Latest / Khushei Ki Duniya / 11:11 (I Manifest You, I Love You❤️)
Transcript
- 0:00सो है गाइस युअर हू कम दोज़ खुशी इस बेक अगेन विथ अनँद्अर लव
- 0:04स्टोरी फॉर ऑल ऑफ़ यू गाइस एंड आई होप यू ऑल गाइस मिस्ड मी।
- 0:07और तुम जिनकी चार कहानियों तो सुन ही रहे हो ओके ठीक है आई ऍम नॉट
- 0:12बीइंग सेल्फिश बट या चलो जो भी है तो जो हमारी आज की कहानी है वो
- 0:18कहानी बहुत ही एकदम। यू नो प्यारी सी कहानियों क्योंकि
- 0:22ये एक रियल लाइफ लव स्टोरी है तो अपने किसानों में ये प्लग्स लगा
- 0:26लो दुनिया से थोड़े से दूर हो जाओ एंड लेट मी स्टार्ट दी स्टोरी ये
- 0:32कहानी है मानव और नित्या की, तो नित्या एक ट्वेल्फ्थ क्लास की
- 0:37स्टूडेंट है साइंस की। पीसी वि टु बी मोर स्पेसिफिक उसके
- 0:42स्कूल में एक खासियत थी की वो काफी पुराना स्कूल था और वहाँ पे
- 0:46ट्वेल्फ्थ में भी अडमिशन हो जाते थे।
- 0:49तो कहते है ये भी एक डेस्टिनी का बैड बनगया उसके लिए उस स्कूल का
- 0:54ये रूल की ट्वेल्फ्थ में भी वो एडमिशंस ले लिया करते थे।
- 0:58तो अब ट्वेल्फ्थ क्लास शुरू हुई और नित्य काफी अच्छी स्टूडेंट थी
- 1:03और उसका सारी यू नो टीचर्स के सामने एक रेपुटेशन था की हाँ शी
- 1:07इस ए गुड स्टूडेंट तो उसे क्लास में लेट कॉमर्स की ड्यूटी मिली थी
- 1:11की जो लेट आते हैं वो उनका नाम लिखे तो?
- 1:151 दिन असेंबली में उसने देखा भी सेशन शुरू ही हुआ था।
- 1:18कुछ ज्यादा दिन नहीं हुए थे। उसे एक नया चेहरा दिखा असेंबली
- 1:21में और एक कनेक्शन फील हुआ उस चेहरे को देखने के बाद जैसे कहीं
- 1:26ना कहीं वो उसे जानती थी पर वो उसे नहीं जानती थी।
- 1:30ये भी कोई बात हुई भला? बात तो हुई वेल तो मैं बताती हूँ।
- 1:35उसके बाद वो अपनी क्लास में गयी। अब लेड कमर्स का नाम लिख ही रही
- 1:39थी कि उसे वही लड़का दिखा अपनी क्लास में भी और वो उनका नया
- 1:45क्लासमेट होने वाला था जिसका नाम था मानव लेड कमर्स में।
- 1:49हर दिन वो लेट आया करता और हर दिन नृत्य उसका नाम लिखा करती।
- 1:54लेकिन वो हमेशा ये सोचती की ये हमेशा लेट कैसे हो जाता है?
- 1:58यार अरे कभी तो टाइम से आए बट अब वो इतना लेट आता था की अब धीरे
- 2:03धीरे वो नित्य से न हाथ पैर जोड़ने लगा की मेरा ना मत लिखा कर
- 2:07मतलब कभी जभी तो स्किप कर दिया कर यार।
- 2:10वो अब नित्या को भी उसके ये लेट आने की फिर उसका ये कहने की आदत
- 2:15सी होने लगी थी, उसे नहीं पता था आखिर क्यों वो क्लास में बैठी
- 2:20रहती तो देखती रहती कि वो क्या कर रहा है, उसका ध्यान कहाँ है?
- 2:25हर वक्त उसे बस फन करता कि उससे जाके बात करे।
- 2:29उससे पूछे बट नहीं हुई थी। अब तक उसकी उससे कोई भी बात और वो
- 2:34भी थोड़ा इंट्रो अच्छा लड़का था अपने में ही रहना।
- 2:38उसके दोस्त भी कम थे अपना पढ़ाई लिखाई पे ध्यान देना वो भी अच्छा
- 2:43स्टूडेंट था। लेकिन हर कहानी में थोड़ा सा
- 2:47बैरियर तो आता ही है। बट?
- 2:48कहानी अभी उसी से इंटरेस्टिंग बनती और ये तो रियल लाइफ है भाई
- 2:52तो इसमें मोड़ आना तो बहुत शुर है तो कुछ दिन बाद ही इन लोगों के
- 2:58सेक्शंस चेंज हो गए क्योंकि मानव मैथ्स का स्टूडेंट था और नृत्य
- 3:03बायोलोजी की तो सेक्शन चेंज हुए। लेकिन नित्या फिर भी कहीं ना कहीं
- 3:08कभी ना कभी मैथ्स सेक्शन में जाती रहती और कोशिश करती की क्लास से
- 3:13बाहर ही सही मानव उसके पास दिख जाए क्योंकि कहीं ना कहीं शायद
- 3:18उसे पसंद करने लगी थी, लेकिन अभी दिल से वैलिडेशन नहीं मिला था
- 3:22उसे। फिर हुआ यूं की 1 दिन उनके स्कूल
- 3:26में जब 15 अगस्त का सेलेब्रेशन होने वाला था तो ये लोग सब एक ही
- 3:31क्लास में बैठे थे। उस दिन तो टीचर वगैरह ने बोला की
- 3:34आज मानव हमे गाना गाके सुनाएगा और ये सुनने के बाद गानों में कम
- 3:40इन्ट्रेस्ट रखने वाली नृत्य भी। सोचने लगे की ये गाना भी गाता है
- 3:44आई मीन ये और सिंगर अब उसके लिए काफी बड़ा यू नो एक क्वेश्चन था
- 3:50की ये तो बोलता भी बहुत कम है बट जब उसने गाना शुरू किया तो जो
- 3:56गाने उसे बोरिंग बेफालतू के लगते थे, जिन्हें सुनना उसे पसंद नहीं
- 4:00था। उसकी आवाज़ में वो गाने एक
- 4:02खूबसूरत हो जाया करते। उन गानों में जैसे जान आ जाती।
- 4:07नित्या को बहुत अच्छा लगा जब उसने पहली बार गाना गाया।
- 4:12इतनी अच्छी आवाज़ थी उसकी जैसे उसकी आवाज़ में खो गयी थी वो।
- 4:16अब 15 अगस्त का जो सेलेब्रेशन होने वाला था।
- 4:20वो काफी अच्छा हुआ। सब कुछ सही रहा उस दिन।
- 4:23हालांकि मानव का एक म्यूसिक परफॉरमेंस था।
- 4:26उस दिन उसको एक गाना गाना था। उसको एक अवार्ड भी मिलना था।
- 4:30वो सच में बहुत अच्छा गाता था और कहीं ना कहीं बहुत खुश थी नृत्या
- 4:36उसका गाना सुनकर उसे थोड़ा सा ही सही पर जानकर।
- 4:41अब कुछ दिन यूं ही गुजरे नित्या मानव को देखती, उसे बहाना चाहिए
- 4:47होते था। मैथ सेक्शन में जाने के लिए।
- 4:49कुछ दिन बाद उनके स्कूल की फिफ्टिएथ एनिवर्सरी थी गोल्डन
- 4:53जूगली, जिसके लिए काफी सारे परफॉर्मेंसेस होने वाले थे।
- 4:58कुछ पुराने अल्युमिनाइज़ आने वाले थे।
- 5:00यू नो इट वास् लाइक वॅन ऑफ़ दी बेस्ट नाइट्स दे वेर गोइंग टु
- 5:04हॅव, क्योंकि भाई उसके बाद उनका स्कूल भी खत्म होने वाला था, तो
- 5:08नित्या ने सोचा की इस बार कुछ अच्छा सा होगा पर वो ब्रेक करने
- 5:13लगी। उस गोल्डन जुबली का अब पूरी बहुत
- 5:16बात उसकी मानव से हो जाया करती थी।
- 5:18कभी अब ये डिसेंबर का वक्त था, सर्दी का मौसम था और कहीं ना कहीं
- 5:23सर्दी का मौसम थोड़ा एक्स्ट्रा रोमेंटिक तो होता ही है।
- 5:26यार देखो तुम मान हो या लामान मैं तो मानती हूँ अब सब कुछ सही था,
- 5:32सारे प्रिपरेशन अच्छे चल रहे थे, थोड़ी बहुत मानव से उसकी बात हो
- 5:35जाती थी। अब 1 दिन।
- 5:37जब वो गोल्डन जुबली का फंक्शन था नित्य एक सुन्दर सी साड़ी में और
- 5:41स्लीवलेस ब्लाउज में तैयार हो कर गई।
- 5:44क्या भला की सुन्दर लग रही थी वो लेकिन उसके दोस्तों ने जब उसे
- 5:48कॉंप्लिमेंट दिया उसे इतना कुछ खास लगा नहीं की ठीक है क्योंकि
- 5:53उसे इंतजार था उससे कॉंप्लिमेंट का।
- 5:56जो से शायद मानव से मिलने वाला था, उसने मानव को टेक्स्ट किया की
- 6:01कहाँ हो तुम ही सैड की? अभी तो स्पोर्ट्स रूम में हूँ,
- 6:05अभी आता हूँ और नित्या से वेइट् ही नहीं हुआ बाहर जाके उस रूम के
- 6:10वो खड़ी हो गई। जैसे ही मानव ने उसे देखा कहीं ना
- 6:14कहीं। एक बीट तो उसके भी हटकी उसके वो
- 6:17ही थी उस दिन क्या सुन्दर लग रही थी वो एकदम सुन्दर उस दिन मानव ने
- 6:24उसे कहा कि हाँ हाँ अच्छी लग रही हो लेकिन मन में तो शायद वो भी
- 6:28सोच रहा होगा कि यार कितनी सुन्दर लग रही है ये एकदम सुन्दर उसके
- 6:34बाद। पूरी रात धमाकेदार रही डांस गाना
- 6:39ये वो बहुत अच्छी रात थी, वो काफी सारे फोटोस हुए।
- 6:44नित्या ने मानव की जो से जब गाना गाया, स्टेज पर उसने वो रिकॉर्ड
- 6:48किया इट वास् ब्यूटीफुल। फिर उसके बाद उन्हें घर जाते जाते
- 6:52अराउंड 11:30 बज गए। और मानव ने नित्या से कहा था की
- 6:56यार वो फोटो शेयर कर देना तो नित्या ने कहा हाँ बिलकुल।
- 7:00लेकिन उसकी नेटवर्क स्पीड बहुत स्लो थी, जब वो फोटोस धीरे धीरे
- 7:05धीरे धीरे पहुंचते पहुंचते 12:00 बज गए एंड नित्या जस्ट वांटेड टु
- 7:09टॉक टु हिं तो उसने सोचा की एक बार कॉल करके बता देती हूँ की चले
- 7:13गए हैं मैसेज अब बहाने चाहिए होते हैं यार हमें तो नित्या ने जब उसे
- 7:18कॉल किया, ये क्या कॉल मानव के पापा ने पिक किया एंड नाउ दे वेर
- 7:24डोन्ट क्योंकि? मानव को पूरी रात डांट पड़ी थी की
- 7:29रात के 12:00 बजे कौन लड़की है ये जो तुम्हे मैसेज कर रही है, फ़ोन
- 7:33कर रही है, व्हाट इस थिस बेहेवियर एंड एव्रीथिंग?
- 7:35अब नित्या को ज़रा सा भी अंदाजा नहीं था की मानव के पेरेंट्स घर
- 7:39होंगे। दरअसल वो अकेला रहा करता था।
- 7:42और नित्या को लगा कि आज भी अकेला होगा तो उसने उसे कैज़ुअली कॉल कर
- 7:46दिया, लेकिन यहाँ तो बोम्ब फट गया था।
- 7:49अब उसके बाद मानव ने उसे मैसेज किया कि प्लीज़ आप मुझे मैसेज मत
- 7:53करना, मुझे बहुत डांट पड़ी है। अब नित्या को भी बहुत बुरा लगने
- 7:57लगा की यार उसकी वजह से उसे डांट पड़ी होगी, कहीं उसका फ़ोन
- 8:01कन्फिस्केट न हो जाए और पता नहीं क्या क्या ख्याल है?
- 8:04फिर अगले दिन वो मानव से मिली पर तब तक सब थोड़ा बहुत नॉर्मल हो
- 8:08गया था। उसने अपोलोजाइज़ किया कि सॉरी
- 8:11इतना रात में शायद मुझे फ़ोन नहीं करना चाहिए था।
- 8:14बट अब तो गलती हो गई। एंड मानव सैड ठीक है यार इट
- 8:18हप्पेन्स ठीक है, फिर सब ठीक है। थोड़ा बहुत नॉर्मल हुआ।
- 8:21उसके बाद उनके एग्ज़ैम्स वगैरह आने वाले थे और नित्या की
- 8:26बायोलोजी इंग्लिश और एक दो सब्जेक्ट्स और अच्छे थे और
- 8:29फिजिक्स बहुत वीक। वहीं दूसरी ओर मानव की इंग्लिश
- 8:33खराब थी और फिजिक्स। तो अब बस होना क्या था?
- 8:37नित्या ने मानव से हेल्प मांगी और मानव ने भी मान लिया क्योंकि उसकी
- 8:41इंग्लिश कमजोर थी। अब दोनों एक दूसरे को पढ़ाते, अब
- 8:45पढ़ाते है तो बाते भी होती है। एक दूसरे को थोड़ा बहुत जानते भी
- 8:48है। कुछ वक्त बाद उनकी छुट्टियां हुई।
- 8:52उसके बाद नित्या जब लौटकर आई तो वो प्रसाद लेकर आई।
- 8:56उसके लिए जहाँ भी वो छुट्टियों में गयी थी तो अब उसका मन तो हुआ
- 9:00की वो मानव को दे पर पता नहीं। कुछ तो रोक रहा था उसे उस प्रसाद
- 9:04को देने से कही ना कही। नित्या को थोड़ा ऐसा लग रहा था।
- 9:083 दिन तक उसने अपने बैग में ये रखा वो प्रसाद क्योंकि वो नहीं
- 9:12जानती थी कि क्या बोलू की? क्या कुछ समझ नहीं आ रहा था कहीं
- 9:16मानव कुछ और ना सोच लिया पता नहीं किया गया।
- 9:20लेकिन तीसरे दिन उसने हिम्मत करके मानव को प्रसाद दिया और मानव बहुत
- 9:25स्पिरिचुअल इंसान था। उसे पसंद था मंदिर जाना भगवान
- 9:28मेहमानना सब कुछ तो जब नित्या से उसे प्रशाद मिला तो उसे काफी
- 9:33अच्छा लगा। खुश था वो अब उनकी डेली बातें
- 9:37होने लगी। नंबर्स एक्स्चेंज हो चूके थे सब
- 9:40कुछ सही चल रहा था कभी बातें होती कभी कॉल पे बातें, कभी चाट सब कुछ
- 9:45एकदम सही था। फिर न्यू ईयर आया और न्यू ईयर तक
- 9:49उनकी बातें बढ़ने लग गई थी। अब।
- 9:53हालांकि नित्या एक ऐसी लड़की थी जिसे अपने दोस्तों को बताना कम था
- 9:57की यार उसने बताया नहीं था की यार ऐसा कुछ है बिकॉज़ उसके दोस्त कभी
- 10:01बिलीव नहीं करते की नित्या जैसी? लड़की को भी किसी के लिए फीलिंग्स
- 10:04आ सकती है। लाइक वो थी ही नहीं वैसी वाली
- 10:07इंसान की। अरे यार वो काफी कैज़ुअल, नॉर्मल,
- 10:11हर चीज़ में हँसी मजाक एकदम। चिल लाइक करती हट।
- 10:15पहली बात उसे भी जब मानव को देख के कुछ तो फील हुआ था और 1111
- 10:21हमेशा अब कुछ लोगों को नहीं पता होगा तो 11111 ऐसा टाइम होता है
- 10:25जब कहा जाता है की तुम कुछ मैनिफ़ेस्ट करो जैसे की तुम कुछ
- 10:30मांगो तो वो तुम्हें मिल जाता है। नित्या इस बात पे बहुत बिलीव करती
- 10:34थी। हर बार हर दिन ऑलमोस्ट यारा यारा
- 10:37बार को हमेशा मैनिफ़ेस्ट करती थी काश मानव ना यार वो भी मुझे पसंद
- 10:42करने लगे या कुछ तो ऐसा एक बार बहुत शिद्दत से उसने मांगा की यार
- 10:49आज हम स्कूल जा रहे है काश आज मुझे मानव दिख जाए।
- 10:52और उस दिन शायद उस कहानी का बिलकुल नहीं था।
- 10:54बट मैनिफेस्टेशन थी भाई और उसे बिलकुल बिलकुल नाउ थी उसके मिलने
- 11:00की एंड स्टिल शी फाउंड हिं और वो इतनी खुश हुई की हर 1111 अक्चवली
- 11:04वर्ड्स और वो हर दिन उसे मैनिफ़ेस्ट कर दी की काश ये
- 11:09फीलिंग्स एक तरफ़ा प्यार से। दो तरफ़ा हो जाए।
- 11:12आज हम वो भी मेरे बारे में यही सोचता हो।
- 11:16काश जब जैसे उसको देखने के बाद मेरे चेहरे पे एक दम बड़ी सी
- 11:20स्माइल आ जाती है, चाहे कितनी भी बड़ी प्रॉब्लम हो, उसे बताने के
- 11:24बाद एक दम छोटी सी हो जाती है तो काश वो भी मुझे प्यार करता हो।
- 11:30काश वो भी मेरे लिए वही फील करता हूँ जो मैं उसके लिए फील करती
- 11:34हूँ। काश और उसकी 1111 मैनिफेस काफी
- 11:39वक्त तक चली। फाइनली अब न्यू ईयर का टाइम था और
- 11:44नए साल हर चीज़ एक दम खुशनुमा थी। एक तो उस टाइम का वेदर बहुत अच्छा
- 11:48रहता है। था तो सब कुछ सही था।
- 11:53कुछ दिन बाद फाइनली नित्या ने हिम्मत करके सोचा कि वो मानव को
- 11:58बता देगी एंड एग्ज़ैक्ट्ली एट 11:11 उसने मानव को बता भी दिया
- 12:03कि मैं हमेशा में पसंद करती थी। जब से तुम्हें देखा था तुम्हारा
- 12:08वो लेट आना यू नो मतलब लगता था की यार आज तुम लेट आओगे, तुम फिर से
- 12:15मुझसे कहोगे की नाम मत लिखिए, फिर मैं तुम्हें बैठ के ताकती रहती
- 12:19थी। यू नो मेरी लाइफ तुम्हारे
- 12:22अर्धगर्ध घूमने लगी थी, तुम होते तो चेहरे पे स्माइल रहती तुम नहीं
- 12:26आते? तो लगता है की आज मैं भी क्यों ही
- 12:28आयी स्कूल और बहुत सारी चीज़े नित्या ने उसके लिए खाना तक बनाना
- 12:35सीखा था। वो उसके लिए लंच ले जाती।
- 12:37सब कुछ बहुत अच्छा था। इंसान जब प्यार में होता है ना
- 12:40यार वो उसका तो बेस्ट वर्शन होता है।
- 12:43एक दम रॉ, एक दम पूरे। पता है प्यार ना ऐसी चीज़ नहीं है
- 12:48जो तुम जैसे जो तुमने चाही और तुम्हें मिल गयी मैनिफेस्टेशन डज़
- 12:52वर्क बट वो ना एक डेस्टिनी होती है, जो तुम उस इंसान से मिलवाती
- 12:57है। नित्या ने इस रिलेशनशिप से पहले
- 13:01भी मानव को देखते ही उसे कुछ तो लगा था।
- 13:04वो था शायद उनका वो कनेक्शन जो कहीं ना कहीं इस वर्ड से भी बहुत
- 13:10था। दुनिया से वो कनेक्शन जो सिर्फ उन
- 13:13दोनों के बीच था, बिना उसके मैसेज आये समझ जाती की उसका मैसेज आने
- 13:19वाला है बिना उसके बोले समझ जाती की वो क्या बोलने वाला है?
- 13:24अब यही तो प्यार होता है ना यार, प्यार तब नहीं होता है जब हम
- 13:28चाहते हैं कि हमें प्यार हो। प्यार अनचाहे होता है, प्यार बिन
- 13:32मांग ही मिलता है। यार बहुत खूबसूरत चीज़ होती है,
- 13:36बहुत खूबसूरत फीलिंग होती है जो नित्या और मानव के बीच बराबर थी।
- 13:42नित्या चाहती थी। की मानव से उतना ही प्यार करे और
- 13:46हाँ, मानव ने भी उस दिन अपनी फीलिंग्स कन्फेस की।
- 13:50क्यों मुझे तो तुझसे उसी दिन प्यार हो गया था।
- 13:52जीस दिन तुने मुझे वो प्रसाद लाके दिया था पता नहीं लाइक ए गॉड साइन
- 13:57आई डोन्ट नो। उसके बाद वो दोनों खुश थे अपने
- 14:02रिलेशनशिप से। नृत्या को कोई भी प्रॉब्लम होती
- 14:05या मानव को कोई भी प्रॉब्लम होती? वो दोनों एक दूसरे से शेयर करते।
- 14:10मानव का अकेलापन नृत्या के आने से दूर हुआ था और नृत्या जो शायद
- 14:15जिससे कभी प्यार वाली फीलिंग समझ ही नहीं आनी थी उसे वो फीलिंग
- 14:19मानव को देखकर आती थी। खुश थे दोनों अपनी ज़िन्दगी में।
- 14:23एंड आई विश वो अपनी जिंदगी में खुश रहे।
- 14:26हम माना की लाइफ में ना बहुत सारे अप्स एंड डाउन्स आते है।
- 14:30कभी कभार हमें ऐसी सीटुएशन्स में आते है जब हमें नहीं समझ आता है
- 14:34की हमें चूस क्या करना चाहिए। हमारे लिए हमारी फैम्ली फर्स्ट
- 14:37प्राइऑरटी रहती है नो डाउट लेकिन यार वो इंसान ना।
- 14:43जो इंसान हमारे लिए बना है, अगर हमें वो इंसान मिलता है तो उसके
- 14:47लिए एक फाइनल फाइट लड़ने में कोई बुराइ नहीं है।
- 14:51उस इंसान को बिना ट्राई किए तो बिलकुल अपनी जिंदगी से नहीं जाने
- 14:54देना चाहिए हमें नाउ यू नो व्हाट आई मीन?
- 14:58आई ऍम नॉट सयिंग की फाइट फॉर युअर लव ऑर फाइट फॉर यूरसेल्फ़ ऑर
- 15:01समथिंग लाइक दट। बट येस ट्राई फॉर यूरसेल्फ़ ट्राई
- 15:04फॉर युअर लव अब चलो ये कहानी तो ये रियल लाइफ स्टोरी है ब्य दी वे
- 15:12देन दे फाउंड हर लव एंड आई होप यू ज़िन्दगी भर एक साथ रहे।
- 15:17उनके ज़िन्दगी में जीतने भी प्रोब्लम्स है जीतने भी
- 15:20ओब्स्टेकल्स है बस वो खत्म होजाये समहाउ अब कैसा क्या होता है?
- 15:25वो तो भगवान जा रहे है, जिन्होंने उन्हें मिलाया है, शायद वही उनकी
- 15:30कहानी आगे भी लिख रहे होंगे। बस अभी थोड़ा सा यू नो ऐड वाला
- 15:34टाइम चल रहा है सो यू कैन स्किप इट एंड डोन्ट वोर्री।
- 15:38व्हाट अरे विल हैपन इट विल हैपन फॉर युअर गुड सो डोन्ट वोर्री एंड
- 15:42चलो ये कहानी तो मैं यही खत्म करती हूँ तो ये कहानी यहीं खत्म
- 15:47अब मुझे तुम लोगों से एक बात करनी थी यार कि अच्छा पहले तो मुझे ये
- 15:50बताना है कि ये कहानी तुम्हें कैसी लगी और अब क्या बोलने वाली
- 15:55थी माँ ऍम हाँ। यार भाई कौन कौन अच्छा ये बताओ
- 16:00कितने लोगो ने अक्चवल में जब से मैंने बोला तुम्हे की हमारा जून
- 16:03से काउंटिंग रहेगा। तुमने कितनी कहानियों सुनी?
- 16:06आई ऍम प्लीज़ बी ऑनेस्ट विथ मी आई मीन पता है मैं खुद सुनने लग गई
- 16:10हूँ की कुछ स्ट्रीम्स तो बढ़ेंगे क्योंकि यार थिस इस गोइंग टु बी
- 16:15स्पेशल फॉर मी। हौ मच आई ऍम गोइंग टु गेट फ्रम इट
- 16:18बट थिस इस गोइंग टु बी समथिंग स्पेशल बिकॉज़?
- 16:22मैं पता है अभी मैं कुछ टाइम पहले सोच रही थी की अगर ये पॉडकास्ट
- 16:25मेरे नाम पे होते ना, सच में तो मुझे नहीं लगता ये इतनी चलती इट्स
- 16:29समथिंग लाइक की उसके नाम में कुछ है खुशी के नाम में कुछ है उसके
- 16:33नाम से चलती है भाई ये पॉडकास्ट एंड आई लव इट व्हेन यू गाइस कॉल
- 16:37में बिकॉज़ आई फील लाइक की चलो कहीं ना कहीं तो वो भी है भाई तो
- 16:41उसका श्रेय बिलकुल इससे मिलना चाहिए और सच में मैं सोचती हूँ
- 16:44भाई मेरे नाम पे होती है ना तो कतरीना चलती है इतनी जितनी हो
- 16:47फोरकास्ट चलती है आई जस्ट होप की थिस टाइम यू मेक इट टु दी चार्ट्स
- 16:51आई मीन भाई बहुत टाइम हो गया वो एक विंडो जो आती है ना जब वहाँ
- 16:55दिखता है कि नाउ यू अरे इन टॉप चार्ट्स यार बहुत वक्त हो गया, वो
- 16:58देखे कहाँ? हम टॉप 50 में थे और तुम लोगों ने
- 17:01मुझे प्रॉमिस किया था कि यू अरे गाना गेट टॉप 20 और अब बताओ हम
- 17:04टॉप 200 में भी नहीं है यार व्हाट इस थिस बेवियर भाई वैसे तो यार सच
- 17:08बात है ना आई नो यू गाइस कांट जस्ट डू एनीथिंग लाइक तुम क्या ही
- 17:13कर सकते हो तुम सुन सकते हो वो तो तुम सुन रहे हो इतना तो मुझे तुम
- 17:15लोगो पर भरोसा है भाई मैं मजाक की 100 बातें आई नो हौ मच यू देर इस
- 17:19नो मी एंड थिस कॉल गॉट तुम चाहोगे कभी बंद न हो लेकिन कभी कभी तो मन
- 17:25करता है बीच में तो मेरे को बहुत गुस्सा आगई थी नहीं यार ये चाट्स
- 17:28में क्यों नहीं है? बट फिर मैं थोड़ी सेल्फिश हो गयी
- 17:30थी। आई न्यू दट आई ठीक है यार तुम लोग
- 17:32जितना कर सकता है तुम खुद ही करोगे मुझे तुम्हे कहने की जरूरत
- 17:34नहीं पड़ेगी एंड आई नो दट, मैंने सोचा की छोड़ो यार बीच में तो पता
- 17:38है ऐसे ही हालत हो गई पता नहीं मेरा उस टाइम पे बहुत गंदा मूड चल
- 17:40रहे थे, है ना? मैंने सोचा बंद कर दिया था इस
- 17:42पार्ट कास्ट को फाड़ दे दो मतलब? ऑब्वियस्ली फिर मैंने जब सोचा कि
- 17:49भाई नहीं नहीं थिस इस सो रॉंग तो ऑब्वियस्ली मैंने बंद नहीं किया
- 17:53मैं बकवास कर ही रही हूँ तो भाई सामने अभी भी बट मैं सोंची थी।
- 17:56उस टाइम गुस्से में भाई बहुत तेज़ गुस्सा आ रही थी, मुझे पता नहीं
- 17:59किसी चीज़ पे मैंने कहा बंद करदो, मैं थोड़ी सी संभल गई अच्छा चलो।
- 18:05अभी मैं जाती हूँ और पता हैं मैं अभी इसके बाद न दो स्टोरीज़
- 18:08रिकॉर्ड करने वाली हूँ भाई, वो बहुत बहुत खूबसूरत होने वाली हैं
- 18:12की जैसा मेरे दिमाग में बिकॉज़ यू नो की मैं स्क्रिप्ट नहीं लिखती
- 18:15हूँ तो जैसा मेरे दिमाग में हैं न अगर वैसा सेव मैं बोल पायी भाई
- 18:19एकदम लेजेंडरी कहानी होने वाली हैं, लेजेंडरी आई मस्ट से तो
- 18:23देखते हैं। तो मुझे बताना वो सुनके कैसी लगी
- 18:25ये वाली कैसी लगी ये भी बताना एंड बिलीव इन लव कुछ ना कुछ हो ही
- 18:29जायेगा सबका ठीक है चलो मिलती हूँ तुम सेफली कहानी मेट टेक केयर एंड
- 18:33बाई बाई यू नो व्हेर टु फाइन्ड मी ऐट के हेच यु अंडरस्कोर एस हेच ए
- 18:38इ आई अंडरस्कोर पर ओके बाई?