Latest / Khushei Ki Duniya / Tum Hi Ho❤️
Transcript
- 0:00कहते हैं देने वाला सब कुछ दे सकता है तुम बस मांग के देखो
- 0:05मांगो यार उससे भिखारियों की तरह मांगो क्योंकि वो चाहेगा ना तो वो
- 0:09दे देगा चाहे तुम्हारे नसीब में है नहीं है, उसे फर्क नहीं पड़ता
- 0:16तो बस मांग कर देखो। सो आई गाइस युअर होस्ट कम दोस्त
- 0:21खुशी। इस बेक अगेन विथ।
- 0:23अनँद्अर लव स्टोरी फॉर ऑल ऑफ़ यू गाइस आई होप यू ऑल गाइस मिस्ड मी।
- 0:28तो जो हमारी आज की कहानी है वो है माया और देवकी तो अपने कानों में
- 0:33उपलब्ध लगा लो, हो जाओ दुनिया के शोर शराबे से थोड़े से दूर।
- 0:39लेट मी स्टार्ट दी स्टोरी माया अपनी जिंदगी से थक गई थी, ना कोई
- 0:46हँसी थी, ना खुशी थी, ना कोई इंसान था जिसके लिए वो जीना चाहती
- 0:50थी जैसे बस सब खत्म हो गया था उसकी जिंदगी में वहीं दूसरी ओर
- 0:56था। उसकी जिंदगी भी कुछ ऐसी ही थी।
- 1:00हाँ वो बहुत हँसने खेलने वाला इंसान था, लेकिन धीरे धीरे धीरे
- 1:05धीरे सब चीजें बस उससे दूर होते गई।
- 1:08वो सारी चीजें जो उसे पसंद थी, जिनसे वो प्यार करता था, हमेशा से
- 1:13उसने जो भी चाहा उसे वो कभी नहीं मिला।
- 1:17ये चाहे उसने उसके लिए कितनी ही शिद्दत से कितनी ही मेहनत क्यों
- 1:21ना की हो, ऐसा तुम्हें भी लगा है। वैसे कभी लगा ही होगा यार।
- 1:26ये दोनों ही अपनी ज़िन्दगी से परेशान हो गए थे।
- 1:30दोनों ही अब जीना नहीं चाहते थे। लेकिन इनकी ज़िन्दगी के वो एक आधे
- 1:35दोस्त जो आज भी उनके साथ थे, वो जानते थे की ये कितनी परेशानियों
- 1:39से जूझ रहे हैं। वो चाहते थे की ये ठीक हो जाए,
- 1:43वापस से वही हँसने खेलने वाले इंसान हो जाएं और इसीलिए उन्होंने
- 1:49बहुत ही मुश्किल से दोनों को। एक काउंसलिंग सेशन्स के लिए बोला
- 1:54कि तुम एक थेरेपी से मिलो। हो सकता है ज़िन्दगी में वापस से
- 1:57रंग भर जाए। आखिर रंग तो ज़िन्दगी में होते
- 2:01हैं, बस कभी कभी हमें फीके लगने लगते हैं, पर किसी इंसान की
- 2:06प्रजेंस या फिर किसी इंसान के ज़िन्दगी में आने से या शायद किसी
- 2:09एक हादसे से? रंग फिर से तुम्हें रंगीन लगने
- 2:13लगती है, गहरे लगने लगते हैं और उन सबको रियलाइज करवाने के लिए
- 2:18जिंदगी को जीना बहुत इम्पोर्टंट है।
- 2:21जिंदगी की कीमत खत्म हो जाने से जिंदगी खत्म नहीं हो जाती, मगर
- 2:26फिर भी जीना पड़ता है जब तक तुम्हारी सांसें चलती है।
- 2:29और ये फॅक्ट है हम तुम कितना भी सोच लो की यार ये चीज़ नहीं
- 2:33मिलेंगे तो ज़िन्दगी खत्म है ये इंसान नहीं मिलेगा तो ज़िन्दगी
- 2:36खत्म है लेकिन ज़िन्दगी खत्म नहीं होती, ज़िन्दगी चलती रहती है।
- 2:41जब तक ये सांसे हैं और तुम चाह कर भी कभी भी कुछ भी नहीं कर सकते हो
- 2:46सो जस्ट। ये भाई मेरे पड़ोस में
- 2:48कंस्ट्रक्शन का काम चल रहा है एंड आई जस्ट हेट इट पता है मेरा पूरा
- 2:51ध्यान है उसकी जे करके वो एक मशीन नहीं आती उसपे जा।
- 2:54रहा है राइट हेट दट पार्ट मैं तीन।
- 2:56चार तीन जन है अक्चवली महीने हो गए पहले एक और घर बन रहा था उसके
- 3:00बाद अभी एक और घर बन रहा है नाउ इट्स लाइक कंटिन्यूवस्ली जे टाइप
- 3:05ऑफ़ थिंग। आई हिट दट।
- 3:06मैं इतना सीरियसली यहाँ स्टोरी सुना रही हूँ और मैं बिलकुल अंदर
- 3:10वाले। रूम में हूँ, लाइक यहाँ से आगे
- 3:12मैं कहीं नहीं जा सकती मुझे फिर ये गोला छोड़ना पड़ेगा, बट व्हाट
- 3:15इस थिस यार इतना कंस्ट्रक्शन का काम काहे चलता है?
- 3:18अरे भाई? क्या बोलूं भाई?
- 3:20मैं मेरा फ्लो तोड़ दिया सारे, हम सारे दोस्त हो, तुम जानते हो तो
- 3:24मैं करती ही नहीं। हूँ तो जस्ट बेयर विथ मी।
- 3:27मैं भी तो वो परेशान हो। ही रही हूँ ना तो?
- 3:29तुम भी हो थोड़े से। तो दोनों के दोस्तों ने उन्हें
- 3:32बोला कि तुम एक थेरेपी सेशन लेके देखो।
- 3:35हो सकता है कुछ। अच्छा हो जाए।
- 3:37दोनों चाहते तो बिलकुल भी नहीं थे क्योंकि उनकी जीने की जैसे इच्छा
- 3:40खत्म हो गई थी। लेकिन वो फिर भी अपने दोस्तों के
- 3:44लिए ही सही उन थेरेपी सेशन्स में जाते हैं।
- 3:47उनकी जो साइकोलॉजीज थी वो काफी अच्छी थी, समझदार थी और।
- 3:52दोनों ऑब्वियस्ली एंड अप एक ही साइकोलॉजिस्ट पे किए।
- 3:55वो जानते नहीं थे एक दूसरे को लेकिन जो उनकी साइकोलॉजिस्ट थी वो
- 3:59कभी कभी अपने पेशेंट्स को थोड़ा बहुत यू नो उनके लिए ये था कि हम
- 4:05थोड़ा नेचर में जाए। एक दूसरे को जाने क्योंकि मैंने
- 4:08कहा ना जब तक हम सिर्फ हमारी प्रोब्लम्स में घिरे रहते हैं,
- 4:11हमें हमारी प्रोब्लम्स बहुत बड़ी लगती है।
- 4:14लेकिन जब हम दूसरों की प्रॉब्लम सुनते हैं तो समझ जाता है की शायद
- 4:18इतनी भी बड़ी बात नहीं थी तो वो कभी कभी क्या करती की उसके जीतने
- 4:22पेशेंट्स होते हैं उन्हें। घेरे में बिठा।
- 4:24देती एंड देन सबको। बताती की आप अपनी प्रॉब्लम शेयर
- 4:27कर सकते हो और सच बात ये है की उन लोगों में वो लोग बता भी दिया
- 4:30करते हैं। शायद अपने दोस्तों में ना भी बता
- 4:32पाए। क्योंकि उन्हें ये सेंस ऑफ़
- 4:34सिक्योरिटी था की ये भी कहीं ना कहीं परेशान है तो?
- 4:37हमें क्यों जज करेंगे? और जब हमें ये सेंस रहता है ना
- 4:41किसी इंसान से कि ये हमें जज नहीं करेगा तो हम अपनी।
- 4:45ट्रू सेल्फ में होते हैं। एंड ट्रस्ट मी वो ट्रू सेल्फ बहुत
- 4:48प्यारी होती है, बस हम उसे हमेशा छुपाते हैं लोगों से क्योंकि हमें
- 4:51डर रहता है कॉन्स्टंट्ली। की हमें जज करेंगे लोग।
- 4:55और जिसने इस चीज़ को पार कर लिया ना भाई?
- 4:58वो इंसान। जी रहा है।
- 4:59वो इंसान सच में जी रहा है क्योंकि उसे नहीं फर्क पड़ रहा है
- 5:03कोई। उसके बारे में कितना?
- 5:04जजमेंटल है कोई उसके बारे में क्या ही नहीं सोच रहा है।
- 5:08दे जस्ट डोन्ट केयर। और वही बंदा खुश है आज के जमाने
- 5:11में अदर्वाइज़ हम सबके दिमाग में कहीं ना कहीं रहता है की ये क्या
- 5:14सोचेगा? वो क्या सोचेगा?
- 5:15अरे इतनी सी प्रॉब्लम थी अरे इतनी बड़ी बनाली भाई, मेरे लिए मेरी
- 5:19प्रॉब्लम बड़ी है तो है ठीक है, तुम्हारे लिए छोटी होगी, ठीक है
- 5:23वही एग्ज़ैम्पल की मैं मुझे लग रहा था।
- 5:25वो बहुत बड़ी डील है। मेरे भाई ट्वेल्फ्थ में थे।
- 5:27एंड। फॉर हिं इट वास् लाइक उनके लिए तो
- 5:30सब हैं यार छोड़ो बाद में। दिल्ली में मैं क्या?
- 5:33किसकी बात कर रही हूँ तो सॉरी सो ऐसा था अब वो दोनों भी बैठे उस
- 5:39घेरे में। फिर वो लोग।
- 5:41ऐसे ही उनके साइकोलॉजिस्ट ने एक दिनों में बोला कि आज हम वो सेशन
- 5:44करने वाले हैं। जहाँ पे सब बैठेंगे और बातें
- 5:47करेंगे, एक दूसरे के बारे में जायेंगे तो वहाँ पे बैठे थे वो
- 5:50लोग, वहाँ माया भी बैठी थी, देव भी बैठा था और धीरे धीरे सब अपनी
- 5:55अपनी प्रोब्लम्स। बता रहे थे की ऐसा है वैसा है।
- 5:58सिर्फ दो ऐसे इंसान थे जिन्हें अक्चवल में पता ही नहीं था की
- 6:02प्रॉब्लम थी क्या? और कुछ तो प्रॉब्लम थी।
- 6:05वो दोनों ही अनाथ थे पर उन्हें उस चीज़ की भी कोई वो नहीं थी
- 6:09क्योंकि वो अपनी ज़िन्दगी में अच्छा कर रहे थे।
- 6:11लेकिन फिर कुछ महीनों से दे बहुत जस्ट लॉस्ट इट क्योंकि जॉब अप्लाई
- 6:17करने गए नहीं मिली। बहुत सारे दोस्त थे।
- 6:20सब चले गए। सबके।
- 6:22प्लेसमेंट हो गए। सबकी ज़िन्दगी खुशहाल हो गई।
- 6:25उनके पास परिवार भी नहीं। था उनके पास।
- 6:28खुशियां भी नहीं थी तो वो क्या करते तो उनके लिए लाइफ एक दम
- 6:32वर्थलेस हो गई थी। उनके साइकोलॉजिस्ट का कहना बस
- 6:35इतना सा था की ज़िन्दगी कभी भी वर्थलेस होती ही नहीं है यार
- 6:38ज़िन्दगी बहुत वर्दी चीज़ है। बस अभी तुम समझ नहीं पा रहे हो उस
- 6:42चीज़ को अब माया और देव दोनों। सोच रहे थे सब अपने अपने
- 6:46प्रोब्लम्स। बता रहे थे डिस्कॅस कर रहे थे,
- 6:49उनकी कोई प्रॉब्लम थी नहीं। एस।
- 6:50सच क्या बोलते की हमें दूसरे प्लेसमेंट हो रहा है, वो बुरा लग
- 6:54रहा है, हमारा नहीं हो रहा है। ये बुरा लग रहा है क्या?
- 6:56समझ ही नहीं आ रहा था और यही प्रॉब्लम थी।
- 7:00आंधी प्रॉब्लम ही होती है। आई डोन्ट नो आई थिंक किंडल लॉ या
- 7:03कोई एक लॉ होता है ना जिसमे वो कहते हैं की अगर तुमने अपनी
- 7:06प्रॉब्लम लिख ली ना तो तुम्हारी आंधी प्रॉब्लम वही सॉल्व हो जाती
- 7:09है क्योंकि हम आधे वक़्त समझ ही नहीं पाते, बस घूमते रहते हैं।
- 7:13अरे दिक्कत है दिक्कत है अरे क्या दिक्कत है वो तो बताओ और माया और
- 7:17देव को भी नहीं पता था। शायद उनकी ज़िन्दगी की प्रॉब्लम
- 7:20थी उनका खालीपन और आजकल सिर्फ वही नहीं सबकी ज़िन्दगी में थोड़ा सा
- 7:25खालीपन है। उन लोगों की कमी है जिनके सामने
- 7:28हम ट्रू सेल्फ में हो सकते है। वो लोग शायद यार हम सब ना किसी ना
- 7:34किसी एक डर में जी रहे है, ये हमारे बारे में क्या सोचेगा अगर
- 7:38मैंने इसको। यू नो अपीअरेंस दिख गई इसको मेरी
- 7:41क्या से मैं पसंद आउंगी या क्या से मैं पसंद आऊंगा यार मैंने तो
- 7:44फिल्टर लगाया था, मेरा तो कलर इतना गोरा लग रहा था।
- 7:47फोटो में अब मैं इसको मिलूंगा या मिलूँगी तो इन्हें दिखेगा की अरे
- 7:50हम तो स्किन वाले हैं या थोड़ी हमारी तो हम तो सांवले हैं तो ये
- 7:54क्या सोचेगा? अरे हम तो पतले नहीं हैं इतने और
- 7:56इन लोगों को पतले लगते हैं अब जीस दिन मैं इसको देखूंगा या मुझे।
- 7:59देखेगा तो ये सोचेगा अरे ये तो फोटो में इतना बढ़िया।
- 8:01लगता है ये तो असल में है ही नहीं।
- 8:03ऐसा सबके दिमाग में कोई न कोई कोई न कोई।
- 8:06बेफिजूल का डर है? अरे, इंसान अगर इतना सोचता भाई।
- 8:11देखो वाव मैच करने चाहिए। इट इस ए वेरी बिग डील ट्रस्ट
- 8:15क्योंकि। सुंदर लोग भी नेवले हो सकते हैं
- 8:17और जिन्हें लगता है कि वो सुंदर नहीं है, वो भाई सिन्द्रेला भी
- 8:20हो। सकती है।
- 8:21समझ रहे हो तुम और लड़कों तुम? प्रिंस में देखो मैंने।
- 8:24बारहवीं वाली मूवीज़ नहीं देखी है और जो भी उनमें उनका प्रिंस होता
- 8:27होगा, तुम भी वैसे हो सकते हो। पर तुम नहीं सोचोगे अपने बारे
- 8:30में। काय काय की हमें तो सोचनी।
- 8:32नेगेटिव है। और माया और देव एग्ज़ैक्ट उसी
- 8:34पोज़ीशन पे तो उन्हें नहीं पता था की क्या चल।
- 8:37रहा है क्यों है? क्यों?
- 8:38बस दुखी थे, एक वॉइड था जो ज़िन्दगी में नहीं भर पा रहा था।
- 8:42उनके साइकोलॉजिस्ट के द्वारा जब उन्हें बताया गया कि मेरे हिसाब
- 8:46से तुम्हारी। ज़िन्दगी में ना?
- 8:48ज़िन्दगी से और शायद किसी एक। इंसान से वो प्यार।
- 8:51की कमी है। जीस दिन वो कमी पूरी हो जाएगी उस
- 8:54दिन शायद तुम खुश हो जाओगे पर अब ऐसा तो नहीं है ना की किसी ने
- 8:58तुम्हे। बोला तो तुम सीधे निकल लिए, बाजार
- 9:00से एक किलो प्यार लेने नहीं ले सकते।
- 9:02हो ना? नहीं मिल सकता है ऐसे प्यार प्यार
- 9:04कोई ऐसी चीज़ नहीं है ना मार्केट में मिलती जैसे बुद्धि।
- 9:07अब तुम्हारे पास नहीं है तो मैं उसका मजाक थोड़ी ही उड़ा रही हूँ,
- 9:09है ना मतलब वो तो ठीक है कोई? भगवान नहीं थी, कोई दिक्कत नहीं
- 9:13है ना तो उनकी जिंदगी में प्यार नहीं था।
- 9:15तो क्या करते वो? बाहर जाके ढूँढ़ते नहीं।
- 9:18वो बस कोशिश कर सकते थे कि शायद उनसे 1 दिन प्यार ठकराया जाए।
- 9:24देव भगवान पे बहुत भरोसा करता था। तो 1 दिन वो मंदिर गया एंड ही सैड
- 9:28यार भगवान मुझे नहीं पता की क्या प्रॉब्लम चल रही है मेरे साथ या
- 9:32क्यूँ दुखी हूँ इतना बस इतना पता है की मुझे अब दुखी नहीं रहना है
- 9:36यार मुझे खुश रहना है और मुझे खुश कर दो भाई प्लीज़ कैसे भी कुछ भी
- 9:41करो, बस मुझे ठीक कर दो यार मुझे नहीं रहना है और वही उसकी।
- 9:46पीछे से मंदिर की। घंटी बजी जैसे।
- 9:49मानो भगवान ने कहा हो जाओ वाच सुन ली तुम्हारी बात तो उसने मुड़ कर
- 9:55देखा एंड इट वास् माया। अब वो माया को थोड़ा सा तो जान ही
- 9:59गया था, उस साइकोलॉजी ग्रुप की वजह से ही तो ही सैड हैलो माया।
- 10:04शी सैड ओह देव। तुम यहाँ।
- 10:06तो ही सैड हाँ, बस मंदिर आना मुझे पसंद है।
- 10:09सुकून मिलता है तो माहिर ने कहा मुझे सच बताऊँ तो ऐसा कुछ पसंद
- 10:14नहीं है। बस ये है कि ठीक है मतलब आ जाती
- 10:17हूँ मंदिर कर लेती हूँ इनसे शिकायतें क्योंकि देखो मुझे ना
- 10:21बहुत गुस्सा आती है भगवान पे उसने बोला ऐसा क्यों बोल रही हो?
- 10:24अरे यार ऐसा क्यों बोल रही हूँ? क्या पहले अनाथ बना दिया लोगों के
- 10:27पास माँ बाप होते हैं, यहाँ पता ही नहीं है माँ बाप कौन थे फिर भी
- 10:31ज़िन्दगी काट ली, फिर भी कोशिश कर रहे थे इस गाड़ी में धक्का देने
- 10:34की लेकिन फिर भी भगवान तो ये चाह रहे है की नहीं पेट्रोल खत्म।
- 10:37नहीं हो जाए इसके गाड़ी का। समझ ही नहीं आता यार अब सब।
- 10:40कहते है की अरे ये तो सब के परम पिता है, इनसे तो कुछ भी मांगो।
- 10:44सब प्यार से बात भी कर। सकते है, लेकिन।
- 10:46मुझे नहीं लगता। मैं तुमसे बात करती।
- 10:48हूँ। मुझे तो रिप्लाय ही नहीं।
- 10:49देते कभी सुधे ने कहा पता। है वो रिप्लाय देते भी होंगे ना?
- 10:55तो शायद तुम्हे कभी समझ नहीं आता होगा हाँ।
- 10:58कभी कभी थोड़ा। देर हो जाती है लेकिन सुनते सबकी
- 11:01है वो हम सब उनके बच्चे हैं आखिर। हाँ मैं चाहूँ तो मैं भी गुस्सा
- 11:05हो सकता। हूँ की यार मेरी भी तो ज़िन्दगी
- 11:06सही नहीं चल रही है। आखिर तुम तो जानती ही हो लेकिन।
- 11:09फिर भी कहीं ना कहीं शायद यही आके सुकून मिलता है।
- 11:13वो माँ बाप पाला सा आया इनसे मिलता है मुझे, शायद धीरे धीरे
- 11:17तुम्हें भी मिले एंड माया सैड पता नहीं यार लोग आते हैं तो मैं भी आ
- 11:21जाती हूँ बस कभी जब भी। यहाँ प्रसाद बहुत अच्छा मिलता है,
- 11:24वैसे ही सैड तुम प्रसाद के लिए आते हो ही सैड हाँ मतलब हाँ कह
- 11:30सकते हैं। फिर उसने बोला अच्छा क्या कर रहे
- 11:32हो तुम आज? तो ही सैड।
- 11:34यार कुछ भी नहीं वही। अपने डिप्रेशन से जूझ रहा हूँ।
- 11:37तो उसने कहा देखो है तो मेरे पास भी नहीं, कुछ करने को तो चलो।
- 11:42ऐसे ही चलते है घूमने गई तो उसने कहा घूमने और पैसे तो शी सैड,
- 11:48देखो ₹100 है तुम्हारे पास? उसने कहा।
- 11:50हाँ, इतने तो है। मतलब जॉब छोड़ दी है बट हाँ, कुछ
- 11:53सेविंग्स तो है मेरे पास तो शी सैड हाँ तो 100 तुम्हारे पास है
- 11:57100 मेरे पास है, ठीक है, 200। रुपए में तो बहुत कुछ हो जाता है।
- 12:01ही सैड। ₹200 में?
- 12:03उसने कहा, चलो ना बताती हूँ। फिर वो पहले पानीपुरी के ठेले पे
- 12:07गए क्योंकि माया को सिर्फ वही एकलौती ऐसी चीज़ थी जो।
- 12:10इतनी डिप्रेशन वाली? ज़िन्दगी में भी ना कुछ कर दिया
- 12:13रहती। थी।
- 12:14तो वो पहले वहाँ गए दोनों। ने 1010 के गोल गप्पे खाये फिर।
- 12:18उन्होंने सोचा कि 10 के और ले लेते हैं आधे तुम खा लेना आधे मैं
- 12:21खा लूंगी। और इसके बाद वो चाय की टपरी पे
- 12:24गए। थिस इस बेसिक्ली यू नो व्हाट आई
- 12:25हॅव डेड काइंड ऑफ़ ऐडिया इन मैं मैएंड की ₹200 में हो जाएगा थिस
- 12:29इस बेसिक्ली व्हाट आई ऍम पुटिंग राइट नाउ?
- 12:31तो उन्होंने फिर चाय। पी।
- 12:331010। रुपए की पड़ी एक।
- 12:34दम अच्छी चाय। उसके बाद भी उनके पास अभी भी पैसे
- 12:39बाकी थे। कितने 100?
- 12:4160। ओके, तो उसके।
- 12:44बाद वो थोड़ा और खाये पिए और फाइनली पूरा दिन एक दूसरे के साथ
- 12:48घूमने के बाद उन्हें समझ आया की यार।
- 12:51अकेले रहने से बेहतर होता है। पता है किसी का साथ होना अकेले
- 12:55रहते हैं तो दिल में वही ख्याल रहते हैं, वही घूमते रहते हैं,
- 12:59लेकिन आज तुम मेरे साथ थे तो पता ही नहीं चला कब निकल गया एंड देव
- 13:04ने कहा यार सच कहा तुमने मुझे भी नहीं पता चला आज अदर्वाइज़ तो दिल
- 13:08में हज़ारों ख्याल ही आ जाते हैं बेफिजूल के ने कहा?
- 13:11वी कैन ट्राई इट पता है हम डेली एक दूसरे से मिल सकते है देखो
- 13:14फिलहाल तो मैं भी फारिक हूँ, मेरे पास भी कोई काम नहीं है।
- 13:17हमारे पास भी कोई काम नहीं है तो हम मिल सकते है।
- 13:21वैसे एक दूसरे से तो उसने कहा ठीक है।
- 13:23ये भी सही है। तो हम एक काम करते है 7 दिन ना एक
- 13:27दूसरे से लगातार मिलते है। देखते हैं, हो सकता है हमें कोई
- 13:30इम्प्रूवमेंट हो जाए। हो सकता।
- 13:31है। ज़िन्दगी को जीने की कोई चाहत मिल
- 13:33जाए, उसने कहा। ठीक है, व्हाई नॉट?
- 13:37उसके बाद उन्होंने अगले दिन वो दोनों मिले एंड दे सैड की आज एक
- 13:40रेस्टोरेंट में चलेंगे ठीक है और एक काम करते हैं कि रैंडमली
- 13:46ढूंढ़ते हैं। हम किसी भी तुम किसी।
- 13:49लड़की को ढूंढना, मैं किसी लड़के को ढूंढती हूँ।
- 13:51देखते हैं कौन किसे पटा पाता है तो ही सैड, अरे यू मैड तुम?
- 13:55चाहती हो हम ऐसे जाके सीधा और किसी को?
- 13:58पटाए उसने कहा मज़ा आएगा यार राइट।
- 14:00ना तो उसने कहा ठीक है, चलो ठीक है।
- 14:03और। उसके बाद दोनों।
- 14:04देखेंगे कि किसने ज्यादा अच्छा लड़का या लड़की पटाई।
- 14:07दे बोथ लाफ़ेड़। ऐट दी स्टुपिड फ्लैट।
- 14:09पर ठीक है ना यार कोई चीज़ अगर तुम्हें हंसा रहे कोई चीज़
- 14:12तुम्हें खुशी देगी तो क्या दिक्कत है?
- 14:14ठीक है ट्राई कर लो वो दोनों गए फिर देखा माया ने की एक लड़का
- 14:18अकेले बैठ कर अपने लैपटॉप पे कुछ काम कर रहा था।
- 14:21शी वेन्ट स्ट्रेट टु हिं एंड सैड। है कैन यू सीट हियर?
- 14:24वो माया सुन्दर। थी देखने में।
- 14:26तो उसने उस। चीज़ का फायदा।
- 14:27उठाया एंड ही सैड। व्हाय शुर व्हाय नॉट?
- 14:31तो फिर? वो ऐसे उससे बात करने।
- 14:33लगी एंड देन ओके दे क्लिक्ड ओके की अच्छा ओके थिस इस व्हाट यू डू?
- 14:36लेकिन माया को ना मतलब वो जो ट्रू सेल्फ थी वो उसको नहीं दिखा पा
- 14:41रही थी। क्योंकि देव को पहले ही दिन शी
- 14:44रियलाइज की नहीं नहीं। इसके सामने तो।
- 14:45जो है वो है पर उस लड़के के सामने शी।
- 14:48वास् नॉट दी वे शी वास्। वहीं दूसरी ओर देव को एक और।
- 14:52लड़की मिली। चश्मच।
- 14:54थी। थोड़ी प्यारी सी क्यूट सी लग रही
- 14:56थी। और।
- 14:57अपने हाथ में तीन कप लेती हुई जा रही थी, जो कि उससे संभाले संभले
- 15:01नहीं जा रहे थे। सो ही सैड।
- 15:03कैन आई हेल्प यू एंड? उसने कहा थैंक यू।
- 15:08उसने कपू से दिया एंड देन वो फिर एक टेबल पे गए जहाँ उसके और दोस्त
- 15:12बैठे थे एंड ही सैड कैन आई एन्जॉय नहीं हो गाइस?
- 15:15वो ऐसे बैठ गया। रोज़ लड़की से थोड़ी।
- 15:17देर बात करने लगा लेकिन वो बार बार मूड के देख रहा था कि माया
- 15:21किस्से बात कर रही। है एंड ही गॉट ए बिट जेलस की।
- 15:23ये क्या इस लड़के से बात कर रही है तो वहाँ से?
- 15:25उठा उन लड़कियों से आंधी बात छोड़ के।
- 15:28बीच में एंड ही सैड माया। चलो चलो चलो एंड माया वास् लाइक
- 15:31अरे, मेरा बंदा, मैं बात कर। रही हूँ यार, उससे एंड ही सैड अरे
- 15:34हो गया आज का चलो यहाँ से। और वो उसे वहाँ से ले गया तो माया
- 15:38सैड। अरे यू जेलस तुम वो बहुत है इस
- 15:41बात पे तुम उससे जेलस हो। रहे थे।
- 15:44अरे यार मैं तो ऐसे ही अपना ये चैलेंज चैलेंज।
- 15:46खेल रहे थे, ना ही इस डेफिनिट्ली नॉट दी काइंड ऑफ़ पर्सन आई वुड गो
- 15:50आउट विथ। तो उसने बोला तुम कैसे इंसान को
- 15:53पसंद करना? चाहोगे तुम, शी सैड।
- 15:55अरे, कोई टिक बॉक्स। थोड़ी है यार वो तो कोई भी इंसान
- 15:58हो सकता है कोई भी मतलब मैं थोड़ी ये सोचूंगी कि अच्छा?
- 16:02ऐसा इंसान होना चाहिए हाइट ये होनी चाहिए और कलर ये होना।
- 16:06अरे यार फिर वो सोचा समझा प्यार थोड़ी होता है, वो तो
- 16:10रिक्वायरमेंट्स होती है कंपनी के लिए कोई।
- 16:12भर्तियां थोड़ी हो रही है। इचार थोड़ी लगी हूँ मैं।
- 16:16तो वो दोनों हँसे एंड देन ही सैड। बात तो तुम्हारी सही है तब किसके
- 16:20साथ कहाँ कैसे वक्त निकल जाए बस अच्छे से निकल जाए वही काफी होता
- 16:24है। इंसान अच्छा होना चाहिए, काइंड
- 16:27होना चाहिए। बस ये सब और चीज़े तो मैटर ही
- 16:31नहीं करती, ठीक है ना? फिर दोनों फिर से वही।
- 16:34पूरे दिन ऐसे ही घूमते रहे और शाम को जब माया का अपने घर जाने का
- 16:40टाइम हुआ, वो फ्लैट में एक दोस्त के साथ रहा करती थी तो शी
- 16:44रियलाइज़्ड कि देव के साथ वो खुश रहती थी।
- 16:48हस्ती। थी।
- 16:50खुद होती थी जैसी वो थी। उसे ये नहीं होता था की अरे मुझे
- 16:54मेरे बाल खोलने है, मैं सुन्दर नहीं लग रही हूँ या फिर उसे ये
- 16:57नहीं होता था की वो मैंने कपड़े अच्छे नहीं पहने।
- 16:59क्या उसे बस एक कंफर्ट था और तुम जिससे भी प्यार करो ज़िन्दगी में
- 17:04उस इंसान के साथ तुम्हे वो कंफर्ट महसूस होना चाहिए क्योंकि ये
- 17:09फिजिकल अपीयरेंस ये पैसा, शोहरत, दौलत सब चली जाएगी, लेकिन वो
- 17:14कंफर्ट ज़िन्दगी भर साथ रहना चाहिए।
- 17:18तुम्हारी ज़िन्दगी को कंफर्टब्ल बनाने के लिए वो इंसान के साथ
- 17:22तुम्हारा कंफर्टब्ल रहना बहुत जरूरी है।
- 17:25रस्मे, प्यार, मोहब्बत, इश्क सब एक तरफ़ और कंफर्ट एक तरफ़।
- 17:30तुम जिससे प्यार करते हो, तुम्हें लगता है कि ये इंसान लाइफ पार्टनर
- 17:34बनने वाला है? उसके साथ तुम कंफर्टब्ल हो
- 17:37तुम्हारा दिल वो तेज़, तेज़, धक धक धक।
- 17:38नहीं करता उस इंसान के साथ। तुम्हारा।
- 17:41दिल शांत होता है। कि हाँ, ठीक है।
- 17:44ही इस दी वन और शी इस दी वन। जिसके साथ मैं मैं हूँ।
- 17:48और मुझे अपनी कोई भी हैबिट है, कोई भी बात बदलनी नहीं पड़ रही
- 17:52है। ऑल्टर नहीं करनी पड़ रही है।
- 17:54सामने वाला समझ जाएगा की ये मैं बोला या।
- 17:56रियल में बोला और। जज तो बिलकुल भी नहीं करेगा एंड
- 18:01दट इस व्हाट यू लव इस है ना तो धीरे धीरे देव और माया कोई चीज़
- 18:05समझ में आने लगी की उनका। एक दूसरे के साथ रहना बहुत
- 18:10कंफर्टब्ल था। उनकी ज़िन्दगी के लिए रादर थान
- 18:12अलग अलग जाना। देव भी जब अपने फ्लैट के लिए जाने
- 18:15लगा तो ही रियलाइज की माया को सिर्फ उसके फ्लैट पर छोड़ने से ही
- 18:20उसे कितना अजीब लगता था बुरा? लगने लगा था।
- 18:23की यार। ये मेरे साथ क्यों नहीं रह रही
- 18:25है? ऑल टाइम?
- 18:26अगर ये मेरे साथ रहेंगी तो। शायद मैं ज्यादा खुश।
- 18:28रहूँगा। एंड येस?
- 18:31दट। वास् दी केस।
- 18:32वो जब अपने साइकोलॉजिस्ट। के पास गए।
- 18:34अगली बार तो दोनों ने अपने दिल का हाल उसे बताया की यार मुझे नहीं
- 18:38पता, मैंने आपके साथ इतने सारे साइकोलॉजी सेशन्स लिए बट।
- 18:42इन सब सेशन्स को एक तरफ रख के और माया के साथ बिताया वक्त एक तरफ
- 18:47रखु तो शायद मैं ज्यादा खुश उसके साथ होता हूँ और सेम माया की बात
- 18:52थी। अब।
- 18:53साइकोलॉजिस्ट तो दोनों की सेम थी तो शी।
- 18:55हेर्ड बोथ ऑफ़ थेइर पॉइंट ऑफ़ व्यूस एंड शी वास् लाइक यही तो।
- 18:59मोटिव था ना? तुम दोनों पता है, इकलौते ऐसे
- 19:02इंसान थे उस पूरे ग्रुप में जिनको अपनी प्रॉब्लम नहीं पता थी,
- 19:06क्योंकि कोई प्रॉब्लम थी ही नहीं। तुम सिर्फ अकेले थे और तुम्हारा
- 19:11अकेलापन तुम्हे खा रहा था। बस और मैंने ना भगवान से मन्नत
- 19:17मांगी थी की। कैसे भी।
- 19:19तुम दो नमूनों को एक साथ कर दे, क्योंकि मैं तुम्हारी बातें सुन
- 19:22के समझ गई थी कि तुम से ज्यादा कम्पैटिबल इंसान कोई नहीं हो
- 19:26सकता। एक दूसरे के लिए एंड सी हियर।
- 19:28यू अरे? तो भगवान से मांगो तो मिल जाता है
- 19:31यार। तो वो दोनों बहुत खुश हुए।
- 19:34एंड देन। फाइनली दोनों ने एक दूसरे को अपने
- 19:37दिल की बात बताई। एंड दे बोथ वेर लाइक?
- 19:39हाँ तुम्हारे साथ रह के मुझे सुकून हासिल होता है, रहना चाहता
- 19:45हूँ मैं तुम्हारे साथ तुम हो वो मेरी परफेक्ट सी लाइफ पार्टनर
- 19:50वहीं माया ने भी कहा शायद हम दो पागल।
- 19:52मिलकर एक दूसरे के साथ ज्यादा अच्छे से रह।
- 19:55सकते हैं एंड या। कुछ सालों।
- 19:58बाद दे बोथ गॉट मैरिड? दोनों ने अपनी ज़िन्दगी।
- 20:01बहुत अच्छे से बताई दोनों ने अपने दोस्तों को थैंक यू।
- 20:04बोला जिनकी वजह से वो मिल पाए, अगर वो उन सेशन्स में नहीं जाते
- 20:08तो वो कभी नहीं मिल पाते। अब वो दोस्तों।
- 20:10का करना था या भगवान का, ये तो भगवान ही जाने।
- 20:14मैं कैसे बता सकती हूँ तो चलो। ये था इस कहानी का प्यारा सा
- 20:17हैप्पी एंड। अब तुम इतना रोए जा रहे थे इतने
- 20:20वक़्त से? मतलब तुमने मुझे पका दिया था पहले
- 20:24ये कह के। की दी हैप्पी एंडिंग बनाया करो,
- 20:27आप तो हैप्पी एंडिंग नहीं बनाती। हो ये वो उसके बाद जब हैप्पी
- 20:30एंडिंग बन रही है तो अब नहीं। नहीं दीदी हमे तो रोना है हमे तो
- 20:33रुलाओ अब तो बनाओ साइड कहानियों। सैड बना।
- 20:36दी तो फिर से तुम आ गए नहीं नहीं नहीं नहीं, ये हैप्पी एंडिंग पे
- 20:39ले आओ ज़िन्दगी तो ऐसे ही तबाही है तो कम से कम यहाँ।
- 20:42खुशी मिल जाए। हे भगवान कितने अनस्टेबल लोग हो
- 20:46ना तुम्हें भी एक साइकोलॉजिस्ट की जरूरत पड़ेगी।
- 20:48टेंशन मत लो इसीलिए तुम्हारी भाई तुम्हारी बहन डिग्री ले रही है
- 20:51साइकोलॉजी की की तुम्हें जल्दी से पर फ्री में कोई नहीं।
- 20:55आएगा। पैसे लगेंगे भाई और तुम लोगों से
- 20:57ना एक्स्ट्रा फीस लूंगी भाई मैं क्यों तुम्हें डबल सेशन्स दे रही
- 21:00हूँ? मैं इतने सालों से अभी तो बनी
- 21:01नहीं हूँ तो मैं अभी से सेशन्स दे रही हूँ, तुम्हें तो जब बन जाउंगी
- 21:04तो तुम्हें डबल पैसे देने पड़ेंगे ना?
- 21:06समझ रहे हो? अभी नहीं समझ रहा हूँ समझाऊंगी
- 21:08बैठ के चलो ये दाई इस कहानी का हैप्पी एंडिंग।
- 21:14मिलती हूँ तुम सगली कहानी में टिल देन टेक केयर एंड बाई।
- 21:17बाई एंड ऑल्सो अगर कोई भी प्रॉब्लम हो, कोई भी इश्यू हो तो
- 21:20यू कैन ऑलवेज कम अप टु मी। ऐट के हेच यु।
- 21:23अंडरस्कोर एस हेच इ आई अंडरस्कोर। पर।
- 21:27ऑल्सो वॅन मोर थिंग यार। यूट्यूब पे जल्दी से जाके ना बन
- 21:30के करो काहे के 800। बचपन समथिंग थे उधर।
- 21:34एंड आई ऍम इन ए कॉम्पिटिशन विथ समन्थ ओके?
- 21:36आई ऍम इन ए कॉम्पिटिशन विथ आई कांट टेल यू विथ होम बट येस आई ऍम
- 21:40सो जाओ, जाओ जाके उधर फॉलो करो सो दट आई कैन पोस्ट ए स्टोरी की रे
- 21:45ओय। ऐसा है, अच्छा, ठीक है और।
- 21:50उधर, क्या मैं पोस्ट अब मैं धीरे धीरे कोशिश कर रही हूँ कि मैं।
- 21:52उधर ना? जैसे स्टोरी से पहले का थोड़ा सा
- 21:55प्रोमो और पोस्ट डाल दिया करो तो अभी मेरा जो दिमाग है ना देखो भाई
- 21:58एक तो मेरे एग्ज़ैम चल रहे थे, आज खत्म हुए हैं।
- 22:01और दूसरे मेरे एग्ज़ैम। डिसेंबर में आने वाले हैं तो देखो
- 22:03मैं बहुत ज्यादा पर फिर भी मैं। कहानियों ला रही हूँ क्यों ला
- 22:06रही? हूँ पता है क्योंकि नींद नहीं आ
- 22:08रही है भाई बहुत दिनों से और नींद नहीं आती है तो कहानियों बनती है,
- 22:10फिर मैं सोचती हूँ कि जब है ही ये दिमाग में से निकले उससे पहले बना
- 22:13दूँ। अब ये।
- 22:14वाली जो मैंने आज जस्ट सुनायी है ना?
- 22:15तुम सोच भी नहीं सकते हो। रिकॉर्ड करने से 5 मिनट पहले मेरे
- 22:18दिमाग में आई है। मैंने सोचा कि चलो अभी मैं अकेली
- 22:20रहने वाली हूँ तो मैं कोई कहानी सोच लेती हूँ।
- 22:22रिकॉर्ड तब भी हो जाएगी। एंड देख रहे हो आउटकम तुम देख
- 22:25रहे? हो बुद्धिजीवी इंसान हूँ बारे
- 22:28में। ठीक है, ठीक है, मैं अपनी तारीफों
- 22:31के फूल भाग दूँ, उससे पहले ओके चलो भाई टेक केयर सॉरी सॉरी सॉरी
- 22:35बट वॅन मोर थिंग यार मैं तुम्हे एक बात बताना भूल गई थी।
- 22:38दरअसल मैंने अपने मन में सोच लिया था क्योंकि मैंने व्हाट्सएप,
- 22:42इंस्टाग्राम सब जगह डाल दिया था तो आई जस्ट फर्गॉट की।
- 22:44मैं तुम्हें बताना ही भूल गई कि हमारे फाइव के फॉलो।
- 22:47इस कंप्लीट हो गए डू यू नो। दट।
- 22:49है ना? और आई वास् सो हैप्पी दट डे।
- 22:51जब भी मैं देख। रही थी की ठीक है, अच्छा पांच के
- 22:53होने वाले हैं एंड देन आई वास् लाइक ओह हो गए दट, वास् वॅन ऑफ़
- 22:57दी बेस्ट। मोमेंट्स टु बी ऑनेस्ट।
- 23:00क्योंकि मैंने जब ये पोडकास्ट शुरू की थी, कई दफ़ा बता चुकी पर
- 23:02मुझे मज़ा आता है। तो मुझे नहीं लगा था, चलने।
- 23:05वाली है और सिर्फ एक ख्याल था। है ना और मैं इतनी लेज़ी इंसान
- 23:09हूँ एसआइ ऑलवेज। सैड कि भाई मैं नहीं बना पाती हूँ
- 23:11स्क्रिप्ट वगैरह मेरा तो ये है कि ठीक है, ठीक है, बन गए गाने डाल
- 23:14दो तो मतलब ये रहता है और जब तुम। ऐसा कुछ करो और।
- 23:19उसमें तुम्हें अगर कामयाबी मिले तो देन इट फील्स सो हैप्पी मुझे
- 23:23बहुत खुशी मिलती है कि एक तो मुझे तुम लोग मिलते जा रहे हो ऊपर से।
- 23:27हाँ थोड़ा बहुत यू नो लोगों को लगता है की वो आई ऍम फेमस, दो आई
- 23:30ऍम नॉट। सच में नहीं।
- 23:31हूँ मैं कोई फेमस अभी तो तुम्हें लगता है पता नहीं क्यों लगता है
- 23:36बट व्हाटएवर इट मेक्स मी फील हैप्पी सो थैंक यू वेरी मच तुम
- 23:40लोग नहीं होते तो शायद नहीं बन पाते इतने मतलब इतनी बड़ी।
- 23:44फैम्ली नहीं बन पाते हम? आई होप हम और बड़ी फैमिली बनें
- 23:48नॉट बिकॉज़। ये कहानियों चले, बट बिकॉज़ ये
- 23:50मेड भी अगर किसी। एक बंदे की भी हेल्प हो।
- 23:52पाती है तो आप मुझसे ज्यादा खुश कोई नहीं हो सकता।
- 23:54आई ट्रस्ट मी? क्योंकि मैं तो चाहती।
- 23:57हूँ भाई कि मेरी वजह से कोई? एक बंदा खुश भी हो जाता है तो ना
- 24:00आई फील कि। चलो आई हॅव डॉन समथिंग ज़िन्दगी
- 24:02में जिंदा रह के। तो मैं बहुत खुश होती।
- 24:04हूँ तो बस। हमारे छोटा सा परिवार बड़ा समझ
- 24:07जाये और हम सब बस। खुश।
- 24:09रहे मुझे यू नो। फॉलोवर्स से ज्यादा मेरी फैम्ली।
- 24:12इम्पोर्टेन्ट है जो की तुम लोग हो।
- 24:14तो मैं खुश हूँ। की हम इतने सारे लोग है सब एक
- 24:17दूसरे को जब मैं ग्रुप में देखती हूँ की सब एक दूसरे को मोटीवेट
- 24:19करते रहते है। कोई किसी को कुछ बोलता रहता है
- 24:21कभी हस्ते भी हो तुम लोग कभी कोई आर्गुमेंट भी करने लग जाते हो तो
- 24:24कभी। तो मतलब अच्छा लगता है भाई मेरे
- 24:27को सो आई ऍम वेरी हैप्पी टु हॅव यू गाइस लव यू ऑल टेक केयर बाई
- 24:31बाई एंड थैंक यू। थैंक यू वेरी मच।
- 24:34टु गीव मी समथिंग टु फ्लेक्स चलो बाई तो तीसरी बार जनता की भारी।
- 24:40आई ऍम बेक। क्योंकि तुम लोगों ने मुझे कहा था
- 24:43कि दी आप जब बहुत ज्यादा खुश हो तो कभी जभी एक आध गाना सुना दिया
- 24:46करो तो आज तुम्हे बहुत खुश थी क्योंकि फाइव के वाला सीन था तो।
- 24:51गाना सैड है। बट।
- 24:52इट इस वॅन ऑफ़ दी सॉन्ग आई हॅव एवर हेर्ड सो सुनो।
- 24:56जीस राह पे। अक्सर वहाँ से हाँ, मैं हूँ
- 25:04दूसरा। शायद यही दिल में।
- 25:09रहा तू मुझको मिल जाए क्या पता क्या है ये माजरा?
- 25:21जानू ना मैं जानू ना संभ जा ज़रा। फिर।
- 25:33मोहब्बत करें चला रहे तू। यह रुख जा ज़रा फिर मोहब्बत करने
- 25:48चला। है।
- 25:50तू ओके बाई।