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- 0:00सो हाइगा इस योर हाउस कमजोर खुशी इस बैकगैमौन विथ अनँद्अर लव
- 0:03स्टोरी फॉर ऑल ऑफ यू गाइस आरोप लगा इसमें इस मीन ऑल्सो।
- 0:05अगर आप अपने नेम्स या फिर अपनी स्टोरीज़ मुझे बताना चाहते हैं तो
- 0:09आप हमेशा मुझे बता सकते है इंस्टाग्राम पे आई डी में लास्ट
- 0:12मैं बताती हूँ तो चलिए आज की कहानी सुनाती हूँ तो आज की हमारी
- 0:15कहानी है वसुधा और अंकित की। तो जिसने भी ये रिम्स भेजे हैं,
- 0:20उसके लिए थैंक यू वेरी मच एंड चलिए तो अपने कानों में ईयर फ़ोन
- 0:24लगाइए। दुनिया से थोड़े से दूर हो जाएंगे।
- 0:26लेट मी स्टार्ट स्टोरी वसुधा नाम बहुत अच्छा है ना ऐसा तो सारे नाम
- 0:30ही अच्छे होते हैं। नो डाउट बट ये वाला ना काइन्ड ऑफ
- 0:33पैसा है प्यारा सा नाम तो बसुधा। वसुधा ने एक कंपनी जॉइन की थी।
- 0:39एक्चुअल में वो वर्क फ्रॉम होम करना चाहती थी।
- 0:42अपनी पढ़ाई के साथ साथ तो उसने एक कंपनी जौन की ऐंड उन लोगों को ऐसा
- 0:48कंटेंट राइटर वसुधा को उन्होंने रख लिया।
- 0:50अब वहाँ पे और भी लोग थे जिनको काम की जरूरत थी तो उनमें से एक
- 0:55था अंकित ऐंड अब ये लोग। सब लोग मिलके अपने प्रोजेक्ट पर
- 1:00काम कर रहे थे। सबका जो अपना काम था, सबको बांट
- 1:04दिया गया था और सब का एक ग्रुप बना दिया गया था कि अगर तुम्हें
- 1:07कोई भी क्वेश्चन है तो आप यहाँ पे पूछ सकते हैं।
- 1:09एक दूसरे से तो अच्छा चल रहा था सब का काम ऑलमोस्ट 20 दिन होने को
- 1:13आए थे तो कंपनी वालों ने एक वर्चुअल मीटिंग रखी है।
- 1:17ऑनलाइन विडीओ कॉल पे तो मीटिंग हुई।
- 1:20काफी अच्छी मीटिंग हुई है। उसके बाद सपने सवाल पूछे।
- 1:22अपने अपने वहाँ वसुधा ने और अंकित ने एक ही टाइम पर एक ही सवाल साथ
- 1:27साथ पूछ डाला कि उन्होंने अपने माइक्रो इनकी और एक ही टाइम पर
- 1:31दोनों ने स में सवाल पूछा। वो जो कंपनी में और सब थे वो काफी
- 1:35तेज़ है। उन्होंने कहा कि स में सवाल स में
- 1:38शब्द इतना सेम तुम लोग आस पास ही बैठे हो क्या?
- 1:41हाथ तो दोनों ने कहा की नो सर ऐसा कुछ नहीं है ऐंड ऐसा कहे के वसुधा
- 1:46को थोड़ा अजीब सा लगा तो उसने कहा सर आप उसका आन्सर दे दीजिए।
- 1:51ऑफिस की बात है जो उसका असर होगा वही मेरा होगा तो सेम सेम ही
- 1:54रहेगा। तो ऐसे हुई उनकी पहली बात तो ऐसे
- 1:57नहीं हुई थी। टेक्निकल ली तो चलो इसे नहीं कहते
- 2:00हैं। पहली बात तो अब 30 दिन होने को आए
- 2:03तो उनकी सैलरी का टाइम हुआ तो सबने पूछा की सर हमारी सैलरी तो
- 2:09उस इंसान ने कहा कि नहीं नहीं मिले गी कुछ टाइम पे मिल जाएगी।
- 2:12आप टेंशन ना ले और वो काम करते रहे सब के सब अब 1 दिन काफी दिन
- 2:18हुए तो उन्हें जब उनकी सैलरी फिर भी नहीं मिली तो सब ने काम छोड़
- 2:21दिया और सब ने कहा कि पहले आप हमारी सैलरी दीजिए, हमे तो इन
- 2:25लोगों में लड़ाई हुई। काफी बात लेकिन उन्होंने सैलरी
- 2:28नहीं दी। इस बात से वसुधा को बहुत गुस्सा
- 2:31आया। उसने बहुत सारी जगह कंप्लेन स्की
- 2:33जहाँ जहाँ कर सकती थी लेकिन कुछ हुआ नहीं।
- 2:37एट द एंड ऑफ द डे क्या कर सकते हैं उन्होंने कंपनी वालो ने सब को
- 2:41ब्लॉक कर दिया था बहुत रोहित क्योंकि उससे उस पैसे की काफी
- 2:45जरूरत थी उस टाइम पे। फिर 1 दिन अचानक से वसुधा पर
- 2:49अंकित का मैसेज आया ऐंड उसने कहा कि तुम्हें शायद जॉब की तलाश है
- 2:54ऐंड हैव गॉट ए न्यू जॉब ऐंड ये लोग काफी प्रेस्टीजियस कंपनी से
- 2:58है तो इनकेस तुम्हें चाहिए हो, जॉब तो प्लीज़ मुझे बता देना।
- 3:02नाउ जैसे ही वसुधा ने मैसेज देखा उसने जल्दी से अंकित को मैसेज
- 3:06किया और कहा कि तुम उसी ग्रुप में थे, ना तुम वही हो ना जिसने मेरे
- 3:09साथ साथ वो क्वेश्चन पूछा था। उसने कहा, हाँ, मैं वहीं हूँ ऐंड
- 3:14पता नहीं क्यों? मुझे लगा कि तुम्हें भी शायद इस
- 3:16जॉब की जरूरत है ऐंड एक जगह बची थी तो मैंने सोचा उस वेकैंसी के
- 3:20लिए तुम्हें रिकमेंड कर दू ऐंड तुम्हारा वर्क तो उस ग्रुप पे पड़ा
- 3:26ही था तो मैंने सबको भेज दिया ऐंड दे ऐक्चूअली लाइक डू वर्क तो अगर
- 3:30तुम चाहो तो तुम ये काम कर सकते हो।
- 3:32लेकिन उसमें एक ही दिक्कत थी कि वो वर्क फ्रॉम होम नहीं था।
- 3:36अब वो बेचारी वसुधा उसने सोचा की यार कर सकती हूँ मैं लेकिन उसके
- 3:42हिसाब से बस वो जहाँ पे उसे काम करने जाना था, वो उसके घर से 10
- 3:46मिनट की दूरी पर था। अब अंकित ने कहा की मैं तो इतनी
- 3:51हेल्प कर सकता हूँ, अगर तुम्हे सच में जरूरत है तो तुम ये जॉब ले
- 3:54सकते हो। अदर्वाइज़ योर चॉइस लेकिन हाँ
- 3:56पार्ट टाइम जॉब कर सकती हूँ। तुम्हें जब टाइम मिले, तुम तब आ
- 3:59जाना तो वसुधा ने थोड़ा सोचा और कहा की हाँ, हमें करने को तैयार
- 4:02हूँ, वो भी उसकी कोई जरूरत है यार।
- 4:04आज कल वैसे भी आजकल बहुत वक्त में ना बस पैसा ही बचा है, कोई
- 4:10रिश्ता, कोई कुछ भी नहीं बचता, एट द एंड ऑफ द डे सब को पैसा चाहिए।
- 4:15होगी। वसुधा की भी कोई ना कोई मजबूरी तो
- 4:18उसने कहा ठीक है अब वो बेचारी पहले कॉलेज जाती, वहाँ से भाग कर
- 4:22आती ऐंड फिर जॉब पर जाती बड़ी हेक्टिक लाइफ हो गयी थी।
- 4:26जब उसका सेकंड डे था ऑफिस का तो उसे अंकित मिला।
- 4:30उसने पहली बार देखा था अंकित को सामने से इनसे साइड अंकित यू आर
- 4:35अंकित ओनली ना तो उसने कहा की हाँ।
- 4:37फिर उसने उसे बहुत थैंक्यू कहा और कहा की ऐसा थैंक यू।
- 4:41मैं तुम्हें एक कॉफी बुलाऊंगी तो ना अंकित साइड अरे नहीं, नहीं
- 4:45पैसे खर्च करने की कोई जरूरत नहीं है ना आई नो की शायद मुझे जितनी
- 4:48जरूरत है तुम्हें भी पैसे की जरूरत होगी तो बचा लो।
- 4:51उसने कहा, तू कैफे में थोड़ी ले जा रही पी जी में अंकित साइड ओह
- 4:57अच्छा हाँ अच्छा ऐसी बात है, उसने कहा की ठीक है शुर उसने कहा ठीक
- 5:01है नाउ। जब वो रास्ते में उसके घर की तरफ
- 5:04जा रहे थे तो वसुधा उसे बताया जा रही थी।
- 5:07मैं ना सबसे अच्छी कॉफी बनाती हूँ, मैं ऐसी कॉफी बनाती हूँ,
- 5:10मेरी कॉफी किसी ने आज तक बुरी नहीं कही वगैरह वगैरह वगैरह।
- 5:13लड़कियां बहुत बोलती है तो वसुधा बहुत बोली एंड उसने फाइनली जब वो
- 5:19उसके घर गया, उसने उसे कॉफी बनाकर पिलाई।
- 5:22एट 02:00 हिस सरप्राइज़ एक्चुअल में कॉफी बहुत अच्छी थी तो उसने
- 5:27कहा की यार इतना माइंड रिफ्रेशिंग कॉफी कैसे बना लेती हो।
- 5:31जिसने कहा वो तो देखो मैं नहीं बताऊंगी वो मैंने आज तक किसी को
- 5:34नहीं बताया तो ये मान लो की ये मेरा थोड़ा सा सर यू नो सीक्रेट
- 5:38है। उसने कहा तू यार वापस पीनी पड़ी तो
- 5:41उसने कहा यहाँ पे आ जाना नो इश्यूस बस मेरे कॉलेज के टाइम पे
- 5:45बताना बाकी तो ऑफिस में होते ही हम रिगा ठीक है अब ऐसे उनकी हुई
- 5:51फ्रेंडशिप धीरे धीरे जब एक ही जगह पे काम करेंगे तो यार कल इसमें
- 5:55दोस्ती तो होती ही है तो वसुधा कभी कभार उसके लिए कॉफी बना के ले
- 5:59जाती है। अंकित बड़े चाव से उसे पिता और
- 6:02बहुत खुश होता की यार तेरे हाथ की कॉफी इस लाइक लव उसने कहा क्या?
- 6:08हमने कहा नहीं नहीं मतलब कॉफी बहुत अच्छी बनाती हो तो हमने कहा
- 6:12थैंक्यू अब दोस्त बने बहुत अच्छे है तो कुछ टाइम बाद कंपनी वालों
- 6:17ने उन्हें उनकी सैलरी भी थी तो इस बार वसुधा ने कहा कि आज तो सैलरी
- 6:21आयी है, आज तो एक कैफे में जा ही सकते हैं।
- 6:24संगीत ने कहा की चलो हाफ हाफ कर लेंगे।
- 6:26उसने कहा ये भी ठीक है, तुम्हें भी मिली है, मुझे भी मिली हैं तो
- 6:30हाफ करना ही बेहतर है। ने कहा ठीक है तो दोनों अपनी
- 6:34सैलरीज की खुशी में पहुँच गए। एक कैफे में वहाँ उन्होंने कॉफी
- 6:40मंगाई। एक एक कॉफी और वसुधा ने एक केक भी
- 6:43ऑर्डर किया। इस पर उसने अंकित से कहा कि डोंट
- 6:46वरी, इस काबिल मैं ही दूंगी। हम सिर्फ गोभी में स्पोर्ट
- 6:48करेंगे। उसने कहा नहीं आज आज मेरी तरफ से
- 6:52ऐसे भी तुमने मुझे इतनी कॉफी पिलाई है?
- 6:54एक एक तो बनता है। उसने कहा ठीक है फिर, लेकिन जैसे
- 6:59ही वो केक आया है ना। वसुंधरा ने खुद से कहा हैप्पी
- 7:01बर्थडे वसुधा। अंकित वास् तुम्हारा बर्थडे है,
- 7:05जिसमें कहा हाँ वेल बर्थडे तो है लेकिन मनाने के लिए साथ कोई था
- 7:10नहीं और तुम से डायरेक्ट कह दी तो तुम्हें लगता है की गिफ्ट तो नहीं
- 7:14मांगूगी तो इसलिए सोचा की कंपनी भी हो जाएगी और बर्थडे भी बन
- 7:19जाएगा। ना यार अकेले बर्थडे मनाना इस
- 7:22वेरी बोरिंग बहुत सालो से मना रही हूँ तो अंकित ने कहा यहाँ तो पहले
- 7:27बताना चाहिए था न बट देन ही साइड इट्स ओके।
- 7:31अभी भी टाइम है तो बस जाने कहाँ टाइम कुछ नहीं यार, आज ही तो पैसे
- 7:35मिले है आज ही उड़ा दोगे क्या? मैंने कहा नहीं उड़ा रहा पैसे चलो
- 7:38मेरे साथ तो वो उससे एक बहुत ही ना प्यारी सी जगह पे लेके जा रहा
- 7:42था वो चलते गए, चलते गए काइन्ड ऑफ छोटी सी ट्रैकिंग हो गई ऐंड देन
- 7:46फाइनली पहुँच एक वॉटरफॉल के पास। होगा सुधा वॉच सरप्राइज़ ऑड यार ये
- 7:52कौन सी जगह है ये तो मैं आज तक नहीं आई तो अंकित ने कहा है यह है
- 7:55मेरा हिडन प्लेस, ये बहुत कम लोग जानते हैं।
- 7:58शायद इसके बारे में जानते भी या नहीं, मैं ये भी नहीं जानते बिकॉज़
- 8:01एकदम मैंने ऐसे ही डिस् कवर कर लिया इसे और किसी को बताया नहीं
- 8:05क्योंकि क्या जरूरत थी तो उसने कहा तुम्हें पहली इंसान हूँ जैसे
- 8:09तुम यहाँ लेकर आये हो तो उसने कहा हाँ काइंड ऑफ दोज़ ने कहा, काइन्ड
- 8:14ऑफ का क्या मतलब है? कहा की नहीं तुम पहली इंसान अब
- 8:19उदय ने एक एक स्पेशल फील करवाया। उसने को तो वसुधा को बहुत अच्छी
- 8:23लगी है। बात अब वसुधार पहले ही वहाँ से
- 8:26केक लेकर आई थी तो उसने वही केक वहाँ उस झड़ने के पास बैठ के काटा,
- 8:32थोड़ा सा अंकित को खिलाया और फिर खुद खाने लगी।
- 8:35वसुधा को देखते देखते अंकित व लायक कितनी प्यारी सी थी वो उसने
- 8:40आज तक शायद इस बात पे कभी ध्यान ही नहीं दिया था।
- 8:42इतनी प्यारी सी लड़की शायद दुनिया से कुछ ज्यादा चाहती नहीं थी।
- 8:46उसे अपना काम करती हैं, अपने कॉलेज जाती है दैट्स इट।
- 8:50बहुत प्यार मतलब बहुत ही प्यारी सी लड़की होती है ना आवाज सोचोगी
- 8:54कि उसकी क्या डेफिनिशन हैं प्यारे लड़की की तो मतलब अब वो होती है
- 8:58यार मिलेंगे तो तुम बताना मुझे तो वैसे तो वैसे ही थी।
- 9:03धीरे धीरे अंकित को उसके लिए फीलिंग लाने लगी।
- 9:06उसे लगा की शायद मैं उसे बताऊँगा तो मुझे बिल्कुल एक्सेप्ट नहीं
- 9:10करेगी। तो उसने सोचा कि इन फीलिंग्स को
- 9:12यहीं रहने देता हूँ। ऐड व सुधा व सुधा को उससे बातें
- 9:17करना बहुत पसंद आने लगा। उसकी कंपनी बहुत पसंद आने लगी।
- 9:201 दिन शाम के वक्त वह ऑफिस से जा रही थी।
- 9:23घर कुछ लोग उसके पीछे पीछे चलने नहीं।
- 9:27अब उसे बहुत डर लगा की मैं क्या करूँ?
- 9:30कुछ समझ में नहीं आ रहा था। उसने अंकित को कॉल लगा दिया और
- 9:33उसने उसे बताया नहीं की क्या चल रहा है।
- 9:35वो बस उससे बात करने लगी की और पहुँच गए घर तो अंकित को उसकी
- 9:39आवाज थोड़ी घबराई सी लगी तो उसने पूछा की कोई बात तो नहीं है ना
- 9:43वो? वसुधा ने कहा नहीं नहीं कोई बात
- 9:45नहीं है, बस जेनरली बात कर रही हूँ तो अंकित ने कहा कि मैं थोड़ा
- 9:48सा बीज़ी हूँ, खाना बनाना है तो मैं काट दू कॉल वो वसुधा ने पहले
- 9:52थोड़ी सी हेच के चाय और फिर उसने कॉल काट दिया।
- 9:55अब बस उतरा को फिर से डर लगने लगा की आर क्या करूँ?
- 9:59कुछ समझ में नहीं आ रहा था होता है ना यार ऐसे लड़कों को पता नहीं
- 10:02है फीलिंग कभी आयी होंगी हमें लड़कियों को बहुत झेलना पड़ता है ये
- 10:06सब। जारी उस अंधेरे रास्ते पर उसके वो
- 10:0910 मिनट भी उसे 10 घंटे जैसे लगने लगे।
- 10:12चार ही चलते चलते चलते अपने घर पहुंची जैसे तैसे करके उसके बाद
- 10:16बहुत देर तक घबराई हुई बैठी रही की क्या करूँ?
- 10:20मैं अकेली रहती हूँ बाई चान्स इन लोगों में से कोई आ गया तो बेचारी
- 10:24रात भर सोई ही नहीं नेक्स्ट डे भागदौड़ कर अपना कॉलेज किया और फिर
- 10:29पहुँच गई अपनी जॉब पर उसकी शकल से उसकी थकान साफ साफ दिख रही थी।
- 10:34अंकित उसके पास आया और उसने पूछा की क्या हुआ, वसुधा रात को सोई?
- 10:38नहीं तो वसुधा ने उसे कुछ भी नहीं कहा।
- 10:40फिर उसने वापस पूछा कि क्या हुआ तो वसुधा ने इस बार भी उसे कोई
- 10:44जवाब नहीं दिया और कहा की नहीं कुछ नहीं है।
- 10:46मैं ठीक हूँ, इट्स ओके कोई बात नहीं है।
- 10:50अंकित को कुछ अजीब लगा। जैसे ही वसुधा ऑफिस से निकली वो
- 10:53भी धीरे धीरे उसके पीछे चलने लगे। तो उसने देखा कि वो लड़के उससे कुछ
- 10:57टाइम से परेशान कर रहे थे की इसको बड़ी गुस्सा आयी व सुधा के घर में
- 11:02जाने के बाद अंकित ने उन लड़कों को पता नहीं उनके साथ क्या किया?
- 11:06बट उस दिन के बाद वो लड़के गायब हो गया ऐंड वसुधा बहुत खुश थी।
- 11:11फिर बस सुधारने अंकित को 1 दिन पूछा की ऐसे तुमने उन लड़कों के
- 11:16साथ क्या किया? अंकित वास् लाइक क्या क्या मतलब
- 11:19मैं कौन से लड़की? तो ज़ादा ने कहा, जब तुम पीछा कर
- 11:22रहे थे ना, मेरा तो मुझे बड़े अच्छे से समझ आ गया था की वो तुम।
- 11:27ऐलीअन स्टॉकर्स को देखती हूँ और जो ये पीछा करते हैं वो अलग होता
- 11:31है और तुम जो क्न्सर्न मैं मेरा पीछा गलत हो अलग था, समझ में आ
- 11:35जाता है तो उसने कहा की टेंशन मत लो, आज के बाद वो तुम्हें परेशान
- 11:39नहीं करेंगे। तू ही सरप्राइज़ इस बार वसुंधरा ने
- 11:43कहा कि अंकित थैंक यू वेरी मच। ऐंड नॉट ओनली फॉर थिस तुमने मेरी
- 11:48बहुत बार जाने अनजाने में बहुत हेल्प की है ऐंड आई नो क्यों की
- 11:52है? पर तुम इतने बुद्धू हो गए ये समझ
- 11:55में नहीं आया था। अरे तुम मुझे लाइक करते हो तो मैं
- 11:59भी तो करती होंगी ना? तभी तो तुमसे इतना मिलती हूँ,
- 12:01वरना हर किसी को वसुधा के हाथ की कॉफी ऑलमोस्ट डेली मिले, ये भी
- 12:05कोई बात है वाला तो वसुधा की इतना कहने पर ही अंकित वो सही पता था।
- 12:12मैंने कहा तुम्हारी आँखें हैं ना? बहुत अच्छी है।
- 12:16उन्हें देखते ही समझ आ जाता है कि तुम क्या कहना चाहते हो, पर तुम
- 12:20कहीं नहीं पा रहे थे तो क्या करती?
- 12:22इसलिए सोचा कि मैं ही कह देती हूँ सब बुरा क्या है?
- 12:26दोनों ने जब एक दूसरे को बताया कि वो दोनों एक दूसरे को बहुत टाइम
- 12:30से लाइक करते है ना वो दोनों बहुत खुश हुए।
- 12:33जस्ट लाइक हम लाइफ में बहुत सारे लोगों को ये बता ही नहीं पाते कि
- 12:37वो हमारे लिए कितनी इम्पोर्टेन्ट है।
- 12:39जब तक बताने का वक्त आता है वो लोग चले जाते हैं, गायब हो जाते
- 12:43है, पता ही नहीं चलता कहाँ गए? तो इसलिए अगर आप किसी को लाइक
- 12:48करते हो या आपको किसी से कोई भी बात करनी है तो तुरंत किया करो ये
- 12:52मत सोचा कर लो कोई कल परसों हम में से किसी ने कल नहीं देखा तो
- 12:57कल पे बातें छोड़ना है इस लाइक पता नहीं।
- 13:00तो चलो योर हूँ खुशी इस साइनिंग ऑफ नाउ ऐंड टेक केरन बाइ बाइ।