्डिंग जो है क्या मैं आज कल बहुत बदलने लगी हूँ पता है?
- 0:39अब क्या करू यार चलो ठीक है जान दो तो अपने कानो में ये आप लगा लो
- 0:44और दुनिया से हो जाओ थोड़े से दूर और सुनो ये कहानी ये कहानी है नूर
- 0:50और आयन की नूर एक चुलबुली सी फनी सी यू नो कम ध्यान देने वाले
- 0:58लोगों पे। तुम मान सकते हो मेरे जैसी लड़की
- 1:03दो दट्स इट्स अक्चवली नॉट मैं स्टोरी तो सोचना बट हाँ तुम मतलब
- 1:07मेरा कैरेक्टर अगर तुम मुझे जानते हो, थोड़ा सा भी तो तुम समझ जाओ
- 1:11की नो इस लाइक मी ठीक है एकदम फन लविंग उसे किसी से कोई मतलब नहीं
- 1:16है अपने में रहना। खुद से ही ऑबसेस्ड रहना
- 1:19दुनियादारी से कोई मतलब नहीं है ऐसी लड़की लेकिन जब बात झुक जाती
- 1:24है कोई तो उसे बहुत बुरी झुक जाती है, ठीक है तो वैसी वैसी वाली
- 1:28लड़की। आयन में ही दूसरी ओर आगे कैरेक्टर
- 1:31इंट्रोड्यूस होगा। उसका झुको, ज़रा सबर करो तो।
- 1:36तो नूर की 1 दिन अपने घर में लड़ाई हो जाती है और लड़ाई इतनी
- 1:40ज्यादा हो जाती है कि जो नूर घर से अकेले निकलने में डरती थी उस
- 1:45दिन वो इतनी ज्यादा परेशान, इतनी ज्यादा उदास हो जाती है कि वो चली
- 1:50जाती है। मुंबई।
- 1:52अब मुंबई तुम सोचोगे की भाई अच्छा किसी की लड़ाई हो जाती है घर पे
- 1:55तो वो मुंबई चला जाता है। नहीं नहीं सुनो तुम सोचते बहुत हो
- 2:00और सही चीज़ कभी नहीं सोचते हो मैं बता रही हूँ ना तुमको यार तुम
- 2:03क्या यार दाँत निकालो हाँ तो मुंबई वो इस लिए जाती है क्योंकि
- 2:08वो मुंबई में और उसके भाई थे। जिनका भी रिसेंटली एक बड़े कॉलेज
- 2:12में दाखिला हुआ था वो वहाँ रहने लगे थे और दिक्कत बस इतनी थी की
- 2:17वो गुस्से में मुंबई की ट्रैन में बैठ तो गयी थी और उसे उसके भाई का
- 2:21कॉलेज भी पता था लेकिन जो जहाँ वो रहते थे जीस फ्लैट में उसे कोई
- 2:27अंदाजा नहीं था की वो जगह कहाँ थे।
- 2:29क्योंकि अभी रिसेंटली वो शिफ्ट हुए थे तो वो कई दफा बोली थी अपने
- 2:32भाई को की मुझे अपने बिल्डिंग का एड्रेस दे दो।
- 2:35वो तो खैर जनरल पर्पस के लिए ये नहीं की।
- 2:37घर से लड़ाई हो तो भाग जाए बट अब जो हुआ सो हुआ उसने नहीं बताया था
- 2:42की उसके भाई का कहाँ पे फ्लैट है तो वो सीधा उसके कॉलेज पहुँच गई।
- 2:47लेकिन कॉलेज में जो गार्ड्स थे, उन्होंने उसे बिना स्टूडेंट आइडी
- 2:50कार्ड के जाने नहीं दिया। अंदर तो अब वो वहाँ थोड़ी परेशान
- 2:53हो गई थी। वो अपने भाई को बता के भी नहीं आई
- 2:55थी। उसका अचानक ही यू नो झगड़ा हो और
- 2:57वो गुस्से में निकल आई। वैसे अब वो परेशान थी, रो भी रही
- 3:01थी। यू नो क्योंकि उसकी अच्छी खासी
- 3:02लड़ाई हो गई थी। किसी बात को लेकर।
- 3:05पर अब वो वहाँ खड़े होकर भी क्या करती तो उसने अपने भाई को कॉल
- 3:09लगाया लेकिन कॉल लगा नहीं तो उसे लगा की यार भैया फ़ोन क्यों नहीं
- 3:13उठा रहा है? दूसरी बार उसने फिर ट्राई किया
- 3:15लेकिन वो फ़ोन उठा ही नहीं तो उसे अब लगने लगा की कहीं घर से कोई
- 3:19कॉल ऑलरेडी आ गया हो। भैया मुझसे भी गुस्सा हो गए हो।
- 3:22तो कुछ समझ नहीं आ रहा था तो वो बेतहाशा उसने दो तीन बार कॉल
- 3:25लगाया लेकिन कॉल नहीं उठा। अब वो और ज्यादा रोने लगी की शायद
- 3:29उसके भैया भी उससे नाराज है और अब वो कहाँ जाएगी?
- 3:31मुंबई काफी दूर था उसके घर से तो अब मैं क्या करूँ?
- 3:37बट उसने सोचा की यार भैया ऐसे है तो नहीं?
- 3:40तो माइट बी वो क्लास में हूँ तो उसने ऐसा सोचा और अब उसके पास कोई
- 3:44ऑप्शन नहीं था तो वो बोली की ठीक है, थोड़ी देर यहाँ खड़ी रहती
- 3:48हूँ। गेट पर ये कोई दिक्कत नहीं है
- 3:50लेकिन कुछ लड़के वहाँ आस पास आ गए और वो देख कर के कोई लड़की परेशान
- 3:54दिख रही थी। मतलब एक दिख जाता है की वो थोड़ी
- 3:58किसी के साथ भी नहीं थी। अकेली थी।
- 4:00वो काइंड ऑफ़ कुछ अजीबो गरीब कॉमेंट्स पास करने लगे।
- 4:03अब नूर को बहुत अजीब लगने लगा ऑब्वियस्ली बात है तो हालांकि
- 4:07नाउस की जगह होती है ना मुँह तोड़ देती सच बता रही हूँ जूता निकालो
- 4:11और ऐसे हो ना मारने लग जाओ तुम सच बता रही हूँ क्योंकि ना जब
- 4:15लड़कियां कुछ बोलती नहीं है ना तभी इन बदतमीज़ों को ज्यादा वो
- 4:18मिलती है की ओह अच्छा ये तो कुछ बोलेंगे नहीं।
- 4:20सॉरी बेक टु थिस स्टोरी बट हाँ सीरियसली मेरे अंदर का ना वो
- 4:23गुस्सा जाग जाता है ऐसे लोग मिले है ना तुम झापड़ लगाने का एक ज़ोर
- 4:27वाला हाँ कभी कभी डर लगता है की अरे यार अगर सामने अगर चार पांच
- 4:30लोग है बट देखो आसपास लोग तो रहेंगे हाँ वो भी बहुत होता है की
- 4:33यार लोग बोलते ही नहीं है। किसी के मैटर में आजकल जो की बहुत
- 4:36गलत लगता है मुझे। बट व्हाट्सोएवर खुद सीखो भाई मैं
- 4:39फिर मारा करो। जब कोई ऐसे गंदे कॉमेंट्स फास्ट
- 4:43रहे तो पर बेचारी वो ऑलरेडी था कि परेशान और सब कुछ थी तो अब वो तो
- 4:49क्या ही बोलती तो उसने उसे एक दम से याद है कि उसके भाई का एक एक
- 4:56और दोस्त था। वो इकलौता सा बंदा था जिसका नंबर
- 4:59उन्होंने 1 दिन गलती से उसे शेयर कर दिया था तो उसने सोचा कि एक
- 5:03बार इसको फ़ोन मिला के देखती हूँ। अगर भैया हुए तो इसी के साथ होंगे
- 5:07तो उसने फ़ोन मिलाया एंड सामने वाले ने पिक भी किया।
- 5:11बट वो नहीं जानता था कि कौन है, क्या है, तो ही सैड हैलो कौन?
- 5:16सामने से नूर ने कहा आयान बात कर रहे है तो उसने कहा हाँ पर तुम
- 5:21कौन हो तो वो बोली की उसके आवाज़ में एक यू नो डर था।
- 5:24एक खौफ था की वो आसपास के लड़के वो उसपे कमेंट्स पास कर रहे है,
- 5:29वो यहाँ अकेली भैया फ़ोन नहीं उठा रहे है।
- 5:31वो सब चीज़ उसकी आवाज़ में झलक रही थी तो उसने बोला सामने वाले
- 5:37को अटक ते हुए की मैं मैं ना कबीर की बहन हूँ।
- 5:41कबीर भैया मेरा फ़ोन नहीं उठा रहे हैं और मेरे पास किसी और का नंबर
- 5:45भी नहीं था, ना उनके फ्लैट का कोई एड्रेस था इसलिए मैं कॉलेज आ गई
- 5:49और वो फ़ोन पिक नहीं कर रहा है। मुझे नहीं पता वो कहा पर है।
- 5:53अगर आप उनके साथ हैं तो प्लीज़ आप उन्हें बोल सकते हैं की मैं कॉलेज
- 5:56के गेट के बाहर हूँ। पीछे से इन सब बातों के दौरान उन
- 6:00लड़कों के कॉमेंट्स के आवाज़ आ रही थी।
- 6:02अयान को तो उसे समझ आया की ये लड़की इतनी घबराई हुई क्यों है?
- 6:06और ये हो और वो उसके दोस्त की बेहेन भी थी तो ही सैड की यार
- 6:10तुम्हे अयान को बता के आना चाहिए था।
- 6:13क्योंकि आयन तो अभी यहाँ है ही नहीं।
- 6:16एक फील्ड सर्वे के लिए वो और उसकी एक टीम थी जिनको हमारे प्रोफेसर 3
- 6:22दिन के लिए फील्ड साइट पे लेकर गए हैं लेकिन वो यहाँ नहीं है और
- 6:28इसीलिए शायद वो अपना फ़ोन नहीं उठा रहा होगा।
- 6:31माइट बी वहाँ बीज़ी होगा और वो तो अपना फ़ोन कही भी रख के भूल जाता
- 6:34है। तुम तो जानते ही हो की अगर उसकी
- 6:36बहन हो तो तो शी सैड तो अब मैं क्या करूँगी?
- 6:40और वो घर गयी है एकदम की अब वो क्या होगा?
- 6:42अब वो घर जाएगी तो डांट पड़ने वाली थी और घर उसे फिलहाल जाना भी
- 6:46नहीं था। वेल तो अब उसे कुछ समझ नहीं आ रहा
- 6:48है, सती अब्बू क्या करे, कैसे करे?
- 6:51उसका दिमाग बंद हो गया था, लेकिन तभी अयान ने कहा पहले तो मुझे ये
- 6:54बताओ तुम हो कहाँ पे एंड शी सैड की मैं गेट नंबर तीन पर खड़ी हूँ
- 6:59वो जल्दी से उसने उसे बोला की मैं आ रहा हूँ तुम वहीं रहना और टेंशन
- 7:05मत लो तो अयान अपने कुछ दोस्तों को लेकर वहाँ गेट नंबर तीन तक
- 7:09पहुंचा। और उसको उन दोस्तों को देख कर वो
- 7:12लड़के नहीं जानते थे। थोड़े बहुत वो वहाँ लड़के आते
- 7:15जाते रहते थे तो वो जानते थे की अयान गुंडागर्दी में भी माहिर था
- 7:19तो वो ना फूटने ही आया था वहाँ पे बट तब तक वो उसे देख कर वहाँ से
- 7:23भाग गए तो अयान ने नूर को देखा। वो बेचारी बड़ी डरी, सहमी सी वहाँ
- 7:29खड़ी थी। एंड उसने उसकी तरफ एक वेव किया
- 7:31है। बोला एंड ही सैड अपने दोस्तों को
- 7:33उसने वहाँ से बोला कि तुम जाओ एंड ही सैड हाई मैं आयन हूँ और
- 7:37तुम्हें डरने की कोई जरूरत नहीं है।
- 7:40एक काम करो मैं उसका फ्लैट मेड भी हूँ तो वो मेरे साथ ही रहता है।
- 7:44तुम्हारा भाई कबीर सो डोन्ट वोर्री अभी एक काम करो तुम मुझे
- 7:48यहाँ थोड़ा सा काम है। थोड़ी देर कैंटीन में बैठना मैं
- 7:52अपना काम निपटा लेता हूँ, तब तक शायद कभी का फ़ोन भी आ जाए।
- 7:55फिर वो तुम्हें बता देगा कि तुम्हें अब क्या करना है और वैसे
- 7:59तुम यहाँ अचानक आई हो। तुम्हारी शक्ल भी लिखा हुआ है कि
- 8:03शायद रे घबराई हो, लड़ कर आई हो घर से एंड।
- 8:08वो कुछ भी नहीं बोली नूर तो वो समझ गया कही ना कही की हाँ वो
- 8:12शायद लड़ कर आई थी वहाँ पे उसने बोला चलो मेरे साथ थोड़ी देर खाना
- 8:16वीना खाया नहीं होगा तुमने शी सैड नहीं, भूख भी लग गयी है तो वो
- 8:21कैंटीन में गया। उसने वहाँ नूर को बिठाया, देन वो
- 8:25उसके लिए खाना लेकर आया। एंड उसने बोला कि तुम बस ये खाना
- 8:28खाओ, मुझे थोड़ा सा काम है, मैं ये काम निपटा कर और फिर चलते हैं
- 8:33या जो भी तुम्हारा भाई बोले मैं अगर रेलवे स्टेशन पे छोड़ना हो तो
- 8:36मैं वो भी करती हूँ ना सो पहले तुम खाना खा लो एंड नूर ने भी कुछ
- 8:40नहीं बोला। वो बस अपनी नजरें झुकाके टु से
- 8:43थोड़ी शर्मिंदगी महसूस हुई। की सामने वाले को भी पता लगा की
- 8:46वो घर से लड़ कर और ऐसे घर छोड़ कर आ गयी है।
- 8:48बट अब वो क्या ही बोलती तो वो वहाँ बैठ के खाना खाने लगी।
- 8:52जब तक आया ने अपना पूरा काम निपटा लिया एंड तभी कबीर का उसे कॉल बेक
- 8:56आ गया तो कबीर को नूर ने सब कुछ बताया की भैया देखो ऐसा ऐसा हुआ,
- 9:00मेरी गलती नहीं थी। और फिर भी माँ बाप ने ऐसा किया और
- 9:04ये वो फलाना उसने पूरी बात बता दी।
- 9:06अयान ने भी सुन ली कहीं ना कहीं उसकी बातें तो जो भी हुआ ना कभी
- 9:11इस न्यू की उसकी बहन बहुत जिद्दी थी, वो अगर उसे बोलता की घर चले
- 9:15जा तो वो नहीं हो जाते तो ही सैड की देख तू टेंशन मत ले।
- 9:19अयान बहुत अच्छा है, मेरा दोस्त है।
- 9:21मुझे ज़रा फ़ोन दे उसको मुझे उससे बात करनी है तो देन उसने उसने
- 9:26बोला अयान को, फिर उसने कबीर का फ़ोन नूर को वापस दिया एंड कबीर
- 9:31ने उसे बोला कि देख टेंशन मत ले, तू दो 3 दिन मेरे फ्लैट पे रह
- 9:35मेरा रूम खाली ऑब्वियस्ली बात है, मैं नहीं हूँ वहाँ पे तो तू वहाँ
- 9:38पे रह आराम से कोई दिक्कत नहीं है, मैं आता हूँ।
- 9:41फिर हम बाते करते है मैं मम्मी पापा से भी कह दूंगा की तू मेरे
- 9:44साथ है, उन्हें नहीं पता है तू तू टेंशन मत ले और कब ये अच्छा है
- 9:49आयन तो तुझे टेंशन नहीं होगी कोई भी बात हो तू उसको जाके बोल दियो।
- 9:53एंड नूर ने कहा पर भईया अकेले उनके साथ ही सैड अरे टेंशन मत ले,
- 9:56वो मेरा अच्छा दोस्त है और मैं यहाँ से जितनी जल्दी होगा उतनी
- 10:00जल्दी आने की कोशिश करता हूँ। तू टेंशन मत ले वैसे तू अगर चाहे
- 10:03तो तू घर चली जा। मेरा मानना है बट शी सैड, आप
- 10:06जानते हो ना भईया मुझे घर नहीं जाना, अभी उन्होंने बहुत गलत
- 10:09किया, वो फलाना ढिमकाना उसने बोल के एंड देन ऑब्वियस्ली क्योंकि
- 10:14कभी जानता था कि उसने पहले उसे बोला ही नहीं था, ये बात तो ठीक
- 10:17है। फिर नूर ने फ़ोन काटा एंड शी सैड,
- 10:20आपने सुन तो लिया ही होगा। देखो मैं ऐसी नहीं होती।
- 10:23मैं अपना घर छोड़कर आ जाऊ या कुछ लड़ाई में बट आपको नहीं पता कि
- 10:27वहाँ क्या हुआ? तो आप प्लीज़ मुझे जज मत करना एंड
- 10:31ही सैड, मैंने तो जॅज किया ही नहीं ना तुम्हे कोई बात नहीं है,
- 10:34गुस्सा सबको आता है, सब इंसान है। अगर कुछ लोग एक साथ रहते हैं तो
- 10:39मतभेद होना भी आम बात है। तुम उसको इतना बड़ा मत मानो इट्स
- 10:44ओके इट हप्पेन्स ज़्यादा टेंशन लेने की भी कोई बात नहीं है।
- 10:47तुम चलो फ्लैट पे आराम से वहाँ तुम्हारे भाई का रूम खाली है।
- 10:51वहाँ रहो एक 2 दिन अपना दिमाग ठंडा करो, उसके बाद देखते है क्या
- 10:55करना है एंड शी से ठीक है उसने अपना खाना वाना कहा के सब कुछ हो
- 11:01गए एंड देन वो चले गए उसके फ्लैट पे अब अयान और नूर।
- 11:06दोनों उस फ्लैट पे जाते हैं एंड अपने भाई के रूम में जब आयन बता
- 11:10रहे थे की ये कबीर का रूम है तो वो वहाँ फ्रेशर अप होती है।
- 11:14थोड़ा सा यू नो क्योंकि वो ढंग से सोई भी नहीं थी तो वो बोल देती
- 11:18आयन को की मैं सोने जा रही हूँ एंड ही सैड की हाँ अभी तो मैं भी
- 11:21अक्चवल में सोने ही जा रहा हूँ क्योंकि मैंने रात भर काम ही किया
- 11:24था वहाँ पे। तो ठीक है।
- 11:26गुड नाइट एंड दोनों गुड नाइट बोल के सोने चले जाते है।
- 11:29उसके बाद नेक्स्ट डे अयान बोलता है की मुझे तो कुछ काम है तो तुम
- 11:34घर पे अकेले रह लोगी ना? वैसे कोई आएगा नहीं तो डोन्ट
- 11:37वोर्री तुम्हे कही जाना हो तो एक बार प्लीज़ मुझे या कबीर में से
- 11:40किसी को बता देना। मुझे बताना ज़्यादा बेहतर रहेगा
- 11:43क्योंकि। मैं यही पर हूँ तो तुम बता के
- 11:47जाना अगर कही जाओ तो और कोई आये तो प्लीज़ गेट वेट का ध्यान रखना,
- 11:51वैसे कोई आएगा नहीं, पीछे से सोया।
- 11:53मैं थोड़ी बहुत देर में आता हूँ एंड ऐसा कह के अयान वहाँ से चला
- 11:57जाता है। अब नूर अपना पेरेंट्स से थोड़ा
- 12:00पैच अप तो कर लेती है, लेकिन वो कहती है की मैं कुछ दिन फिर यही
- 12:03रहने वाली हूँ। तो वो सही था की ठीक है, थोड़ा सा
- 12:06सब को ना टाइम मिल जाए अपना पर्सनल स्पेस तो वो ये सोच के और
- 12:10कह देती है की ठीक है अब मैं यहाँ भईया के साथ हूँ।
- 12:12कुछ दिन अब शाम तक तो वो नॉर्मल सब कुछ उसने सोचा की थोड़ा खाना
- 12:16वाना बना लेते है। ये लोग बाहर खाना खाते होंगे तो
- 12:19वो थोड़ा आस पास से गयी। सामान वमान ले आई।
- 12:21वहाँ पास में ही मार्केट था। और उसके बाद उसने खाना बनाया शी
- 12:25वास् नाउ लाइक नॉर्मल की। उसका पैच अप भी हो गया था माँ
- 12:28पापा से। फिर उसने सोचा की कुछ दिन चलो
- 12:30यहाँ भैया के साथ चिल करते है तो बट भैया थे नहीं तो उस दिन सोचा
- 12:34की चलो जब तक कोई बात नहीं है। आई एंड वास् ए नाइस गाइ उसे 1 दिन
- 12:38में समझ में आ गया था। और वैसे भी जैसा उसका भाई था, उसे
- 12:41समझ आ गया था की वो नॉर्मल किसी भी इंसान के साथ नहीं रह सकते है।
- 12:45तो ही मस्ट बीए वेरी वेरी गुड गाइ टु बी विथ हिं यू नो तो ऐसा तो
- 12:49उसने खाना बनाया। सब कुछ सही था एंड तभी एक दम से
- 12:53यू नो मुंबई का मौसम कभी भी चेंज हो जाता है।
- 12:56तो एक दम से बादल हुए और बहुत तेज बारिश होने लगी।
- 13:00बारिश होने लगी। थोड़ी बहुत देर बाद यू नो रात
- 13:03होने वाली थी। शी थॉट की आयन को अब तक घर आ जाना
- 13:06चाहिए था। बिकॉज़ उसे अकेले नहीं रहना था।
- 13:08मुझे बहुत डर लगता था। अकेले रहने में।
- 13:09इस मौसम में तो बहुत तेज बिजली हो रही थी, कुछ हो रहा था बट वो
- 13:14अकेली थी। ना शी वास् वेरी स्केर्ड डर लग
- 13:17रहा था। लाइट भी एक दम से चली जाती है।
- 13:19अँधेरा था, उसे नहीं पता था, कैंडल का हाथ था उस घर में सो कुछ
- 13:23भी नहीं पता था। फ़ोन की बैटरी ऑलमोस्ट डेड होने
- 13:25वाली थी। शी वास् वेरी वेरी स्केर्ड उसे
- 13:28समझ ही नहीं आया की अब वो करे तो करे क्या।
- 13:30तो वो कोने में बैठ गयी और उसे डर लग रहा था।
- 13:33थोड़ी देर बाद किसी ने गेट पे दस्तक दी एंड उसने पूछा की आयन आप
- 13:38हो क्या? लेकिन आयन नहीं था तो सामने से
- 13:41कोई आवाज़ ही नहीं आई तो उसको और डर लगने लगा की अनजान जगह है, वो
- 13:44किसी को जानती भी नहीं है। कौन आ गया?
- 13:47अयान ने तो बोला था कोई भी नहीं आएगा, कबीर भैया भी नहीं है तो
- 13:50कौन होगा? उसे कुछ समझ में नहीं आ रहा था।
- 13:52वो बहुत ज्यादा डरी हुई थी। उसे ना भूक लग रही थी, रोने लगी
- 13:56वो डर से इतनी मतलब हालत खराब हो गई।
- 13:59उसकी कुछ लोग होते है जिनको बारिश से बिजली से डर लगता है।
- 14:02लाइक फॉर एग्ज़ैम्पल मैं बचपन में बहुत डरती थी।
- 14:05बिजली से मतलब आई हाड थिस, स्टुपिड सुपरस्टीशन की अगर आप
- 14:10बिजली हो रही है आसमान में। और आपने काले कपड़े पहने हुए है
- 14:14तो बिजली आपके ऊपर गिर जाएगी। सो व्हेनएवर मौसम खराब होता था ना
- 14:18तो पहले मैं अपने कपड़े चेक करती थी की किस कलर के है।
- 14:20उसके बाद कपड़े चेंज करती थी। अगर काले कलर के कपड़े होते थे
- 14:26तो। और मेरा डर जाता भी नहीं पता है
- 14:29मेरा डर कैसे गया की एक बार ही हम छत पे थे।
- 14:31मैं मम्मी और भैया लेट रहे थे और एक दम से मौसम खराब हुआ और बिजली
- 14:36होने लगी भयंकर वाली तो मैंने बोला एक दम से चलो चलो चलो नीचे
- 14:39चलता है बिकॉज़ आई यूज़्ड टु फील की ये बिजली हम सब पे गिरेगी और
- 14:42आप यहाँ मर जाएंगे तो भाई आई ऍम वेरी स्केर्ड ऑफ़ दट यू नो।
- 14:45चलो यार ये तो माँ ऍम बाद में बताऊंगी क्या बीच ए स्टोरी में
- 14:48यार सॉरी सॉरी आई इस तो तो कहा था हाँ तो नूर को बहुत ज्यादा डर लग
- 14:56रहा था और कोई था भी नहीं। अब उसके पास आयन को भी उसने सोचा
- 15:01कि फ़ोन मिलाए। और उसने सोचा कि वो किस हक से
- 15:04बुलाएगी भाई, हालांकि वो डरी हुई थी।
- 15:05बहुत ज्यादा बट स्टिल थोड़ी देर बाद अक्चवल में आयन ने गेट का यू
- 15:11नो दरवाज़ा खटखटाया तो नूर ने फिर से पूछा कौन तो आई एंड थिस टाइम
- 15:15सैड कि मैं हूँ आया नूर गेट खोल दो।
- 15:19जैसे उसने गेट खोला, बहुत ही ज्यादा घबराई हुई उसकी शक्ल बन
- 15:24रही थी। नो आंसुओं से आँखें लाल हो गई थी।
- 15:27तो आई ऍम सैड, इट्स ओके इट्स ओके नो इट्स ओके कबीर का मुझे कॉल आ
- 15:31गया था कि अगर मौसम खराब हो तो तुम्हे बहुत ज्यादा डर था।
- 15:35मैं उससे किसी चीज़ पे बात कर रहा था एंड ही सैड की।
- 15:36अगर मौसम खराब है तो घर चला जा तो बहुत डर लगता है।
- 15:39से एंड शी सैड बहुत बहुत ज्यादा मतलब बस वो कुछ बोल ही नहीं पा
- 15:45रही थी। मतलब वो इतनी ज्यादा डर गयी थी तो
- 15:47ही सैड इट्स ओके इट्स ओके इट्स ओके नाउ, आई ऍम हियर, सो डोन्ट
- 15:50वोर्री तो पहले तो वो एक दम से उसमें चिल्लायी लाइक 2 मिनट बाद
- 15:53की इतनी लेट कौन आता है यू सैड की?
- 15:55मैं दोपहर तक आ जाऊंगा, शाम हो रही है एंड ऐसा थोड़ी होता है यार
- 16:00मैं घर पे अकेली थी डोन्ट यू नो मैं एक लड़की हूँ तो ठीक है ना
- 16:03आपको जल्दी आ जाना चाहिए था एंड आई वास् लाइक सॉरी आई ऍम हियर राव
- 16:08एंड देन जब थोड़ी देर बाद उस दिन नॉर्मल हुई, वो एंड शी सैड आई ऍम
- 16:11वेरी सॉरी, मैं आप पे ऐसे चिल्ला थी जैसे मैं बड़े हक से आप से कह
- 16:15रही थी आप पर तो मेरा कोई हक भी नहीं है।
- 16:17आप कौन से मेरे भाई हो? आई ऍम वेरी सॉरी।
- 16:19मैं थोड़ी सी डर गयी थी एंड ही सैड इट्स ओके डरता है इंसान तो
- 16:22ऐसा कुछ भी बोल देता है। देखो गुस्से में ना किसी की भी
- 16:26बात नहीं पकड़ता मैं क्योंकि गुस्से में इंसान अगर सोच समझ के
- 16:29बोलेंगे तो वो गुस्से में नहीं बोलेंगे ना वो समझ के बंदा गुस्से
- 16:32में बोलता ही नहीं है। मैंने बोल दिया मैंने सुन लिया,
- 16:34इट्स ओके ऐसे इतना डरती क्यों हो तुम बिजली से?
- 16:38एंड शी सैड एक बार ना मैं रास्ते में जा रही थी कहीं पे और मेरे
- 16:44जस्ट थोड़ा सामने एक इंसान पे बिजली गिर गई थी तब से मैं मतलब
- 16:48मैं वहीं बेहोश हो के घर गई थी। बाद में जब ऑसम थोड़ा ठीक हुआ तो
- 16:52किसी को मैं वहाँ पड़ी हुई मिली एंड मैंने किसी को अपने सामने यू
- 16:56नो। वो बिजली की वजह से दम तोड़ते हुए
- 16:58देखा था तो मैं सबसे बहुत ज्यादा डर गई हूँ।
- 17:00इस बिजली से एंड ही सैड ओह सॉरी तुम्हारे उस याद को तुम्हे याद
- 17:05दिलाने के लिए तो उसने कहा नहीं जब भी बिजली होती है वो सीन एक
- 17:09बार तो मेरी आँखों के आगे आता ही है और फिर मैं डर जाती हूँ तो कोई
- 17:13बात नहीं कौन सा आपकी गलती है, कौन सा आपकी वजह से कुछ हुआ?
- 17:16एंड ही सैड आई ऍम सॉरी अच्छा वैसे कल मेरा डे ऑफ है तो तुम चाहो तो
- 17:20मैं तुम्हे थोड़ा बहुत यहाँ घूमा सकता हूँ एंड शी सैड, कल पक्का
- 17:23एंड ही सैड हाँ पक्का तो उसके बाद अगले दिन स्वभाव वो लोग घूमने
- 17:28जाते है, काफी सारी यू नो नयी नयी जगह देखती है नूर और उसे बढ़िया
- 17:33लगता है उस दिन घूमने में। एंड फिर शाम को आई एंड सैड तो तुम
- 17:37जैसे बाहर जाते हो तो तुम्हे क्या पसंद है?
- 17:39एंड शी सैड शॉपिंग ऑब्वियस्ली तो उसने बोला चलो फिर मॉल चलते है,
- 17:44शी सैड नहीं, मॉल वाली शॉपिंग नहीं यार मज़ा नहीं आता स्ट्रीट
- 17:49शॉपिंग जो की शॉप्स होती है, वहाँ पे से शॉपिंग आई लव दट।
- 17:53ब्य गेनिंग एंड एव्रीथिंग दो मैं बहुत कम करती हूँ क्योंकि वो लोग
- 17:57बहुत मेहनत करते हैं। बट हाँ, थोड़ी बहुत बार्गेनिंग
- 18:00करनी चाहिए। मज़ा आता है ही सैड सीरियसली लाइक
- 18:03तुम्हे स्ट्रीट शॉपिंग पसंद है एंड शी सैड हाँ चलो मैं आज आपको
- 18:07दिखाती हूँ की स्ट्रीट शॉपिंग कैसे करते हैं क्योंकि अयान
- 18:10अक्चवल में कभी स्ट्रीट शॉपिंग पे गया ही नहीं था।
- 18:13तो शी सैड चलो आज मैं आपको स्ट्रीट शॉपिंग बताती हूँ।
- 18:16अब जगह तो अयान को पता थी, कहा पे यू नो ये सारे स्टाल रहते थे तो
- 18:20वो सामान ले जाता है। देन वो खुद के लिए बहुत सारा
- 18:23सामान लेती है। अयान को कुछ एक दो चीजें खरीद के
- 18:26देती है एंड ही वास् लाइक मेरे लिए पहली बार किसी ने खरीदा है,
- 18:30पता है तुम्हें? लाइक आई हॅव ऑलवेज शॉप्ड फॉर
- 18:33माइसेल्फ तो थैंक यू वो उसको एक कैप देती है खरीद के वो बड़ी
- 18:37सुन्दर कैप थी उसको पहना देती है अपने हाथो से एंड आई वास् लाइक
- 18:41अरे मैं नहीं पहनता हूँ एंड देन जब उसे पहना देती है वो तो वो
- 18:44उसका एक फोटो खींचते अपना फ़ोन सर दिखाते देखो कितने अच्छे तो लग
- 18:47रहे हो यार आप आपके लड़कियां फ़िदा होंगी अब देख ना एंड देन शी
- 18:50सेज़ सॉरी वैसे आपकी कोई गर्लफ्रेंड तो नहीं है ना?
- 18:53एंड ही सैड नहीं यार। उसने सोचा हाँ वैसे कबीर भैया तो
- 18:58किसी गर्लफ्रेंड वाले के साथ रहेंगे भी नहीं।
- 19:00वो ना बहुत लाइक फन है एंड ही सैड नहीं यार तुम्हारा भाई बहुत कूल
- 19:04है शट अप एंड शी सैड, बस आपके थॉट्स चेक कर रही थी।
- 19:07आई नो मेरा भाई बहुत कूल है। उसके बाद वो दोनों हस्ते है।
- 19:12फिर वो आइस क्रीम खाते हैं। देन कुछ देर बस बैठते हैं, बातें
- 19:16करते हैं, आयानो से बताता है कि पता है बिजली से ना मुझे भी बहुत
- 19:21डर लगता था पहले पर फिर धीरे धीरे खुद की लड़ाई खुद लड़ना सीखा धीरे
- 19:26धीरे सर्वाइव करना सीखा डर से ज़िन्दगी नहीं कटती।
- 19:29हाँ आई नो, जब हम डरते है तो हमें कुछ समझ नहीं आता।
- 19:33सोचने समझने की पूरी शक्तियां खत्म हो जाती है और फिर 1 दिन मैं
- 19:38भी ऐसे ही घर में अकेला था और मैं कोशिश कर रहा था कि माँ या बाबा
- 19:43में से कोई आ जाए। लेकिन वो दोनों हमेशा अपने काम
- 19:47में इतने बीज़ी थे कि शायद। उनके लिए जैसे मैं था और नहीं था
- 19:51बराबर था उस शायद मैं बहुत रोता रहा ना माँ घर आई थी उस रात ना
- 19:55बाबा अकेला रहा फिर समझ आया की बहुत सारे लड़ाई हमें अकेले लड़नी
- 20:02पड़ती है, कोई नहीं आता है हमारे लिए कोई भी नहीं फिर मेरा डर निकल
- 20:07गया। लेकिन डर निकालने के लिए खुद से
- 20:10लड़ कर अपनी छत पर गया था, बिजली हो रही थी, लग रहा था जैसे मानो
- 20:15अभी मेरे सर पे गिर जाएगी लेकिन वह खड़ा रहा गुस्से में की।
- 20:19अगर कोई नहीं होगा तो क्या मैं ऐसे ही डर के रहूँगा?
- 20:22क्या घर में उस दिन मेरा डर निकला था?
- 20:25हाँ तुम्हे अपने डर को निकालने की कोई जरूरत नहीं है, लेकिन मेरे
- 20:29पास कोई ऑप्शन नहीं था, ना या नहीं।
- 20:32कहते कहते रुक गया एंड शी सैड सो की मुझे भी डर लगता है और मैं उस
- 20:38दिन बहुत पता है आप मारोगे नहीं? बट ए सेंस ऑफ़ सिक्योरिटी आई हाड
- 20:43जब आप आ गए थे। की ठीक है।
- 20:45अब नहीं गिरेगी बिजली जबकि कोई लेना देना नहीं था उस चीज़ का।
- 20:48पर बस ये था कि हाँ, जब आप वेरी फर्स्ट डे सिर्फ मेरे कॉल से और
- 20:54आपने वो पीछे लड़कों की आवाज़ सुनी, आप अपने दोस्तों को लेके आ
- 20:57गए तो आई रियलाइज़्ड यू आवर वेरी गुड यू।
- 21:01बेवजह बेफिजूली में आपने अपना आज तक काम भी नहीं किया?
- 21:05जस्ट बिकॉज़ आई वास् हियर और मैं कल डर गयी थी तो ही सैड नहीं
- 21:09नहीं, आज तो मेरी छुट्टी थी एंड शी सैड नहीं।
- 21:12आपको जो कॉल आया था मैंने दरअसल सुन लिया था, तब मैं बार्गेनिंग
- 21:15जरूर कर रही थी। शॉप पे पर मेरे खानों में आपकी
- 21:18इतनी आवाज़ पड़ी थी। कि कोई बात नहीं है, मैं आज का
- 21:20काम भी कल कर लूँगा, आपने मेरे लिए इतना कुछ किया उसके लिए थैंक
- 21:24यू। अब तो मुझे शायद परसों से पहले
- 21:28जानते भी नहीं होंगे ना बस कभी भाई के मुँह से नाम सुना होगा वी
- 21:33कैन सी आप बहुत अच्छे इंसान हो यार, सच में।
- 21:38पता नहीं आपको कोई कैसे छोड़ सकता है एंड देन ही सैड यार माँ बाबा
- 21:43हमेशा से बीज़ी रहे फिर मैं यू नो ऑल युअर ओन टाइप अपनी पर्सनालिटी
- 21:48में आ गया था दट्स हौ इट इस नाउ अब मुझे याद आता है मुझे फरक ही
- 21:52नहीं पड़ता। किसी के होने या ना होने से ये भी
- 21:55अच्छा है पता है वरना मैं। मैं तो अगर 2 दिन भी किसी से
- 21:58दोस्ती कर लू ना और तीसरे दिन वो इंसान मुझसे बात न करे तो मुझे
- 22:01लगता है कि क्या हो गया मैंने क्या कर दिया तो मैं तो ऐसी हूँ
- 22:05दे वेर समवेयर ऑपोजिट समवेयर से मिला एंड दट्स हौ दे वेर फिर अगले
- 22:11दिन कबीर आ गया था कबीर के आने से नाउ, नूर वास् मोर हैप्पी फिर वो
- 22:15लोग मिलके मूवीज़ देखने गए। कुछ दिन बस चिल की दे वेर हैप्पी
- 22:20तभी भी उसकी बहन आ गई थी। उसने उसे समझाया।
- 22:23फिर कुछ दिन बाद नूर अपने घर चली गई।
- 22:27घर जाने के बाद उसे कबीर की याद आई।
- 22:30ये ऑब्वियस्ली वो उसका भाई था। वो बहुत प्यार करती थी।
- 22:32अपने भाई से लेकिन कहीं ना कहीं उसे कबीर के अलावा आयन की बहुत
- 22:36याद आई थी और जब कुछ दिन बाद उसके शहर में बारिश हुई तो उसने सोचा
- 22:44कि मुझे भी मेरा ये डर खत्म करना होगा और उसकी बाओं से कह रही थी
- 22:48कि बिजली है तू अंदर ही रहना, बट वो।
- 22:51अपने घर की छत पर चली गई एंड शी सैड माँ ये डर को जब तक मैं खुद
- 22:55नहीं डराउंगी ना तब तक ये मुझे डराता रहेगा।
- 22:58आज मुझे इसे हराना है और जब वो काफी देर वहाँ खड़ी रही ना तो
- 23:03उसके दिल में सिर्फ एक ख्याल था। आयन का उसे लग रहा था जैसे वो
- 23:07उसके साथ की हाँ, तुम खड़ी रहो, मैं हूँ यहाँ क्नॉइस।
- 23:11जैसे उस दिन था। समझ आया कि कभी कभी कुछ लोगों की
- 23:15सिर्फ प्रेसेंट से हमें इतना सिक्योर फील होता है जितना शायद
- 23:18किसी के साथ होकर भी ना हो। इतना हम सोचते हैं कि अरे यार ये
- 23:24इंसान हमारे साथ होगा ना तो सब सही होगा।
- 23:27कभी कभी बस उनके ख्याल भी हमारे साथ रहते है ना तो हम बड़ी से
- 23:30बड़ी लड़ाई जीत जाते है। उस दिन नूर ने ना सिर्फ अपना डर
- 23:34दूर किया था बल्कि एक और चीज़ रियलाइज की थी की हाँ शी फेल फॉर
- 23:40अयान, शी फेल, रियली हार्ड फॉर अयान, दी काइंड ऑफ़ पर्सन अयान
- 23:45वास। अब आयान क्या सोच रहा था और इस
- 23:47कहानी में आगे क्या हुआ अगर तुम्हे ये जानना है तू वेइट् फॉर
- 23:51पार्ट टू क्योंकि मैंने अब तक इसका पार्ट टू सोचा नहीं है और
- 23:55इसके मुझे कुछ सूझ नहीं रहा था। काफी लॉन्ग स्टोरी हो गयी थी तो
- 23:59आई थॉट की। चलो यू विल वेइट् फॉर पार्ट टू।
- 24:01मैं तब तक सोच के आती हूँ। चलो ओके बाई बाई एंड टेक केयर और
- 24:06अगर कोई भी प्रॉब्लम हो, कोई भी इश्यू हो तो यू कैन ऑलवेज कम अप
- 24:10टु मी ऐट के हेच यु अंडरस्कोर एस हेच इ आई अंडरस्कोर पर चलो मिलती
- 24:15उधम सिंह कहानी में टिल एंड टेक केयर एंड बाई बाई।